भंडार घटने से हल्दी की कीमतों में कमी
हाजिर बाजार में मांग में आई तेजी और गोदामों का भंडार घटने से वायदा कारोबार में मसाले की कीमतों में बढ़ोतरी दर्ज की गई। नैशनल कमोडिटी एंड डेरीवेटिव्स एक्सचेंज (एनसीडीईएक्स) में जनवरी अनुबंध का जीरा 49 रुपये बढ़कर 10,539 रुपये प्रति क्विंटल हो गया। इसका कारोबार 75 टन का हुआ। फरवरी सौदे में भी 65 […]
असम के छह जिलों में बर्ड फ्लू का कहर
पंद्रह दिनों पहले असम के कामरुप जिले के एक गांव में सबसे पहले बर्ड फ्लू का पता लगाया गया था और अब छह जिलों में इसके फैलने से चिंताएं बढ़ गई हैं। केंद्रीय पशुपालन और पशुचिकित्सा विभाग के सचिव एन गोकुलराम ने बताया कि छह जिलों में नौ जगहों पर इस खतरनाक विषाणु का प्रकोप […]
लौह अयस्क की कीमतों में बढ़ोतरी चीन को नापसंद
पिछले कुछ साल से विश्व की तीन बड़ी खानों द्वारा लौह अयस्क की कीमतों में की गई भारी बढ़ोतरी चीन को पसंद नहीं आई है। अब एक बार फिर चीन ब्राजील की वेल और एंग्लो-ऑस्ट्रेलियाई कंपनी बीएचपी लिटिन और रियो टिंटो को जबाव देने जा रहा है। अप्रैल 2009 में शुरू होने वाले सीजन के […]
कैसे बरकरार रहे नौकरी!
कुछ महीने पहले की ही बात है जब डिपार्टमेंटल स्टोर चेन ‘शॉपर्स स्टॉप’, अपने यहां कर्मियों की नियुक्ति के लिए रोजगार मुहैया कराने वाली निजी एजेंसियों की तलाश करती थी। लेकिन अब वक्त बदल चुका है। रोजगार मुहैया कराने वाली निजी एजेंसियां उन कंपनियों की तलाश में जुटी हैं जो नौकरी दे सकती हैं। शॉपर्स […]
नए साल के स्वागत के लिए तैयार है ट्राइडेंट
मुंबई के ट्राइडेंट होटल को आतंकवादी हमले के लगभग एक महीने बाद दोबारा से खोलने की तैयारियां जोर शोर से चल रही हैं। सबसे अधिक कौतूहल इस बात को लेकर है कि क्या होटल को अतिथियों का पहले जैसा स्नेह मिल पाएगा। दरअसल 21 दिसंबर को ट्राइडेंट को मेहमानों के लिए फिर से खोला जा […]
बर्ड फ्लू का आतंक, फिर से
अभी तीन हफ्ते पहले ही तो सरकार ने मुल्क को खतरनाक बर्ड फ्लू से पूरी तरह से मुक्त घोषित किया था। ऐसे में असम में मुर्गियों के बीच खतरनाक बर्ड फ्लू वायरस का पाया जाना, सरकार की जैविक सुरक्षा नीति में खामियों को दिखलाता है। यह खतरनाक वायरस कामरूप (ग्रामीण) जिले में सबसे पहले मिला […]
कामगारों के आंकड़े के बिना बेमानी हैं नियम
क्या आपने लचीलेपन और सामाजिक सुरक्षा (फ्लेक्सिक्यूरिटी) के बारे में सुना है? मंदी के दौर में यह विकसित देशों का मंत्र है। इसका मतलब यह हुआ कि जिसमें औद्योगिक कानूनों में लचीलापन हो और इससे उद्योग जगत अपने खत्म हो रहे फंड की स्थिति में चतुराई दिखा सके और उन लाखों मजदूरों को सुरक्षा मिल […]
नई उम्मीदों को भी साथ लेकर आएगा नया साल
एक उभरती हुई अर्थव्यवस्था में रहने का अपना अलग रोमांच है। यहां अवसरों की कमी नहीं रहती। फैक्टरियों में से हमेशा धुआं निकलता रहता है। यहां नौकरियों की नहीं, बल्कि लोगों की कमी रहती है। यहां कीमतें तो चढ़ती रहती है, लेकिन साथ में लोगों और कंपनियों की आमदनी भी बढ़ती है। यहां हरेक कंपनी […]
वोल्टास: मांग पड़ी ठंडी
यह फर्म इस समय कुछ प्रोजेक्टों पर काम करने में अपने आपको असमर्थ पा रही है क्योंकि ग्राहक नकदी के संकट से जूझ रहे हैं। इंजीनियरिंग फर्म वोल्टास के लिए स्थितियां लगातार कठिन होती जा रही हैं। इस बारे में प्रबंधन का कहना है कि ग्राहक इस समय नकदी के संकट का सामना कर रहे […]
एचएफसी पर भी दरों में कटौती करने का दबाव
सरकारी बैंकों की ओर से आवासीय ऋण पर ब्याज दरों में कटौती के बाद घरों के लिए कर्ज देने वाली कंपनियों (एचएफसी) पर भी ब्याज दरें घटाने के लिए दबाव बढ़ गया है। एचएफसी को मुकाबले में बने रहने के लिए अब दरों में कटौती पर सोचना ही पड़ेगा। उल्लेखनीय है कि सभी सरकारी बैंकों […]
