facebookmetapixel
Advertisement
राज्य की प्रतिक्रिया और अभिव्यक्ति की सीमाएं testtestभारत का डिफेंस प्रोडक्शन ऑल-टाइम हाई पर, FY26 में15.6% बढ़कर ₹1.78 लाख करोड़ पर पहुंचाHCL Tech के नतीजों की तारीख तय, 13 जुलाई को आएगा रिपोर्ट कार्ड; डिविडेंड पर भी होगा फैसलारिटर्न कहीं और, निवेश कहीं और! क्या सही फंड चुन रहे हैं निवेशक? एक्सपर्ट से समझेंAI के दम पर नई छलांग की तैयारी में Coforge? शेयर में 50% तक तेजी की उम्मीद, एक्सपर्ट्स बुलिशकच्चा तेल सस्ता हो रहा है, फिर पेट्रोल-डीजल क्यों नहीं?20 लाख रुपये से ज्यादा पैकेज वाली नौकरियों में उछाल, ब्रोकरेज ने बताए 4 पसंदीदा IT स्टॉक्सJio IPO का इंतजार खत्म! ₹4 अरब के मेगा IPO की तैयारी तेज, जल्द दाखिल होंगे ड्राफ्ट पेपरसरकार के आदेश के खिलाफ Telegram का पलटवार, Delhi HC पहुंची याचिकाब्राजील में पेट्रोल से 70% सस्ता, भारत में सिर्फ 20%: क्या फ्लेक्स-फ्यूल बनेगा हिट? बता रहे एक्सपर्ट

मार्च में घटी ईंधन खपत

Advertisement

मार्च 2024 में ईंधन की कुल खपत 210.9 लाख टन रही है, जो मार्च 2023 के 212.2 लाख टन से कम है।

Last Updated- April 08, 2024 | 9:56 PM IST
Fuel, Petrol

मार्च में भारत में ईंधन की खपत पिछले साल की समान अवधि की तुलना में 0.6 प्रतिशत कम हुई है। पेट्रोलियम प्लानिंग ऐंड एनालिसिस सेल (पीपीएसी) के आंकड़ों से पता चलता है कि पेट्रोलियम कोक का इस्तेमाल कम होने की वजह से ऐसा हुआ है।

मार्च 2024 में ईंधन की कुल खपत 210.9 लाख टन रही है, जो मार्च 2023 के 212.2 लाख टन से कम है। वित्त वर्ष 2024 (2023-24) में ईंधन की खपत 4.6 प्रतिशत बढ़ी है। हालांकि यह वृद्धि वित्त वर्ष 2023 में हुई 10.57 प्रतिशत वृद्धि की तुलना में कम है।

सामान्यतया तेल की मांग फरवरी के आखिर से बढ़नी शुरू होती है और भारत में तापमान बढ़ने के साथ इसमें बढ़ोतरी जारी रहती है। मार्च महीने में इसके पिछले महीने की तुलना में खपत में 13.7 प्रतिशत की वृद्धि हुई है।

देश में सबसे ज्यादा इस्तेमाल होने वाले डीजल की बिक्री मार्च में 3 प्रतिशत बढ़कर 80.3 लाख टन हो गई है। पिछले 12 महीनों में बिक्री की स्थिति देखें तो यह मई 2023 में 82.1 लाख टन के अब तक के सर्वोच्च स्तर पर थी।

Advertisement
First Published - April 8, 2024 | 9:56 PM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement