सरकार काफी अरसे से करदाताओं की स्थायी खाता संख्या (पैन) और उनके आधार क्रमांक को आपस में जोडऩे के लिए कह रही है। उसने कहा था कि 1 अप्रैल, 2022 तक जो करदाता अपने पैन को आधार से नहीं जोड़ते, उनके पैन काम करना बंद कर देंगे। मगर केंद्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड (सीबीडीटी) ने आखिरी […]
आगे पढ़े
सरकार की तरफ से आर्थिक रिकवरी को तेज करने के लिए पूंजीगत व्यय (कैपेक्स) को प्रमुखता दिए जाने के बावजूद लगता है कि केंद्र 31 मार्च को समाप्त हुए वित्त वर्ष में पूंजीगत व्यय के लक्ष्य से चूक गया। लेखा महानियंत्रक के आंकड़ों से पता चलता है कि आवंटित 6 लाख करोड़ रुपये में से […]
आगे पढ़े
भारत ने कृषि उत्पादों के आयात पर इंडोनेशिया के साथ विवाद समाप्त करने के लिए कूटनीतिक शक्ति का इस्तेमाल किया है और उसे उम्मीद है कि भारत से निर्यात जल्द शुरू हो जाएगी। वाणिज्य मंत्रालय व अन्य सूत्रों कहा कि पिछले कुछ दिनों में भारत के इंडोनेशिया स्थित राजदूत ने इंडोनेशिया एग्रीकल्चर क्वारंटाइन एजेंसी के […]
आगे पढ़े
वित्त वर्ष 2022 में भारत से कृषि उत्पादों का निर्यात बढक़र 50 अरब डॉलर रहने के उत्साह के बीच बासमती चावल का निर्यात कम हुआ है। कृषि उत्पादों के निर्यात में लंबे समय से चावल निर्यात की अग्रणी भूमिका रही है। वित्त वर्ष 22 में लगातार तीसरे साल मूल्य के हिसाब से बासमती चावल का […]
आगे पढ़े
बीमा नियामक बीमा कारोबार में 100 फीसदी प्रत्यक्ष विदेशी निवेश (एफडीआई) की अनुमति दे सकता है जिसका मकसद इस क्षेत्र के दायरे में विस्तार करना है। फिलहाल, बीमा कवर अंकन करने वाली कंपनियों में एफडीआई की ऊपरी सीमा 74 फीसदी है। ग्राहकों और बीमा कंपनियों को आपस में जोडऩे वाले दलाल और अन्य जैसे बीमा […]
आगे पढ़े
ऑनलाइन गेमिंग और इसमें दांव पर लगने वाली भारी रकम को देखते हुए सरकार के कान खड़े हो गए हैं। सरकार को अब इस बात का अंदेशा सताने लगा है कि ऑनलाइन गेमिंग का इस्तेमाल काले धन को सफेद बनाने (धन शोधन) में और उससे कमाई जाने वाली रकम का इस्तेमाल आतंकी गतिविधियों को अंजाम […]
आगे पढ़े
यूक्रेन संकट के बीच भारत रूस के साथ भुगतान प्रणाली पर किसी तरह का समझौता करने में संभवत: जल्दबाजी नहीं दिखाएगा। मामले की जानकारी रखने वाले सूत्रों ने कहा कि रूस और यूक्रेन के बीच संघर्ष विराम होने तक भारत रूस के साथ भुगतान प्रणाली पर समझौते की घोषणा से परहेज करेगा। यूक्रेन पर रूस […]
आगे पढ़े
प्रधानमंत्री मुद्रा योजना (पीएमएमवाई) के तहत कार्यक्रम के आरंभ के बाद से सात वर्षों में 34.4 करोड़ उधारकर्ताओं को करीब 18.60 लाख करोड़ रुपये के ऋण मंजूर किए गए। हालांकि, योजना के तहत ऋण की मंजूरी वित्त वर्ष 2021-22 में घटकर 4.86 करोड़ उधारकर्ताओं को 3.10 लाख करोड़ रुपये के साथ चार वर्ष के […]
आगे पढ़े
केंद्र सरकार ने 31 मार्च को समाप्त वित्त वर्ष में राजस्व संग्रह के अनपे सभी अनुमानों को पीछे छोड़ दिया है। इसमें अप्रत्यक्ष कर में शानदार बढ़ोतरी, अनुपालन संबंधी उठाए गए कदमों और महामारी की कई लहरों के बाद ज्यादातर सेक्टर में रिकवरी की अहम भूमिका रही है। देश में कुल कर संग्रह बीते वित्त […]
आगे पढ़े
कोविड-19 से प्रभावित 2020-21 में भारत में खपत में असमानता घटकर पिछले 40 साल के निचले स्तर पर पहुंच गई है। इससे आश्चर्य हो सकता है, लेकिन प्राथमिक रूप से 80 करोड़ लोगों को मुफ्त खाद्यान्न वितरण व कुछ अन्य वजहों से ऐसा हुआ है। हाल में प्रकाशित आईएमएफ के कार्य पत्र से यह जानकारी […]
आगे पढ़े