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India US trade deal: अमेरिका संग अंतरिम व्यापार करार 25 जून तक! 26% जवाबी शुल्क पर राहत की उम्मीद

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वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल भी व्यापार वार्ता को गति देने के लिए पिछले सप्ताह वाशिंगटन में थे।

Last Updated- May 28, 2025 | 11:11 PM IST
India US Trade Deal

India US trade deal: भारत और अमेरिका 25 जून तक अंतरिम व्यापार समझौते पर सहमत हो सकते हैं। सूत्रों ने यह जानकारी दी। द्विपक्ष्रीय व्यापार वार्ता के लिए अमेरिकी अधिकारियों का एक दल अगले महीने भारत आने वाला है। सूत्रों ने बताया कि बातचीत सही दिशा में आगे बढ़ रही है। भारत के मुख्य वार्ताकार एवं वाणिज्य विभाग में विशेष सचिव राजेश अग्रवाल पिछले हफ्ते चार दिन की वाशिंगटन यात्रा से वापस आए हैं। उन्होंने प्रस्तावित समझौते पर अमेरिकी वा​णिज्य सचिव के साथ बातचीत की। वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल भी व्यापार वार्ता को गति देने के लिए पिछले सप्ताह वाशिंगटन में थे। अपनी यात्रा के दौरान उन्होंने अमेरिकी वाणिज्य मंत्री हॉवर्ड लटनिक से दो बार मुलाकात की।

अमेरिका द्वारा भारत पर लगाए गए 26 फीसदी जवाबी शुल्क पर रोक 9 जुलाई को खत्म होने वाली है। ऐसे में दोनों पक्ष इससे पहले प्रस्तावित द्विपक्षीय व्यापार समझौते पर अंतरिम सहमति बनाना चाहते हैं। अमेरिका ने 2 अप्रैल को भारत से अमेरिका निर्यात किए जाने वाले उत्पादों पर 26 फीसदी जवाबी शुल्क लगाया था लेकिन बाद में इसे 9 जुलाई तक निलंबित कर दिया गया था। हालांकि भारतीय सामान पर अब भी अमेरिका द्वारा लगाया गया 10 फीसदी बुनियादी शुल्क लागू है।

अंतरिम व्यापार समझौते में भारत घरेलू वस्तुओं पर 26 फीसदी जवाबी शुल्क से पूरी छूट देने का दबाव बना रहा है। दोनों देशों ने प्रस्तावित द्विपक्षीय व्यापार समझौते के पहले चरण को इस साल के अंत तक पूरा करने का लक्ष्य रखा है। वित्त वर्ष 2024-25 में भी अमेरिका भारत का सबसे बड़ा व्यापारिक साझेदार बना रहा। यह लगातार चौथा साल है जब अमेरिका भारत का सबसे बड़ा व्यापारिक साझेदार है। दोनों देशों के बीच द्विपक्षीय व्यापार 131.84 अरब डॉलर का रहा।

भारत के कुल वस्तु निर्यात में अमेरिका की हिस्सेदारी करीब 18 फीसदी रही जबकि आयात में 6.22 फीसदी और देश के कुल वस्तु व्यापार में 10.73 फीसदी हिस्सेदारी रही। अमेरिका के साथ भारत का 2024-25 में वस्तुओं के मामले में व्यापार अधिशेष (आयात व निर्यात के बीच का अंतर) 41.18 अरब डॉलर रहा। 2023-24 में यह 35.32 अरब डॉलर, 2022-23 में 27.7 अरब डॉलर, 2021-22 में 32.85 अरब डॉलर और 2020-21 में 22.73 अरब डॉलर रहा था। दोनों व्यापारिक साझेदारों का 2030 तक द्विपक्षीय व्यापार को बढ़ाकर 500 अरब डॉलर तक पहुंचाने का लक्ष्य है।

वित्त मंत्रालय की एक रिपोर्ट के अनुसार भारत-अमेरिका द्विपक्षीय व्यापार समझौता अगर सफल रहा तो मौजूदा प्रतिकूल हालात से निपटना आसान होगा। इससे नए बाजार तक पहुंच बढ़ सकती है और निर्यात को बढ़ावा मिल सकता है। भारत द्विपक्षीय व्यापार को बढ़ावा देने के लिए अमेरिका के साथ प्रस्तावित समझौते में कपड़ा, रत्न एवं आभूषण, चमड़े के सामान, परिधान, प्लास्टिक, रसायन, झींगा, तिलहन, रसायन और अंगूर जैसे क्षेत्रों के लिए शुल्क रियायतें मांग रहा है।

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First Published - May 28, 2025 | 11:11 PM IST (बिजनेस स्टैंडर्ड के स्टाफ ने इस रिपोर्ट की हेडलाइन और फोटो ही बदली है, बाकी खबर एक साझा समाचार स्रोत से बिना किसी बदलाव के प्रकाशित हुई है।)

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