facebookmetapixel
Advertisement
राज्य की प्रतिक्रिया और अभिव्यक्ति की सीमाएं testtestभारत का डिफेंस प्रोडक्शन ऑल-टाइम हाई पर, FY26 में15.6% बढ़कर ₹1.78 लाख करोड़ पर पहुंचाHCL Tech के नतीजों की तारीख तय, 13 जुलाई को आएगा रिपोर्ट कार्ड; डिविडेंड पर भी होगा फैसलारिटर्न कहीं और, निवेश कहीं और! क्या सही फंड चुन रहे हैं निवेशक? एक्सपर्ट से समझेंAI के दम पर नई छलांग की तैयारी में Coforge? शेयर में 50% तक तेजी की उम्मीद, एक्सपर्ट्स बुलिशकच्चा तेल सस्ता हो रहा है, फिर पेट्रोल-डीजल क्यों नहीं?20 लाख रुपये से ज्यादा पैकेज वाली नौकरियों में उछाल, ब्रोकरेज ने बताए 4 पसंदीदा IT स्टॉक्सJio IPO का इंतजार खत्म! ₹4 अरब के मेगा IPO की तैयारी तेज, जल्द दाखिल होंगे ड्राफ्ट पेपरसरकार के आदेश के खिलाफ Telegram का पलटवार, Delhi HC पहुंची याचिकाब्राजील में पेट्रोल से 70% सस्ता, भारत में सिर्फ 20%: क्या फ्लेक्स-फ्यूल बनेगा हिट? बता रहे एक्सपर्ट

भारत-ओमान के बीच समुद्री सहयोग मजबूत, सुरक्षा और व्यापार को लेकर साझा विजन पर सहमति

Advertisement

दोनों देशों के प्रतिनिधिमंडलों ने कहा कि पिछले बेहतरीन रिकॉर्ड को देखते हुए, ओमान-भारत संयुक्त निवेश कोष  में ‘निवेश को बढ़ावा देने और सुगम बनाने की मजबूत क्षमता’ है।

Last Updated- December 18, 2025 | 10:54 PM IST
Narendra Modi
ओमान की राजधानी मस्कट में आयोजित व्यापार सम्मेलन में ओमान के उद्योग प्रतिनिधियों और नेताओ से बातचीत करने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी

भारत और ओमान ने गुरुवार को एक मुक्त व्यापार समझौते पर हस्ताक्षर करने के अलावा स्थानीय मुद्राओं में द्विपक्षीय व्यापार की व्यवस्था कायम करने को लेकर चर्चा की तथा द्विपक्षीय निवेश संधि (बीआईटी) को लेकर चल रही बातचीत की प्रगति की समीक्षा की।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की दो दिवसीय ओमान यात्रा के समापन पर एक संयुक्त वक्तव्य भी जारी किया गया। उसमें बताया गया कि दोनों पक्षों ने सात समझौतों पर हस्ताक्षर किए जिसमें ‘समुद्री सहयोग पर एक संयुक्त विजन डॉक्युमेंट’ भी शामिल है और जो क्षेत्रीय समुद्री सुरक्षा को लेकर उनकी साझा प्रतिबद्धता को दर्शाता है। प्रधानमंत्री मोदी तीन देशों की यात्रा के अंतिम चरण में ओमान पहुंचे थे। उन्होंने जॉर्डन और इथियोपिया की यात्रा भी की।

प्रधानमंत्री बुधवार को ओमान की राजधानी मस्कट पहुंचे थे। वहां उन्होंने गुरुवार को ओमान के सुल्तान हैथम बिन तारिक के साथ द्विपक्षीय रिश्तों पर चर्चा की। उनकी चर्चा में व्यापार, निवेश, रक्षा, सुरक्षा, प्रौद्योगिकी, शिक्षा, ऊर्जा, अंतरिक्ष, कृषि, संस्कृति और जनता के आपसी संपर्क जैसे विषय शामिल थे।

दोनों देशों के प्रतिनिधिमंडलों ने कहा कि पिछले बेहतरीन रिकॉर्ड को देखते हुए, ओमान-भारत संयुक्त निवेश कोष  में ‘निवेश को बढ़ावा देने और सुगम बनाने की मजबूत क्षमता’ है। दोनों पक्षों ने कहा कि वस्त्र, वाहन, रसायन, उपकरण और उर्वरक के व्यापार को बढ़ावा देने की अपार संभावनाएं मौजूद हैं। दोनों पक्षों ने ऊर्जा क्षेत्र में द्विपक्षीय रिश्ते बढ़ाने पर चर्चा की। इसमें भारतीय और विदेशी खनन एवं उत्पादन अवसरों के साथ सहयोग, नवीकरणीय ऊर्जा के क्षेत्र में सहयोग आदि शामिल हैं। दोनों पक्षों ने रक्षा क्षेत्र और स्वास्थ्य सेवा क्षेत्र में गहन सहयोग की भी चर्चा की। कृषि एवं संबद्ध क्षेत्रों में सहयोग समझौते पर भी हस्ताक्षर हुए।

संयुक्त वक्तव्य में कहा गया कि ओमान ने हवाई सेवा यातायात अधिकारों पर चर्चा करने में रुचि व्यक्त की, जिसमें गंतव्यों की संख्या और कोड-शेयरिंग प्रावधान शामिल हैं। अधिकारियों ने कहा कि भारत-ओमान व्यापक आर्थिक साझेदारी समझौता भारत के कृषि और प्रसंस्करित वस्तु निर्यात मसलन प्राकृतिक शहद, काजू, आलू, बोनलेस मीट और बेकरी उत्पादों आदि के निर्यात को बढ़ावा देगा। भारत हर वर्ष ओमान से आने वाले 2,000 टन खजूर को शुल्क मुक्त करेगा और भोजन, औषधियों और सौंदर्य प्रसाधन में इस्तेमाल होने वाले गम अरेबिका तथा परफ्यूम में इस्तेमाल होने वाले फ्रैंकिसेंस को शुल्क में छूट देगा।

Advertisement
First Published - December 18, 2025 | 10:54 PM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement