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Sugar Production: महाराष्ट्र में चीनी उत्पादन 100 लाख टन के पार पहुंचा

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Sugar Production: अभी तक चीनी उत्पादन में महाराष्ट्र सबसे आगे

Last Updated- March 15, 2024 | 8:07 PM IST
Sugar Production: Sugar production in Maharashtra decreased by 20%, sugarcane crushing stopped in 92 sugar mills महाराष्ट्र में चीनी उत्पादन 20% घटा, 92 चीनी मिलों में बंद हुई गन्ना पेराई

Sugar Production: देश में गन्ना पेराई सीजन अंतिम चरण में पहुंच चुका है। चीनी उत्पादन पिछले सीजन के मुकाबले थोड़ा कम है। चीनी उत्पादक प्रमुख राज्य महाराष्ट्र में इस साल चीनी उत्पादन भले ही कम होने का अनुमान है लेकिन ताजा आंकड़ों में महाराष्ट्र चीनी उत्पादन में सबसे आगे हैं और दूसरे स्थान पर उत्तर प्रदेश है। महाराष्ट्र में चीनी उत्पादन 100 लाख टन के पार पहुंच गया।

कुल 535 चीनी मिलों ने पेराई सीजन में भाग लिया

नेशनल फेडरेशन ऑफ कोऑपरेटिव शुगर फैक्ट्रीज लिमिटेड (NFCSF) के आकड़ों के मुताबिक 15 मार्च 2024 तक देश की चीनी मिलों में 2780.34 लाख टन गन्ने की पेराई की गई है जिसमें अब तक 279.90 लाख टन चीनी उत्पादन हुआ है। चालू सीजन में देश में कुल 535 चीनी मिलों ने पेराई सीजन में भाग लिया था जिसमे से अब तक 164 चीनी मिलों ने पेराई बंद कर दिया है। वही इस समय तक पिछले सीजन 2022-23 में 534 चीनी मिलों ने पेराई में भाग लिया था और 235 चीनी मिलें बंद हो गई थी। चीनी मिलों द्वारा अब तक 2904.01 लाख टन गन्ना पेराई कर 284.70 लाख टन चीनी उत्पादन हुआ था।

चीनी उत्पादन में महाराष्ट्र सबसे आगे

राज्यों में चीनी उत्पादन के मामलें में फिलहाल महाराष्ट्र आगे है और उसके बाद उत्तर प्रदेश दूसरे नंबर पर है। महाराष्ट्र में अब तक 100.45 लाख टन चीनी उत्पादन हुआ है जबकि उत्तर प्रदेश में अब तक 88.55 लाख टन चीनी उत्पादन हुआ है। तीसरे नंबर पर कर्नाटक है। महाराष्ट्र में वर्तमान सीजन में पिछले सीजन के मुकाबले अब तक मात्र 43 ही चीनी मिलों ने पेराई बंद किया है जबकि पिछले सीजन में 14 मार्च तक 123 चीनी मिलों ने पेराई बंद किया था।

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महाराष्ट्र में भी इस सीजन में चीनी रिकवरी में बढ़ोतरी हुई है। महाराष्ट्र चीनी आयुक्तालय के आकड़ों के मुताबिक सीजन 2023-24 में 14 मार्च, 2024 तक राज्य में चीनी रिकवरी 10.14 फीसदी है जबकि पिछले सीजन में इस समय तक चीनी रिकवरी 9.95 प्रतिशत थी। महाराष्ट्र में इस सीजन कुल मिलाकर 207 चीनी मिलों ने पेराई में भाग लिया था। जिसमे 103 सहकारी एवं 104 निजी चीनी मिलें शामिल है, और 986.52 लाख टन गन्ने की पेराई की जा चुकी है। राज्य में अब तक 100.04 लाख टन चीनी का उत्पादन किया गया है। जबकि पिछले सीजन में इसी समय 211 चीनी मिलों ने पेराई में भाग लिया था और उन्होंने 1028.21 लाख टन गन्ना पेराई कर 102.30 लाख टन चीनी का उत्पादन किया था।

इस्मा ने चीनी उत्पादन बढ़ाया

दो दिन पहले भारतीय चीनी मिल संघ (इस्मा ) ने एक बयान में कहा था कि सितंबर को समाप्त होने वाले विपणन वर्ष 2023-24 में देश में चीनी के सकल उत्पादन के अपने अनुमान को 9.5 लाख टन बढ़ाकर 340 लाख टन कर दिया है। जबकि इसके पहले जनवरी में इस्मा ने ने विपणन वर्ष 2023-24 (अक्टूबर-सितंबर) में एथनॉल के लिए शीरे के उपयोग में लाये जाने के बिना, सकल चीनी उत्पादन 330.5 लाख टन होने का अनुमान लगाया था। जबकि पिछले वर्ष का सकल उत्पादन 366.2 लाख टन था।

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First Published - March 15, 2024 | 8:07 PM IST

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