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kharif crops: खरीफ फसलों की बोआई सुस्त, मोटे अनाज व गन्ने के रकबे में बढ़ोतरी

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मोटे अनाज व गन्ने के रकबे में बढोतरी हुई, जबकि दलहन व तिलहन फसलों की बोआई में कमी आई है।

Last Updated- July 07, 2023 | 7:08 PM IST
Kharif Sowing

इस सप्ताह खरीफ फसलों (kharif crops) की बोआई में सुस्ती देखी गई, जबकि पिछले सप्ताह खरीफ फसलों की बोआई में गिरावट थम गई थी। शुक्रवार समाप्त इस सप्ताह तक खरीफ फसलों की बोआई में करीब 9 फीसदी गिरावट दर्ज की गई है। मोटे अनाज व गन्ने के रकबे में बढोतरी हुई, जबकि दलहन व तिलहन फसलों की बोआई में कमी आई है।

खरीफ फसलों की कुल बोआई 8.7 फीसदी घटकर 353.43 लाख हेक्टेयर

कृषि व किसान कल्याण विभाग के आंकड़ों के मुताबिक देश में 7 जुलाई तक 353.43 लाख हेक्टेयर भूमि में खरीफ फसलों की बोआई हो चुकी है, जो पिछली समान अवधि के रकबा 387.01 लाख हेक्टेयर से 8.7 फीसदी कम है। पिछले सप्ताह तक खरीफ फसलों की बोआई में आधा फीसदी इजाफा हुआ था।

खरीफ सीजन की प्रमुख फसलों में धान का रकबा करीब 23.9 फीसदी गिरकर 54.12 लाख हेक्टेयर और कपास की बोआई करीब 10.9 फीसदी घटकर 70.56 लाख हेक्टेयर दर्ज की गई, जबकि गन्ने का रकबा 4.7 फीसदी बढ़कर 55.81 लाख हेक्टेयर रहा।

तिलहन फसलों का रकबा 14.3 फीसदी घटा

तिलहन फसलों की बोआई सुस्त चल रही है। 7 जुलाई तक 61.10 लाख हेक्टेयर में तिलहन फसलों की बोआई हो चुकी है, जो पिछली समान अवधि की 71.30 लाख हेक्टेयर में हुई बोआई से 14.3 फीसदी कम है। खरीफ सीजन की प्रमुख तिलहन फसल सोयाबीन की बोआई 26.2 फीसदी घटकर 35.63 लाख हेक्टेयर रही। लेकिन मूंगफली का रकबा 12.9 फीसदी बढ़कर 22.8 लाख हेक्टेयर रहा। तिल का रकबा करीब 35 फीसदी बढ़कर 2 लाख हेक्टेयर दर्ज किया गया।

दलहन फसलों की बोआई भी घटी

दलहन फसलों की बोआई भी सुस्त चल रही है। शुक्रवार को समाप्त इस सप्ताह तक 32.62 लाख हेक्टेयर में दलहन फसलें बोई जा चुकी हैं। जो पिछले साल की समान अवधि में 43.96 लाख हेक्टेयर में बोई गईं दलहन फसलों से 25.8 फीसदी कम है। अरहर की बोआई करीब 60 फीसदी घटकर 6 लाख हेक्टेयर, उड़द की 30.7 फीसदी घटकर 4.89 लाख हेक्टेयर रही, लेकिन मूंग का रकबा 2.4 फीसदी बढ़कर 15.94 लाख हेक्टेयर दर्ज किया गया।

मोटे अनाजों के रकबा में 19 फीसदी इजाफा

चालू खरीफ सीजन में अब तक 73.4 लाख हेक्टेयर में मोटे अनाज की बोआई हो चुकी है, जो पिछले समान अवधि में 61.33 लाख हेक्टेयर में हुई बोआई से 19.7 फीसदी अधिक है। मोटे अनाजों के रकबा में वृद्धि की प्रमुख वजह बाजरा करीब 60 फीसदी ज्यादा बोया जाना है।

कुल मोटे अनाजों की अब तक हुई बोआई में बाजरा की हिस्सेदारी करीब 52 फीसदी है। अब तक 38.46 लाख हेक्टेयर में बाजरा बोया जा चुका है, जबकि पिछली समान अवधि में यह आंकड़ा 23.98 लाख हेक्टेयर था।

ज्वार का रकबा 45 फीसदी बढ़कर 6.15 लाख हेक्टेयर हो गया। मक्के की बोआई में 12 फीसदी, रागी की करीब 2 फीसदी और छोटे मिलेटस की करीब 43 फीसदी घटी।

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First Published - July 7, 2023 | 7:08 PM IST

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