हिमाचल में प्रतिभा की ताजपोशी और अगले चुनाव में कांग्रेस की संभावना
यह तथ्य है कि भारतीय राजनीति में विधवा स्त्रियां अपने पति के काम का श्रेय लेने की बेहतर स्थिति में होती हैं। कई बार तो अपने बेटों से भी अधिक। हिमाचल प्रदेश के पूर्व मु यमंत्री और बाद में केंद्रीय मंत्री रहे वीरभद्र सिंह की पत्नी प्रतिभा सिंह के मामले में भी यह बात सही […]
आत्मनिर्भरता की परिभाषा
दुनिया में कोई अर्थव्यवस्था ऐसी नहीं है जो ‘पूरी तरह अपने बलबूते पर हो’ और आत्मनिर्भर भारत वास्तव में आत्मनिर्भर नहीं है। नेहरू के दौर में जब आत्मनिर्भरता पर जोर दिया जा रहा था तब उसके चरम दौर में भारत मशीनरी से लेकर पूंजी और तकनीक से लेकर हथियार और यहां तक कि कलम भी […]
खरीद घटने से गेहूं निर्यात पर अनिश्चितता के बादल
व्यापार से जुड़े सूत्रों का कहना है कि भारत गेहूं के बड़े पैमाने पर निर्यात की योजना पर पुनर्विचार कर सकता है। उनके मुताबिक आटे की कीमतों में तेज बढ़ोतरी को रोकने के लिए इसकी जरूरत होगी, क्योंकि गेहूं की खरीद में कमी आई है और पहले के अनुमान की तुलना में उत्पादन कम रहने […]
तंबाकू : उत्पाद शुल्क-जीएसटी की संवैधानिक वैधता बरकरार
कर्नाटक उच्च न्यायालय ने तंबाकू और तंबाकू उत्पादों पर केंद्रीय उत्पाद शुल्क, राष्ट्रीय आपदा आकस्मिक शुल्क (एनसीसीडी) को वस्तु एवं सेवाकर (जीएसटी) के साथ लागू किए जाने की संवैधानिक वैधता बरकरार रखी है। न्यायमूर्ति आलोक अराधे और न्यायमूर्ति एस विश्वजीत शेट्टी के खंडपीठ ने दरअसल न्यायालय के पहले का आदेश बरकरार रखा है, जो […]
भारत कर सकता है 80-100 लाख टन गेहूं निर्यात
बीएस बातचीत गेहूं निर्यात परिदृश्य में एक महीने के भीतर व्यापक बदलाव आया है। नए रिकॉर्ड छूने की ओर ध्यान से हटकर अब निर्यात पर रोक को लेकर चर्चा होने लगी है। नीति आयोग के सदस्य रमेश चंद्र ने इन तमाम मसलों पर संजीव मुखर्जी से बात की। संपादित अंश… गेहूं की मांग व आपूर्ति […]
भारत और यूरोपीय संघ में 2024 तक व्यापारिक सौदा होने के आसार
भारत और यूरोपीय संघ (ईयू) 2024 तक व्यापक मुक्त व्यापार सौदे को अंतिम रूप देने को लेकर आशान्वित हैं। भारत में ईयू के राजदूत उगो अस्तूतो ने आज यह जानकारी दी। भारत और ईयू दोनों जगह 2024 में अगला आम चुनाव होने वाला है। इसी को मद्देनजर रखते हुए सौदे की समयसीमा तय की गई […]
टिकाऊ वृद्धि के लिए संरचनात्मक सुधार कीमत स्थिरता जरूरी : आरबीआई रिपोर्ट
देश में मध्यम अवधि में 6.5-8.5 फीसदी की टिकाऊ आर्थिक वृद्धि दर हासिल करने के लिए संरचनात्मक सुधार एवं कीमतों में स्थिरता होना बेहद जरूरी है। भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) की एक रिपोर्ट में यह कहा गया है। आरबीआई की वित्त वर्ष 2021-22 के लिए मुद्रा एवं वित्त पर जारी रिपोर्ट में यह भी कहा […]
मार्च में प्रमुख क्षेत्रों में जोरदार सुधार
मार्च में 8 प्रमुख बुनियादी ढांचा क्षेत्रों में तेज रिकवरी हुई है। इस पर भू-राजनीतिक तनाव बेअसर रहा और 14.4 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज हुई। बहरहाल आधार के प्रतिकूल असर के कारण प्रमुख क्षेत्र की सालाना वृद्धि पिछले साल के समान महीने की तुलना में 4.3 प्रतिशत कम है। उद्योग विभाग की ओर से जारी […]
एलआईसी आईपीओ में बड़ी फर्मों व बैंकों से निवेश पर नजर
भारतीय जीवन बीमा निगम (एलआईसी) अपना 21,000 करोड़ रुपये का आईपीओ सफल बनाने की हरसंभव कोशिश कर रही है। बीमा कंपनी को उ मीद है कि देश के बड़े कॉरपोरेट घराने और बैंक उसके आईपीओ में अपने आवेदन सौपेंगे। यह आईपीओ बुधवार को खुल रहा है। एलआईसी कई भारतीय कंपनियों में सबसे बड़ी गैर-प्रवर्तक शेयरधारक […]
एलआईसी को सार्वजनिक शेयरधारिता से छूट पर विचार
वित्त मंत्रालय न्यूनतम सार्वजनिक शेयरधारिता नियमों के अनुपालन की खातिर भारतीय जीवन बीमा निगम की हिस्सेदारी के विनिवेेश पर बाजार नियामक सेबी के साथ चर्चा करेगा। निवेश व सार्वजनिक परिसंपत्ति प्रबंधन (दीपम) के सचिव तुहिन कांत पांडे ने यह जानकारी दी। पांडे ने कहा, बाजार नियामक सेबी और आर्थिक मामलों के विभाग के साथ दीपम […]
