facebookmetapixel
Advertisement
राज्य की प्रतिक्रिया और अभिव्यक्ति की सीमाएं testtestभारत का डिफेंस प्रोडक्शन ऑल-टाइम हाई पर, FY26 में15.6% बढ़कर ₹1.78 लाख करोड़ पर पहुंचाHCL Tech के नतीजों की तारीख तय, 13 जुलाई को आएगा रिपोर्ट कार्ड; डिविडेंड पर भी होगा फैसलारिटर्न कहीं और, निवेश कहीं और! क्या सही फंड चुन रहे हैं निवेशक? एक्सपर्ट से समझेंAI के दम पर नई छलांग की तैयारी में Coforge? शेयर में 50% तक तेजी की उम्मीद, एक्सपर्ट्स बुलिशकच्चा तेल सस्ता हो रहा है, फिर पेट्रोल-डीजल क्यों नहीं?20 लाख रुपये से ज्यादा पैकेज वाली नौकरियों में उछाल, ब्रोकरेज ने बताए 4 पसंदीदा IT स्टॉक्सJio IPO का इंतजार खत्म! ₹4 अरब के मेगा IPO की तैयारी तेज, जल्द दाखिल होंगे ड्राफ्ट पेपरसरकार के आदेश के खिलाफ Telegram का पलटवार, Delhi HC पहुंची याचिकाब्राजील में पेट्रोल से 70% सस्ता, भारत में सिर्फ 20%: क्या फ्लेक्स-फ्यूल बनेगा हिट? बता रहे एक्सपर्ट

UP: आगरा में खुलेगा अंतरराष्ट्रीय आलू केंद्र, केंद्रीय मंत्रिमंडल ने दी मंजूरी

Advertisement

आगरा को राज्य और देश का आलू हब माना जाता है। भारत में आलू के अनुसंधान के लिए केंद्रीय आलू अनुसंधान केंद्र हिमाचल के शिमला में स्थित है।

Last Updated- June 25, 2025 | 4:31 PM IST
Potato

International Potato Center: देश में आलू के सबसे बड़े उत्पादक राज्य में अंतरराष्ट्रीय आलू केंद्र की स्थापना होने जा रही है। केन्द्रीय मंत्रिमंडल ने आज उत्तर प्रदेश के आगरा में अंतरराष्ट्रीय आलू केन्द्र (सीआईपी) के दक्षिण एशिया क्षेत्रीय केन्द्र (सीएसएआरसी) की स्थापना के लिए कृषि एवं किसान कल्याण विभाग के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है। यह केंद्र आगरा के सींगना में स्थापित किया जाएगा। आगरा को राज्य और देश का आलू हब माना जाता है। भारत में आलू के अनुसंधान के लिए केंद्रीय आलू अनुसंधान केंद्र हिमाचल के शिमला में स्थित है।

Also Read: Shubhanshu Shukla: शुभांशु शुक्ला ने भरी अंतरिक्ष की उड़ान, 40 साल बाद कोई भारतीय फिर गया स्पेस

अंतरराष्ट्रीय आलू केंद्र का क्या है उद्देश्य

अंतरराष्ट्रीय आलू केंद्र के दक्षिण एशिया क्षेत्रीय केंद्र (सीएसएआरसी) की आगरा में स्थापना का मुख्य उद्देश्य आलू की उत्पादकता, कटाई के बाद प्रबंधन और मूल्य संवर्धन में सुधार करके खाद्य एवं पोषण सुरक्षा, किसानों की आय और रोजगार सृजन को बढ़ाना है। केंद्रीय कृषि व किसान कल्याण मंत्रालय द्वारा जारी बयान में कहा गया है कि भारत में आलू क्षेत्र में उत्पादन, प्रसंस्करण, पैकेजिंग, परिवहन, विपणन, मूल्य श्रृंखला आदि में महत्वपूर्ण रोजगार अवसर पैदा करने की क्षमता है। इसलिए इस क्षेत्र में अपार संभावनाओं का दोहन करने और उन्हें तलाशने के लिए उत्तर प्रदेश के आगरा के सींगना में सीआईपी के दक्षिण एशिया क्षेत्रीय केंद्र की स्थापना की जा रही है।

सीएसएआरसी द्वारा विकसित आलू की उच्च उपज देने वाली, पोषक तत्व वाली और जलवायु अनुकूल किस्में विश्व स्तरीय विज्ञान और नवाचार के माध्यम से न केवल भारत में बल्कि दक्षिण एशिया क्षेत्र में भी आलू क्षेत्र के सतत विकास को महत्वपूर्ण रूप से गति प्रदान करेंगी।

आगरा में ही यह केंद्र खोलने को क्यों मिली मंजूरी?

उत्तर प्रदेश में भारत का सबसे बड़ा आलू उत्पादक राज्य है। सरकारी आंकड़ों के मुताबिक देश में 2024-25 में 595 लाख टन आलू का उत्पादन हुआ था। इसमें 202 लाख टन उत्पादन के साथ सबसे बड़ी हिस्सेदारी उत्तर प्रदेश की रही। उत्तर प्रदेश का आगरा शहर आलू कारोबार का हब माना जाता है। आगरा मंडी को आलू की बेंचमार्क मंडी कहा जाता है। इसी मंडी के आलू दाम तय होते हैं। आगरा में ही सबसे अधिक कोल्ड स्टोर हैं और यहीं से खासकर नई फसल की आवक खत्म होने के बाद कोल्ड स्टोर से देश के दूसरे हिस्सों में आलू की आपूर्ति की जाती है।

Advertisement
First Published - June 25, 2025 | 4:31 PM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement