कोविड-19 महामारी से पैदा हुई आर्थिक मंदी से बैंकिंग क्षेत्र की परिसंपत्ति गुणवत्ता पर दबाव पडऩे की आशंका गहरा गई है। रेटिंग एजेंसी क्रिसिल ने अनुमान व्यक्त किया है कि कर्जदारों के पास नकदी प्रवाह की अस्थिरता की वजह से इस क्षेत्र में चूक की दर चालू वित्त वर्ष में 50-250 आधार अंक के बीच […]
आगे पढ़े
कोविड महामारी के दौरान कर्जदारों को कर्ज की किस्त में छह महीने का स्थगन दिया गया था और इस दौरान कर्ज के ब्याज पर ब्याज (चक्रवृद्घि ब्याज) भुगतान में छूट देने से बैंकों को करीब 10,000 करोड़ रुपये का नुकसान होगा। पूर्व नियंत्रक एवं महालेखा परीक्षक (सीएजी) राजीव महर्षि की अध्यक्षता वाली समिति के समक्ष […]
आगे पढ़े
बैंकिंग व्यवस्था में अतिरिक्त नकदी बनी हुई है और भारतीय रिजर्व बैंक इसे सामान्य करने की जल्दबादी में नहीं है। ज्यादा नकदी सामान्यतया चिंता की बाद होती है, क्योंकि इससे महंगाई बढ़ सकती है। लेकिन अभी स्थिति अलग है। इससे महंगाई बढऩे के बजाय बड़ी मात्रा में नकदी से नीतिगत दरों के प्रेषण और सरकार […]
आगे पढ़े
भारतीय रिजर्व बैंक के पूर्व गवर्नर अमिताभ घोष का 90 साल की उम्म्र में आज निधन हो गया। रिजर्व बैंक के इतिहास में गर्वनर के रूप में घोष का कार्यकाल सबसे कम 21 दिन का रहा है। उसके बाद उन्होंने आरएन मल्होत्रा को पदभार सौंप दिया था। घोष रिजर्व बैंक के 16वें गवर्नर थे और […]
आगे पढ़े
अर्थव्यवस्था में सुधार की गति भले ही धीमी हो लेकिन इसमें तेजी लाने के लिए जो भी कदम उठाने की जरूरत होगी, भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) उसके लिए पूरी तरह तैयार है। आरबीआई गवर्नर शक्तिकांत दास ने आज एक कार्यक्रम में ये बातें कहीं। उद्योग संगठन फिक्की के एक कार्यक्रम को ऑनलाइन संबोधित करते हुए […]
आगे पढ़े
भारत में बैंकों का ऋण अगस्त महीने में 0.5 प्रतिशत या 54,000 करोड़ रुपये घटकर 102.11 लाख करोड़ रुपये (28 अगस्त 2020 तक) रह गया है। कोविड-19 के कारण कर्ज की मांग में गिरावट आई है। बैंकिंग व्यवस्था में बकाया कर्ज 31 जुलाई 2020 को 102.65 करोड़ रुपये था। भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) के आंकड़ों […]
आगे पढ़े
गैर निष्पादित संपत्तियों (एनपीए), प्रॉविजनिंग, और बैंकिंग नियमक के साथ रिटर्न दाखिल करने की प्रक्रिया ऑटोमेटिक करने में देरी को लेकर भारतीय रिजर्व बैंक ने बैंकों की खिंचाई की है। रिजर्व बैंक ने बैंकों से कहा है कि 30 जून 2021 तक वे दिशानिर्देशों का अनुपालन करें। अगस्त 2011 में बैंकोंं को सलाह दी गई […]
आगे पढ़े
भारत सहित उभरते बाजारों में केंद्रीय बैंकों द्वारा सॉवरिन बॉन्डों की खरीद को कोविड के दौर की आपातकालीन कार्रवाई के रूप में देखा जा रहा है। बहरहाल स्टैंडर्ड ऐंड पूअर्स (एसऐंडपी) ने चेताया है कि अगर भारतीय रिजर्व बैंक सहित विभिन्न देशों के बैंकिंग नियामक कर्ज का मुद्रीकरण करते हैं तो इससे निवेशकों का भरोसा […]
आगे पढ़े
केंद्र सरकार चालू वित्त वर्ष की चौथी तिमाही में सरकारी बैंकों में पुनर्पूंजीकरण बॉन्डों के जरिये 20,000 करोड़ रुपये डाल सकती है। सरकार ने आज सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों के पुनर्पूंजीकरण के मद में अतिरिक्त 20,000 करोड़ रुपये के खर्च के लिए संसद से मंजूरी मांगी। बैंकों में पैसा सरकारी प्रतिभूतियों के निर्गम के जरिये […]
आगे पढ़े
सरकार कोविड-19 महामारी को देखते हुए मौद्रिक नीति समिति (एमपीसी) के तीन बाहरी सदस्यों का कार्यकाल कुछ अवधि के लिए बढ़ा सकती है। इसके साथ ही समिति के लिए नए बाहरी सदस्यों की तलाश भी जारी है। सूत्रों ने इस बात की जानकारी दी है। समिति के तीन बाहरी सदस्यों के तौर पर भारतीय सांख्यिकी […]
आगे पढ़े