क्या होगा सहारा का भविष्य
सहारा मामले में भारतीय रिजर्व बैंक के फैसले का मतलब है कि कुछ ही समय में अब सहारा अब गैर-बैंकिंग वित्तीय कंपनी नहीं रह जाएगी। हालांकि, कंपनी दूसरे सभी कारोबारों से पहले की तरह ही जुड़ी रहेगी। यह परिवर्तन एक ही रात में होना मुमकिन नहीं है और इसमें कुछ समय लगेगा। आरबीआई ने एक […]
बच नहीं सकते जनाब, देना ही होगा पीड़ितों को मुआवजा
वर्तमान औद्योगिक युग में कंपनियां भीड़ भाड़ वाले इलाकों में भी हानिकारक और जोखिम भरे उत्पादों का उत्पादन करती हैं या फिर उनकी एक जगह से दूसरी जगह ढुलाई करती है। पर आम लोगों से इस बात की अपेक्षा नहीं की जा सकती है कि वह समझें कि उनके पड़ोस में कितना खतरनाक खेल खेला […]
आकस्मिक देनदारियों का भी रखा जाए खयाल
भारत में बजट पेश करते समय नकद राशियों का प्रावधान तो ठीक है पर अगर आकस्मिक स्थिति के लिए कोई पुख्ता व्यवस्था भी की जाए तो पारदर्शिता भी बढ़ेगी और यह सुधार की दिशा में भी बड़ा कदम होगा। भारत में यह परंपरा बन गई है कि आकस्मिक खर्च के लिए नकदी की व्यवस्था नहीं […]
प्राइवेट बैंकों ने कर्मचारियों पर खूब लुटाया
तेज गति से बढ़ती अर्थव्यवस्था की जरूरतों समेत अपनी शाखाओं के विस्तार के मद्देनजर प्राइवेट बैंक कर्मियों की भर्ती में सबसे आगे रहे हैं। सार्वजनिक क्षेत्रों के बैंकों द्वारा कर्मियों की नियुक्ति में सालाना महज 2.75 फीसदी की बढ़त के मुकाबले प्राइवेट बैंकों में कर्मियों की नियुक्तियों में 40 फीसदी सालाना की दर से बढ़ोत्तरी […]
रैनबैक्सी: फाइजर से सुलह
रैनबैक्सी के निवेशकों ने डायची सान्क्यो के द्वारा कंपनी की खरीद को पहले ही स्वीकृति प्रदान कर दी है और अब इन निवेशकों के पास विकल्प होगा कि वे इस स्टॉक की बिक्री 737 रु की आर्कषक कीमत पर कर सके। फाइजर से एक जेनेरिक दवा के मामले में चल रही तकरार से सुलटने से […]
आठ महीनों में 80,000 करोड़ की बिकवाली
पिछले अक्तूबर में बाजार नियामक भारतीय प्रतिभूति एवं विनिमय बोर्ड द्वारा पार्टिसिपेटरी नोट पर सर्कुलर जारी करना भी विदेशी संस्थागत निवेशकों द्वारा बिकवाली शुरू करने के पीछे एक एक बड़ा कारण रहा है। विशेषज्ञों के अनुसार कम से कम कुछ ऐसी इकाइयां जो भारतीय शेयर बाजार में अपेक्षाकृत अच्छा प्रदर्शन कर रही थी उसने भी […]
एलआईसी 45,000 करोड़ रुपये लगाना चाहती है बाजार में
शेयर बाजार में स्थिरता भारतीय जीवन बीमा निगम (एलआइसी) के लिए शेयर बाजार में निवेश करने के दृष्टिकोण से महत्वपूर्ण है। एलआईसी भारत का सबसे बड़ा घरेलू संस्थागत निवेशक है। शेयर बाजार में अनिश्चितता के माहौल को लेकर एलआईसी सतर्क है। इस साल एलआईसी शेयर बाजार में 45,000 करोड़ रुपये का निवेश करना चाह रही […]
निवेशकों को लुभाने की सेबी की कोशिश
बाजार नियामक सेबी के चेयरमैन सी.बी. भावे ने ज्यादा से ज्यादा पूंजी आवक को आकर्षित करने के लिहाज से छूट को वैध करार दिया है। इसके अलावा उन्होंने म्युचुअल फंड से संबंधित मसलों को हल करने के लिए एक अलग कमिटी बनाने की भी बात कही है। मालूम हो कि जनवरी 2008 से छूट को […]
म्युचुअल फंडों को भी मार रही है महंगाई
अगर प्राइसवाटरहाउसकूपर्स और सीआईआई द्वारा संयुक्त रुप से जारी रिपोर्ट का हवाला लिया जाए तो म्युचुअल फंड कंपनियों पर परिचालन लागत का बोझ लगातार बढ़ता जा रहा है। म्युचुअल फंड सम्मिट 2008 के दौरान जारी की गई इस रिपोर्ट में स्पष्ट रुप से कहा गया है कि बढ़ती परिचालन लागत को नियंत्रण में रखना आज […]
निफ्टी 4480 से नीचे लुढ़का तो बढ़ सकता है खतरा
बाजार के जानकारों का मानना है कि निफ्टी 4500 के स्तर के आसपास टिका रह सकता है और आगे कमजोरी तभी आएगी जब यह 4480 के स्तर से नीचे बंद होगा। निफ्टी के कारोबारियों को उम्मीद है कि इन स्तरों पर निफ्टी को सपोर्ट मिलेगा क्योंकि गुरुवार के दिन की सारी शार्ट पोजीशन आखिर में […]
