facebookmetapixel
Advertisement
राज्य की प्रतिक्रिया और अभिव्यक्ति की सीमाएं testtestभारत का डिफेंस प्रोडक्शन ऑल-टाइम हाई पर, FY26 में15.6% बढ़कर ₹1.78 लाख करोड़ पर पहुंचाHCL Tech के नतीजों की तारीख तय, 13 जुलाई को आएगा रिपोर्ट कार्ड; डिविडेंड पर भी होगा फैसलारिटर्न कहीं और, निवेश कहीं और! क्या सही फंड चुन रहे हैं निवेशक? एक्सपर्ट से समझेंAI के दम पर नई छलांग की तैयारी में Coforge? शेयर में 50% तक तेजी की उम्मीद, एक्सपर्ट्स बुलिशकच्चा तेल सस्ता हो रहा है, फिर पेट्रोल-डीजल क्यों नहीं?20 लाख रुपये से ज्यादा पैकेज वाली नौकरियों में उछाल, ब्रोकरेज ने बताए 4 पसंदीदा IT स्टॉक्सJio IPO का इंतजार खत्म! ₹4 अरब के मेगा IPO की तैयारी तेज, जल्द दाखिल होंगे ड्राफ्ट पेपरसरकार के आदेश के खिलाफ Telegram का पलटवार, Delhi HC पहुंची याचिकाब्राजील में पेट्रोल से 70% सस्ता, भारत में सिर्फ 20%: क्या फ्लेक्स-फ्यूल बनेगा हिट? बता रहे एक्सपर्ट

डायबिटीज की दवाओं से कमाई का मौका! इस फार्मा कंपनी पर बुलिश हुए एक्सपर्ट्स

Advertisement

कार्डियक और डायबिटीज सेगमेंट की मजबूत मांग के बीच एंटीक स्टॉक ब्रोकिंग ने टोरेंट फार्मा को अपनी टॉप पिक बताया है

Last Updated- June 12, 2026 | 9:13 AM IST
Torrent Pharma stock

Torrent Pharma Stock: भारत के दवा बाजार में मई 2026 के दौरान अच्छी तेजी देखने को मिली। खासकर डायबिटीज, दिल की बीमारियों और दूसरी लंबे समय तक चलने वाली बीमारियों की दवाओं की मांग मजबूत रहने से बाजार की ग्रोथ दोहरे अंक में पहुंच गई। नई दवाओं की लॉन्चिंग और कुछ लोकप्रिय दवाओं की बढ़ती मांग ने भी बाजार को सहारा दिया। हालांकि महीने-दर-महीने आधार पर बिक्री में थोड़ी नरमी रही, लेकिन सालाना आधार पर बाजार की रफ्तार मजबूत बनी हुई है।

ब्रोकरेज फर्म एंटीक स्टॉक ब्रोकिंग की रिपोर्ट के मुताबिक, मई 2026 में भारतीय दवा बाजार (आईपीएम) 12 फीसदी बढ़ा, जबकि पिछले साल इसी महीने यह वृद्धि 7 फीसदी थी। पिछले 12 महीनों के आधार पर देखें तो बाजार में 11 फीसदी की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। रिपोर्ट के अनुसार कीमतों में बढ़ोतरी, नई दवाओं की लॉन्चिंग और कुछ हद तक बढ़ी खपत ने इस वृद्धि में योगदान दिया।

क्रॉनिक बीमारियों की दवाएं बनीं ग्रोथ की सबसे बड़ी वजह

रिपोर्ट के मुताबिक, लंबे समय तक चलने वाली बीमारियों यानी क्रॉनिक रोगों की दवाओं की मांग लगातार बढ़ रही है। मई में यह सेगमेंट 15 फीसदी बढ़ा, जबकि एक्यूट यानी संक्रमण, बुखार और दूसरी अल्पकालिक बीमारियों की दवाओं की बिक्री 10 फीसदी बढ़ी। यही वजह है कि फार्मा बाजार की कुल ग्रोथ में क्रॉनिक थेरेपी का योगदान सबसे ज्यादा रहा।

कार्डियक और डायबिटीज सेगमेंट ने दिखाई सबसे ज्यादा ताकत

दिल की बीमारियों और मधुमेह से जुड़ी दवाएं बाजार की सबसे बड़ी ग्रोथ ड्राइवर बनी हुई हैं। मई के दौरान कार्डियक और एंटी-डायबिटिक दोनों सेगमेंट में 15-15 फीसदी की वृद्धि दर्ज की गई, जो पूरे बाजार की औसत ग्रोथ से कहीं बेहतर है। दूसरी तरफ एंटी-इन्फेक्टिव, गैस्ट्रो और डर्मा जैसी श्रेणियां अपेक्षाकृत धीमी रहीं।

यह पढ़ें: विदेशी ब्रोकरेज सिटी ने घटाया निफ्टी का टारगेट, 27,000 से किया 26,000

सेमाग्लूटाइड की एंट्री से बदल गई बाजार की तस्वीर

रिपोर्ट में कहा गया है कि सेमाग्लूटाइड की जेनेरिक दवाओं के आने के बाद जीएलपी-1 दवाओं के बाजार में जबरदस्त उछाल आया है। एक साल पहले तक यह बाजार करीब 100 करोड़ रुपये का था, जो अब बढ़कर करीब 1,500 करोड़ रुपये तक पहुंच गया है। इससे साफ है कि डायबिटीज और वजन कम करने वाली नई पीढ़ी की दवाओं को मरीज तेजी से अपना रहे हैं।

ल्यूपिन, इंटास और टोरेंट सबसे तेज बढ़ने वाली कंपनियां

मई में शीर्ष 10 दवा कंपनियों में से सात कंपनियों ने पूरे बाजार से बेहतर प्रदर्शन किया। ल्यूपिन और इंटास की बिक्री करीब 17 फीसदी बढ़ी। इसके बाद टोरेंट फार्मा ने 15 फीसदी और सिप्ला ने 14 फीसदी की वृद्धि दर्ज की। सन फार्मा, अल्केम और डॉ. रेड्डीज ने भी बाजार से बेहतर प्रदर्शन किया। कुल मिलाकर भारतीय कंपनियों की बिक्री 12 फीसदी बढ़ी, जबकि बहुराष्ट्रीय कंपनियों की बिक्री में 13 फीसदी की बढ़ोतरी दर्ज की गई।

माउन्जारो बनी सबसे ज्यादा बिकने वाली दवा

मई 2026 में माउन्जारो देश का सबसे बड़ा फार्मा ब्रांड बनकर उभरा। इसकी बिक्री करीब 150 करोड़ रुपये रही और बाजार हिस्सेदारी 0.65 फीसदी तक पहुंच गई। वहीं फोराकॉर्ट ने भी 21 फीसदी की मजबूत वृद्धि दर्ज की। पैन-डी, सिलाकार और डायटोर जैसे ब्रांडों की रैंकिंग में भी सुधार देखने को मिला।

Torrent Pharma Stock: दूसरे सेगमेंट भी बने रहे मजबूत

दिल और डायबिटीज की दवाओं के अलावा यूरोलॉजी, डर्मा और विटामिन-न्यूट्रिशन से जुड़े उत्पादों में भी अच्छी मांग देखने को मिली। यूरोलॉजी सेगमेंट 13 फीसदी बढ़ा, जबकि डर्मा सेगमेंट में 11 फीसदी और विटामिन, मिनरल्स एवं न्यूट्रिशन श्रेणी में 16 फीसदी की वृद्धि दर्ज की गई।

Torrent Pharma Stock: आगे भी बनी रह सकती है तेजी

एंटीक का मानना है कि वित्त वर्ष 2027 में भी भारतीय दवा बाजार की मजबूत वृद्धि जारी रह सकती है। ब्रोकरेज के मुताबिक कार्डियक, न्यूरो और एंटी-डायबिटिक सेगमेंट आने वाले समय में भी बाजार को आगे बढ़ाने का काम करेंगे। रिपोर्ट में अनुमान लगाया गया है कि अगले वित्त वर्ष में भारतीय दवा बाजार करीब 12 फीसदी की दर से बढ़ सकता है।

हालांकि ब्रांडेड दवाओं की खपत में वृद्धि अभी भी 2-3 फीसदी के आसपास रहने की उम्मीद है, क्योंकि जन औषधि और सस्ती जेनेरिक दवाओं से प्रतिस्पर्धा लगातार बढ़ रही है। रिपोर्ट में टोरेंट फार्मा को पसंदीदा शेयर बताया गया है। एंटीक का मानना है कि कंपनी का उत्पाद पोर्टफोलियो और तेजी से बढ़ रहे थेरेपी सेगमेंट में उसकी मजबूत मौजूदगी आने वाले समय में बेहतर प्रदर्शन में मदद कर सकती है।

(डिस्क्लेमर: यहां दी गई राय ब्रोकरेज की है। बिज़नेस स्टैंडर्ड इन विचारों से सहमत होना जरूरी नहीं समझता और निवेश से पहले पाठकों को अपनी समझ से फैसला करने की सलाह देता है।)

Advertisement
First Published - June 12, 2026 | 9:13 AM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement