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कॉरपोरेट कंपनियां वोटिंग को बढ़ावा देने के लिए आगे आई, कर्मचारियों को छुट्टी और वर्क फ्रॉम जैसी पेशकश

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मल्टीप्लेक्स में भी वोटर्स को प्रेरित करने के लिए प्रचार किया जा रहा है। मतदान वाले दिन वोटर्स को मतदान केंद्रों पर लाने के लिए रेडियो के जरिये भी प्रोत्साहित किया जा रहा है।

Last Updated- April 23, 2024 | 11:43 PM IST
Assembly Elections 2024

Lok Sabha Elections 2024: बीते 19 अप्रैल को 18वीं लोक सभा चुनावों के पहले चरण का मतदान पूरा हुआ। उस रोज देश भर की 102 सीटों के लिए 65.5 फीसदी मतदाताओं ने अपने मताधिकार का प्रयोग किया। यह संख्या पिछली बार के चुनावों यानी साल 2019 के लोक सभा चुनावों के दौरान हुए 70 फीसदी मतदान से कम है।

निर्वाचन आयोग ने इस बार मतदाताओं की भागीदारी बढ़ाने के लिए विभिन्न संगठनों के साथ करार किया है। भारतीय कंपनियां भी कुछ पहलों के जरिये मतदाताओं को आकर्षित कर रही हैं। कई कंपनियां तो मतदान करने के लिए कर्मचारियों वैतनिक छुट्टी और घर से काम करने की पेशकश कर रही हैं।

कई कंपनियां ईमेल के जरिये विज्ञापन कर रही हैं, मल्टीप्लेक्स में भी मतदाताओं को प्रेरित करने के लिए प्रचार किया जा रहा है और मतदान वाले दिन मतदाताओं को मतदान केंद्रों पर लाने के लिए रेडियो के जरिये भी प्रोत्साहित किया जा रहा है।

डाबर इंडिया रेडियो के जरिये रणनीति तैयार कर रही है तो श्री सीमेंट सिने अभिनेता सनी देओल के जरिये ‘वोट सॉलिड, देश सॉलिड’ के नारे के साथ प्रचार कर रही है ताकि मतदाताओं को प्रोत्साहित किया जा सके।

मतदान के लिए लोगों को जागरूक करने में ई-कॉमर्स कंपनी फ्लिपकार्ट भी पीछे नहीं रहना चाहती है। कंपनी मतदान वाले दिन अपने कर्मचारियों को सवैतनिक छुट्टी की पेशकश कर रही है। वहीं फिटनेस फर्म फिटर के कर्मचारी मतदान कर सकें, इसके लिए कंपनी काम के घंटे को और लचीला बना रही है।

डाबर इंडिया के मार्केटिंग हेड (हेल्थ सप्लिमेंट्स) प्रशांत अग्रवाल ने कहा, ‘हमने लोगों को जागरूक करने के लिए देश भर के 40 रेडियो स्टेशनों के साथ करार किया है।’ हमारा अभियान लोगों को मतदान करने के लिए प्रोत्साहित करने के साथ-साथ कंपनी के उत्पाद ग्लूकोप्लस-सी का भी प्रचार करता है। अग्रवाल ने कहा, ‘रेडियो पर विज्ञापन के विचार के पीछे उद्देश्य है कि हमारी अपील अधिसंख्य लोगों तक पहुंचे खासकर उत्तरी और पूर्वी भारत के राज्यों में जहां के लोग चुनावी मौसम में अत्यधिक गर्मी और लू का प्रकोप झेल रहे हैं।’

अपने ‘वोट सॉलिड, देश सॉलिड’ अभियान के अलावा श्री सीमेंट अपनी वेबसाइट पर ‘वोट का वचन’ प्रतिज्ञा भी पेश कर रही है। श्री सीमेंट के प्रबंध निदेशक नीरज अखौरी ने कहा, ‘वेबसाइट पर आने वाली हर एक प्रतिज्ञा के लिए हम गैर-सरकारी संगठनों और स्वयं सहायता समूहों के साथ करार कर उन्हें 1 किलो बांगर सीमेंट दान करेंगे।’

युवा मतदाताओं का ध्यान आकर्षित करने के लिए ऑनलाइन डेटिंग प्लेटफॉर्म और डिजिटल म्यूजिक सर्विस भी केंद्र में आ गए हैं। टिंडर ने अपने उपयोगकर्ताओं की प्रोफाइल पर दिखाने के लिए वोटिंग पार्टनर नीडेड, फर्स्ट टाइम वोटर और आई वोटेड जैसे स्टिकर पेश किए हैं और स्पॉटिफाई ने प्ले योर पार्ट अभियान के लिए निर्वाचन आयोग के साथ करार किया है।

बाइक टैक्सी सेवा प्रदाता रैपिडो ने पहले चरण के चुनाव के दौरान मतदाताओं को फ्री बाइक राइड की पेशकश की थी और कंपनी ने अब कहा है कि वह देश के 23 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के 79 शहरों में यह पहल जारी रखेगी। यह सेवा सभी के लिए खुली है। मतदान केंद्र तक निःशुल्क यात्रा के लिए उपयोगकर्ता को कूपन कोड वोट नाऊ टाइप करना होगा। रैपिडो ने कहा, ‘हमारा लक्ष्य न केवल कर्मचारियों को प्रोत्साहित करना है बल्कि उन्हें मतदान के लिए सक्षम बनाना भी है।’

अहमदाबाद की वित्त प्रबंधन कंपनी एमपी फाइनैंशियल सर्विसेज ने जनहित विज्ञापन पेश किया है। एमपी फाइनैंशियल सर्विसेज के संस्थापक और मुख्य कार्य अधिकारी मिहिर पारिख ने कहा, ‘लोगों को मतदान करने और संपन्न लोकतंत्र निर्माण में योगदान के लिए प्रोत्साहित करने के लिए सिनेमाघरों और मल्टीप्लेक्स में इंटरवल के दौरान विज्ञापन प्रसारित किया जा रहा है।’

भारतीय कंपनियों ने अपने मतदान केंद्रों के अलावा अन्य जगहों पर तैनात कर्मचारियों के लिए भी कदम उठाए हैं। केपीएमजी इंडिया के प्रवक्ता ने कहा, ‘सभी कर्मचारियों को उनके कार्यालय के आधार पर मतदान के लिए विशेष छुट्टी दी जा रही है। जिन कर्मचारियों को अपने आधिकारिक स्थान से मतदान क्षेत्र तक जाने की जरूरत होती है वे अपने प्रबंधक को बताकर इसका फायदा ले सकते हैं।’ इस बीच, टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज ने कहा कि वह निर्वाचन आयोग के दिशा-निर्देशों का पालन करेगी।

लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम, 1951 के तहत मतदान क्षेत्र के भीतर व्यवसायों और प्रतिष्ठानों को मतदान वाले दिन छुट्टी देनी होती है। इसी तरह कर्मचारी भी बगैर वेतन कटाए छुट्टी के हकदार होते हैं। चूंकि, वैश्विक महामारी कोविड-19 के बाद पहली बार आम चुनाव हो रहे हैं इसलिए इस बार घर से काम करने की सहूलियत मिलने से कई कर्मचारी मतदान करने में सक्षम हैं।

फिटर में हेड ऑफ पीपल मैनेजमेंट प्रियंका खंडेलवाल ने कहा, ‘हम अपने कर्मचारियों को छुट्टी और घर से काम करने की सुविधा सहित लचीली कार्य व्यवस्था की पेशकश कर रहे हैं। हम अपने ग्राहकों को एक खास ईमेल भेज रहे हैं जिसमें चुनाव संबंधी जानकारियां हैं और उन्हें मतदान के लिए प्रोत्साहित कर रहे हैं।’

आईटी सेवा फर्म हैप्पिएस्ट माइंड्स टेक्नोलॉजीज के शीर्ष अधिकारी ‘अपनी अंगुली पर स्याही लगाएं (इंक योर फिंगर)’, ‘अपने अधिकार का प्रयोग करें (एक्सरसाइज योर राइट)’ और ‘लोकतंत्र के महापर्व का हिस्सा बनें (पार्टिसिपेट इन द लार्जेस्ट फेस्टिवल ऑफ डेमोक्रेसी)’ जैसे अभियान चला रहे हैं।

हैप्पिएस्ट माइंड्स टेक्नोलॉजीज के प्रबंध निदेशक और मुख्य वित्त अधिकारी वेंकटरमण नारायणन ने कहा कि हम उदाहरण स्थापित करना चाहते हैं। उन्होंने कहा, ‘हमने चुनावों के दौरान छुट्टी की प्रक्रिया को सरल बनाने के लिए अपने मानव संसाधन प्रबंधन प्रणाली को भी अपडेट किया है।’

लोगों की भावना को दर्शाते हुए श्री सीमेंट के अखौरी ने कहा, ‘हमने स्थानीय अधिकारियों और प्रखंड कार्यालयों के साथ करार किया है और पहली बार मतदान करने वालों के पहचान पत्र के लिए शिविर भी लगाए हैं।’ उन्होंने कहा कि यह पहल न केवल कर्मचारियों या फिर उनके परिवारों के लिए है बल्कि देश भर में जहां-जहां उनके कारखाने हैं, वहां के आसपास के इलाकों तक के लिए हैं।

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First Published - April 23, 2024 | 10:44 PM IST

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