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सोने ने रचा इतिहास: 5,000 डॉलर के पार पहुंची कीमत; वैश्विक तनाव के चलते निवेशकों का बढ़ा भरोसा

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2025 में सोना 64 फीसदी उछला था और इस साल अब तक 17 फीसदी से ज्यादा की बढ़त दर्ज की जा चुकी है

Last Updated- January 26, 2026 | 1:33 PM IST
gold ETF
प्रतीकात्मक तस्वीर | फाइल फोटो

सोमवार को सोने की कीमतों में जबरदस्त उछाल आया और यह पहली बार 5,000 डॉलर प्रति औंस के ऊपर चला गया। स्पॉट गोल्ड में 1.98 फीसदी की बढ़ोतरी हुई और यह 5,081.18 डॉलर प्रति औंस पर पहुंच गया। दिन में यह 5,092.71 डॉलर तक छू चुका था। अमेरिकी गोल्ड फ्यूचर्स भी 2.01 फीसदी चढ़कर 5,079.30 डॉलर पर बंद हुए।

यह रैली पिछले साल से जारी है। 2025 में सोना 64 फीसदी उछला था और इस साल अब तक 17 फीसदी से ज्यादा की बढ़त दर्ज की जा चुकी है। निवेशक सुरक्षित जगह तलाश रहे हैं क्योंकि दुनिया में तनाव बढ़ रहा है।

ट्रंप के फैसलों से बढ़ी बेचैनी

ताजा वजह अमेरिकी राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप के पिछले हफ्ते के कुछ अचानक फैसले बताए जा रहे हैं। बुधवार को उन्होंने यूरोपीय सहयोगियों पर ग्रीनलैंड हासिल करने के लिए टैरिफ की धमकी से पीछे हट गए थे। लेकिन वीकेंड पर कनाडा को चेतावनी दी कि अगर वह चीन के साथ ट्रेड डील आगे बढ़ाता है तो 100 फीसदी टैरिफ लगा दिया जाएगा।

फ्रांस के वाइन और शैंपेन पर भी 200 फीसदी टैरिफ की बात की गई, ताकि राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों को उनके ‘बोर्ड ऑफ पीस’ में शामिल होने के लिए दबाया जा सके। कुछ लोग कहते हैं कि यह बोर्ड संयुक्त राष्ट्र की जगह ले सकता है, हालांकि ट्रंप का कहना है कि यह यूएन के साथ मिलकर काम करेगा।

Also Read: गोल्ड सिल्वर रेशियो ने दिया संकेत, क्या चांदी की तेजी अब थकने वाली है? एक्सपर्ट्स से समझिए

कैपिटल.कॉम के सीनियर एनालिस्ट काइल रोडा कहते हैं कि ट्रंप प्रशासन के इन फैसलों से दुनिया में भरोसे की कमी हो गई है। अमेरिकी संपत्तियों और पुराने तरीकों पर अब शक उठ रहा है। लोग सोने की तरफ भाग रहे हैं क्योंकि यह एकमात्र सुरक्षित विकल्प लग रहा है।

डॉलर भी कमजोर हुआ क्योंकि येन मजबूत हो रहा है। बाजार जापान के हस्तक्षेप की आशंका में हैं। फेडरल रिजर्व की इस हफ्ते की मीटिंग से पहले निवेशक डॉलर की पोजीशन कम कर रहे हैं। कमजोर डॉलर से सोना दूसरे मुद्राओं वालों के लिए सस्ता हो जाता है।

केंद्रीय बैंक और ETF का सपोर्ट

सोने की इस रैली में कई वजहें हैं। अमेरिका में ब्याज दरों में कटौती, केंद्रीय बैंकों की लगातार खरीदारी और ETF में रिकॉर्ड निवेश। चीन ने दिसंबर में 14वें महीने सोना खरीदा।

मेटल्स फोकस के डायरेक्टर फिलिप न्यूमैन का अनुमान है कि सोना इस साल बाद में 5,500 डॉलर तक पहुंच सकता है। बीच-बीच में मुनाफावसूली से गिरावट आएगी, लेकिन हर बार खरीदार मजबूती से आएंगे।

चांदी भी रिकॉर्ड पर पहुंची। स्पॉट सिल्वर 5.79 फीसदी चढ़कर 108.91 डॉलर पर था, दिन में 109.44 डॉलर तक गया। पिछले साल यह 147 फीसदी चढ़ चुकी थी। प्लैटिनम 3.77 फीसदी बढ़कर 2,871.40 डॉलर और पैलेडियम 3.2 फीसदी चढ़कर 2,075.30 डॉलर पर पहुंचा, जो तीन साल से ज्यादा का उच्च स्तर है।

(रॉयटर्स के इनपुट के साथ)

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First Published - January 26, 2026 | 1:23 PM IST

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