Quick Commerce: 10 मिनट में सामान पहुंचाने वाला क्विक कॉमर्स अब सिर्फ बड़े शहरों का खेल नहीं रह गया है। दिल्ली, मुंबई और बेंगलुरु के बाद अब छोटे शहरों में भी लोग तेजी से Blinkit, Swiggy Instamart और Zepto जैसे प्लेटफॉर्म का इस्तेमाल कर रहे हैं। दिलचस्प बात यह है कि कई छोटे शहरों में इन कंपनियों को बड़े शहरों के मुकाबले ज्यादा कमाई हो रही है। इसी बीच Amazon और Flipkart भी इस बाजार में तेजी से विस्तार कर रहे हैं, जिससे आने वाले समय में मुकाबला और कड़ा होने वाला है।
Emkay Global की एक रिपोर्ट के मुताबिक, क्विक कॉमर्स सेक्टर की ग्रोथ उम्मीद से कहीं ज्यादा मजबूत बनी हुई है। ब्रोकरेज ने Eternal (Zomato) और Swiggy पर ‘BUY’ रेटिंग बरकरार रखी है। Eternal के लिए 370 रुपये और Swiggy के लिए 350 रुपये का टारगेट प्राइस दिया गया है। वहीं DMart चलाने वाली Avenue Supermarts पर ‘SELL’ रेटिंग के साथ 3,700 रुपये का टारगेट रखा गया है।
कुछ साल पहले तक माना जाता था कि 10 मिनट की डिलीवरी सिर्फ बड़े शहरों में ही चल सकती है। लेकिन अब तस्वीर बदल गई है। छोटे शहरों में भी लोग तेजी से ऑनलाइन सामान मंगा रहे हैं। रिपोर्ट के मुताबिक, कई टियर-2 और टियर-3 शहरों में कंपनियों का खर्च कम है। यहां किराया कम है, डिलीवरी का खर्च कम है और ग्राहकों को आकर्षित करने के लिए ज्यादा छूट भी नहीं देनी पड़ती। यही वजह है कि कुछ शहरों में कंपनियां बड़े शहरों से भी बेहतर कमाई कर रही हैं।
Blinkit, Zepto और Swiggy की तेजी से बढ़ती लोकप्रियता को देखकर Amazon और Flipkart भी अब पीछे नहीं रहना चाहते। Flipkart Minutes अपने डार्क स्टोर्स की संख्या तेजी से बढ़ा रहा है। वहीं Amazon Now भी धीरे-धीरे नए शहरों में पहुंच रहा है। बाजार में चर्चा है कि Amazon अगले कुछ साल में अपने डार्क स्टोर्स की संख्या दोगुनी कर सकता है। यानी आने वाले समय में ग्राहकों को और ज्यादा विकल्प मिलेंगे, लेकिन कंपनियों के लिए प्रतिस्पर्धा भी बढ़ेगी।
रिपोर्ट में कहा गया है कि Blinkit फिलहाल क्विक कॉमर्स बाजार का सबसे मजबूत प्लेयर बना हुआ है। कंपनी की सप्लाई चेन, स्टोर मैनेजमेंट और सामान की उपलब्धता बाकी कंपनियों के मुकाबले बेहतर मानी जाती है। यही वजह है कि बाजार में उसकी पकड़ सबसे मजबूत है। उद्योग से जुड़े लोगों का मानना है कि फिलहाल Blinkit की बढ़त को चुनौती देना आसान नहीं होगा।
Swiggy Instamart ने पिछले कुछ समय में अपनी रणनीति बदली है। अब कंपनी सिर्फ तेजी से बढ़ने के बजाय कमाई पर भी ध्यान दे रही है। रिपोर्ट के मुताबिक, Swiggy वित्त वर्ष 2027 की पहली तिमाही तक अपने क्विक कॉमर्स कारोबार को ब्रेक-ईवन तक पहुंचा सकती है। आसान शब्दों में कहें तो कंपनी का यह कारोबार घाटे से बाहर निकल सकता है। अगर ऐसा होता है तो Swiggy आगे और तेजी से विस्तार कर सकती है।
Zepto ने ग्राहकों को जोड़ने के लिए काफी आक्रामक रणनीति अपनाई है। भारी डिस्काउंट की वजह से कंपनी ने ऑर्डर वॉल्यूम के मामले में मजबूत स्थिति बना ली है। हालांकि बाजार में हिस्सेदारी बढ़ाने की इस दौड़ में कंपनी को ज्यादा खर्च भी करना पड़ रहा है।
क्विक कॉमर्स कंपनियां अब सिर्फ दूध, ब्रेड और सब्जियां नहीं बेच रही हैं। मोबाइल एक्सेसरीज, इलेक्ट्रॉनिक्स, ब्यूटी प्रोडक्ट्स, ज्वेलरी और दूसरे कई सामान भी अब कुछ ही मिनटों में घर पहुंच रहे हैं। यही वजह है कि इस कारोबार का बाजार लगातार बड़ा होता जा रहा है।
रिपोर्ट का सबसे बड़ा निष्कर्ष यह है कि क्विक कॉमर्स की बढ़ती लोकप्रियता अब DMart जैसे बड़े रिटेलर्स के लिए चुनौती बनती जा रही है। पहले लोग महीनेभर का राशन और रोजमर्रा का सामान खरीदने के लिए सुपरमार्केट जाते थे, लेकिन अब वही सामान कुछ ही मिनटों में घर पहुंच रहा है। इससे बड़े रिटेल स्टोर्स के ग्राहक और बिक्री दोनों पर असर पड़ सकता है।
यही वजह है कि Emkay को DMart के शेयर में ज्यादा दम नहीं दिख रहा और उसने इस पर ‘SELL’ रेटिंग के साथ 3,700 रुपये का टारगेट दिया है। दूसरी तरफ ब्रोकरेज का मानना है कि क्विक कॉमर्स की तेज ग्रोथ का फायदा Eternal और Swiggy को मिलेगा। इसलिए उसने Eternal के लिए 370 रुपये और Swiggy के लिए 350 रुपये का टारगेट प्राइस रखा है।
(डिस्क्लेमर: यहां दी गई राय ब्रोकरेज की है। बिज़नेस स्टैंडर्ड इन विचारों से सहमत होना जरूरी नहीं समझता और निवेश से पहले पाठकों को अपनी समझ से फैसला करने की सलाह देता है।)