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नई यूनिकॉर्न कंपनियों से भारतीय अर्थव्यवस्था में 1 लाख करोड़ डॉलर जुड़ने की संभावना: CII

इससे देश में पांच करोड़ से अधिक रोजगार अवसर पैदा होंगे।

Last Updated- March 14, 2024 | 10:52 PM IST
There is no dearth of funds for good startups: Amitabh Kant

नई यूनिकॉर्न कंपनियों से भारतीय अर्थव्यवस्था में एक लाख करोड़ डॉलर जुड़ने की संभावना है और ये कंपनियां पांच करोड़ नए रोजगार के अवसर भी मुहैया कराएंगी। उद्योग मंडल भारतीय उद्योग परिसंघ (सीआईआई) ने गुरुवार को जारी एक अध्ययन रिपोर्ट में यह अनुमान जताया। यह रिपोर्ट मैकिंजी एंड कंपनी के सहयोग से तैयार की गई है।

एक अरब अमेरिकी डॉलर से अधिक मूल्य वाली स्टार्टअप कंपनियों को ‘यूनिकॉर्न’ के रूप में वर्गीकृत किया जाता है। सीआईआई की रिपोर्ट में वित्त वर्ष 2029-30 तक भारत की अर्थव्यवस्था सात लाख करोड़ डॉलर तक पहुंचने और उसमें स्टार्टअप कंपनियों का योगदान एक लाख करोड़ डॉलर होने की कल्पना की गई है।

इससे देश में पांच करोड़ से अधिक रोजगार अवसर पैदा होंगे। रिपोर्ट कहती है कि खुदरा और ई-कॉमर्स, अगली पीढ़ी की वित्तीय सेवाएं, विनिर्माण और सॉफ्टवेयर सेवा एवं डिजिटल जैसे क्षेत्र आने वाले वर्षों में बड़े पैमाने पर वृद्धि को गति देने के लिए तैयार हैं।

First Published - March 14, 2024 | 10:52 PM IST (बिजनेस स्टैंडर्ड के स्टाफ ने इस रिपोर्ट की हेडलाइन और फोटो ही बदली है, बाकी खबर एक साझा समाचार स्रोत से बिना किसी बदलाव के प्रकाशित हुई है।)

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