facebookmetapixel
Advertisement
राज्य की प्रतिक्रिया और अभिव्यक्ति की सीमाएं testtestभारत का डिफेंस प्रोडक्शन ऑल-टाइम हाई पर, FY26 में15.6% बढ़कर ₹1.78 लाख करोड़ पर पहुंचाHCL Tech के नतीजों की तारीख तय, 13 जुलाई को आएगा रिपोर्ट कार्ड; डिविडेंड पर भी होगा फैसलारिटर्न कहीं और, निवेश कहीं और! क्या सही फंड चुन रहे हैं निवेशक? एक्सपर्ट से समझेंAI के दम पर नई छलांग की तैयारी में Coforge? शेयर में 50% तक तेजी की उम्मीद, एक्सपर्ट्स बुलिशकच्चा तेल सस्ता हो रहा है, फिर पेट्रोल-डीजल क्यों नहीं?20 लाख रुपये से ज्यादा पैकेज वाली नौकरियों में उछाल, ब्रोकरेज ने बताए 4 पसंदीदा IT स्टॉक्सJio IPO का इंतजार खत्म! ₹4 अरब के मेगा IPO की तैयारी तेज, जल्द दाखिल होंगे ड्राफ्ट पेपरसरकार के आदेश के खिलाफ Telegram का पलटवार, Delhi HC पहुंची याचिकाब्राजील में पेट्रोल से 70% सस्ता, भारत में सिर्फ 20%: क्या फ्लेक्स-फ्यूल बनेगा हिट? बता रहे एक्सपर्ट

Gold Outlook: संवत 2081 में सोना 15-18 प्रतिशत रिटर्न देने को तैयार: विश्लेषक

Advertisement

सोने ने संवत 2080 में निफ्टी सहित कई परिसंपत्ति वर्गों से बेहतर प्रदर्शन किया है।

Last Updated- November 03, 2024 | 7:52 PM IST

Gold Outlook: सकारात्मक आर्थिक कारकों और सुरक्षित निवेश की मांग के चलते संवत 2081 में सोना 15-18 प्रतिशत का प्रतिफल दे सकता है। विशेषज्ञों ने यह अनुमान जताया। दिवाली के दिन शुरू हुआ संवत 2081 हिंदू कैलेंडर में एक नये वित्त वर्ष की शुरुआत का प्रतीक है और इसलिए भारतीय निवेशकों के लिए महत्वपूर्ण है।

विश्लेषकों ने कहा कि सोने और चांदी का प्रदर्शन पिछले संवत 2080 में मजबूत रहा है और संवत 2081 के लिए धारणा सकारात्मक बनी हुई है। उन्होंने यह भी कहा कि वैश्विक कारकों में बदलाव की स्थिति में निवेशकों को मामूली लाभ भी मिल सकता है।

एलकेपी सिक्योरिटीज में जिंस और मुद्रा शोध के उपाध्यक्ष जतिन त्रिवेदी ने बताया, ”संवत 2081 में सोने के लिए संभावनाएं सकारात्मक बनी हुई हैं। हमें उम्मीद है कि कम से कम 10 प्रतिशत की तेजी तो रहेगी और अगर आयात शुल्क में कटौती से खरीदारी में तेजी जारी रहती है तो सोना 15-18 प्रतिशत तक महंगा हो सकता है।” सोने ने संवत 2080 में निफ्टी सहित कई परिसंपत्ति वर्गों से बेहतर प्रदर्शन किया है।

Also read: Gold-Silver price: सोने के दाम 80 हजार के पार, जानें चांदी का कितना चल रहा है भाव

जेएम फाइनेंशियल सर्विसेज में जिंस और मुद्रा शोध के उपाध्यक्ष प्रणव मेर ने कहा कि केंद्रीय बैंकों की लगातार खरीद और वैश्विक ब्याज दर नीतियों में बदलाव से सोने की कीमतों को समर्थन मिला। भू-राजनीतिक जोखिमों और भविष्य में ब्याज दरों में कटौती की संभावनाओं के बीच दुनिया भर के केंद्रीय बैंकों ने सोने की खरीदारी की, जिसके चलते पिछले साल इसकी कीमतों में 40 प्रतिशत तक की वृद्धि हुई।

दूसरी ओर, चांदी में संवत 2080 के दौरान जोरदार उछाल आया और इस औद्योगिक धातु की कीमत करीब 40 प्रतिशत बढ़ गई। विशेषज्ञों ने कहा कि नवीकरणीय ऊर्जा प्रतिबद्धताओं के कारण चांदी की मांग में वृद्धि जारी रहेगी।

Advertisement
First Published - November 3, 2024 | 7:52 PM IST (बिजनेस स्टैंडर्ड के स्टाफ ने इस रिपोर्ट की हेडलाइन और फोटो ही बदली है, बाकी खबर एक साझा समाचार स्रोत से बिना किसी बदलाव के प्रकाशित हुई है।)

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement