पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी चुनाव परिणाम के बाद मीडिया से बात करती हुई, साथ में उनके भतीजे अभिषेक बनर्जी | फोटो: PTI
विधान सभा चुनाव के नतीजों से अगले दिन यानी मंगलवार को विपक्षी नेताओं ने निर्वाचन आयोग पर केंद्र में सत्तारूढ़ दल के इशारे पर काम करने का आरोप लगाया है। तृणमूल कांग्रेस प्रमुख ममता बनर्जी ने मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा देने से इनकार करते हुए कहा कि यहां जनमत नहीं, बल्कि एक साजिश के तहत चुनाव जीता गया है।
भाजपा ने बंगाल में 294 में से 207 सीटों पर जीत हासिल की, और असम में भाजपा-नीत गठबंधन ने 126 में से 102 सीटें जीतीं। बंगाल में भाजपा के शुभेंदु अधिकारी को अगले मुख्यमंत्री की दौड़ में सबसे आगे माना जा रहा है। उन्होंने 2021 में नंदीग्राम से और अब भवानीपुर से ममता को हराया है। वह मौजूदा विधान सभा में विपक्ष के नेता थे।
भाजपा ने घोषणा की है कि पश्चिम बंगाल में 9 मई को रवींद्रनाथ टैगोर की जयंती के अवसर पर नई मंत्रिपरिषद शपथ लेगी। यहां केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह विधायक दल के नेता यानी संभावित मुख्यमंत्री के चयन के लिए पार्टी के केंद्रीय पर्यवेक्षक होंगे। असम में विधायक दल के नेता के चयन के लिए केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा को पार्टी का केंद्रीय पर्यवेक्षक नियुक्त किया गया है।
तमिलनाडु में कांग्रेस महासचिव केसी वेणुगोपाल ने कहा कि विजय के नेतृत्व वाली तमिलगा वेट्री कझगम (टीवीके) ने राज्य में सरकार बनाने के लिए पार्टी के समर्थन का अनुरोध किया है। टीवीके 108 सीटों के साथ सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी है, जो बहुमत के आंकड़े से 10 कम है। कांग्रेस को पांच सीटें मिली हैं। कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने सोमवार को विजय को फोन कर जीत की बधाई दी थी। सूत्रों ने कहा कि विजय इस सप्ताह के अंत में एक सार्वजनिक समारोह में शपथ ले सकते हैं।
दूसरी ओर, कोलकाता में कार्यवाहक मुख्यमंत्री और तृणमूल सुप्रीमो ममता बनर्जी ने मंगलवार को संवाददाता सम्मेलन में कहा कि वह इस्तीफा देने लोक भवन नहीं जाएंगी। उन्होंने दावा किया कि यह जनादेश जनमत नहीं, बल्कि साजिश का परिणाम है। संविधान के अनुच्छेद 164 (1) के अनुसार, मुख्यमंत्री की नियुक्ति राज्यपाल द्वारा की जाती है,जो मुख्यमंत्री और राज्य सरकार को बर्खास्त कर सकता है। मौजूदा बंगाल विधान सभा 7 मई को समाप्त हो रही है। इसके बाद अगली सरकार का गठन हो सकेगा। पद से हट रहे मुख्यमंत्री द्वारा राज्यपाल को अपना इस्तीफा सौंपना लोकतांत्रिक परंपरा का हिस्सा है और संविधान द्वारा अनिवार्य नहीं है। बंगाल के राज्यपाल आर. एन. रवि हैं।
कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने मंगलवार को अपनी पार्टी के नेताओं से तृणमूल की हार पर कोई भी टिप्पणी नहीं करने की हिदायत दी। उन्होंने सोशल मीडिया पर पोस्ट किया, ‘उन्हें यह स्पष्ट रूप से समझना चाहिए- असम और बंगाल के जनादेश की चोरी भाजपा द्वारा भारतीय लोकतंत्र को नष्ट करने के अपने मिशन में एक बड़ा कदम है।’ पश्चिम बंगाल में सोमवार को प्रचंड जीत के बाद भाजपा कार्यकर्ताओं ने राज्य भर में जीत का जश्न मनाया। इस बीच कई जगह तृणमूल कांग्रेस के कार्यालयों में आगजनी और तोड़फोड़ की घटनाएं हुई हैं। भाजपा नेता राहुल सिन्हा ने इन घटनाओं में पार्टी कार्यकर्ताओं के शामिल होने के आरोप को खारिज कर दिया।
(साथ में एजेंसियां)