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कांग्रेस नेता चिदंबरम ने चुनावी बॉन्ड को बताया ‘वैध रिश्वत’, कहा- भाजपा के लिए एक ‘सुनहरी फसल’

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चिदंबरम ने कहा, ‘पिछले रिकॉर्ड पर गौर करें, तो तथाकथित गुप्त दान का 90 फीसदी हिस्सा भाजपा के खाते में जाएगा।'

Last Updated- September 30, 2023 | 1:27 PM IST
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कांग्रेस के वरिष्ठ नेता पी चिदंबरम ने शनिवार को चुनावी बॉन्ड को ‘‘वैध रिश्वत’’ बताया और दावा किया कि चूंकि, चार अक्टूबर को इनकी नई किस्त जारी होगी, तो यह भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के लिए एक ‘‘सुनहरी फसल’’ होगी।

चुनावी बॉन्ड की 28वीं किस्त जारी 4 अक्टूबर से होगी शुरू

सरकार ने शुक्रवार को चुनावी बॉन्ड की 28वीं किस्त जारी करने की मंजूरी दे दी। यह चार अक्टूबर से 10 दिनों तक बिक्री के लिए उपलब्ध रहेगा। यह फैसला राजस्थान, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, तेलंगाना और मिजोरम में इस साल प्रस्तावित विधानसभा चुनावों के मद्देनजर लिया गया है। इन राज्यों में चुनाव की तारीखों की जल्द ही घोषणा हो सकती है।

चिदंबरम ने सोशल मीडिया मंच ‘X’ (पूर्व में ट्विटर) पर कहा कि चुनावी बॉन्ड की 28वीं किस्त चार अक्टूबर से शुरू होगी। उन्होंने कहा, ‘यह भाजपा के लिए सुनहरी फसल होगी। पिछले रिकॉर्ड पर गौर करें, तो तथाकथित गुप्त दान का 90 फीसदी हिस्सा भाजपा के खाते में जाएगा।’

पूर्व केंद्रीय मंत्री ने कहा, ‘करीबी पूंजीपति दिल्ली में अपने स्वामी को ‘चढ़ावा’ चढ़ाने के लिए अपनी चेकबुक खोलेंगे।’ चिदंबरम ने कहा कि चुनावी बॉन्ड ‘वैध रिश्वत’ होते हैं। राजनीतिक दलों को दिए जाने वाले चंदे में पारदर्शिता लाने के प्रयासों के तहत चुनावी बॉन्ड की व्यवस्था लाई गई थी।

सिर्फ SBI ही जारी कर सकता है चुनावी बॉन्ड

चुनावी बॉन्ड की पहली किस्त की बिक्री मार्च 2018 में हुई थी। चुनावी बॉन्ड जारी करने के लिए सिर्फ भारतीय स्टेट बैंक (SBI) ही अधिकृत बैंक है। चुनावी बॉन्ड को भारतीय नागरिक या देश में गठित या स्थापित कंपनियां खरीद सकती हैं। पिछले लोकसभा या विधानसभा चुनाव में कम-से-कम एक प्रतिशत मत पाने वाले राजनीतिक दल चुनावी बॉन्ड के जरिये चंदा हासिल कर सकते हैं।

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First Published - September 30, 2023 | 1:27 PM IST (बिजनेस स्टैंडर्ड के स्टाफ ने इस रिपोर्ट की हेडलाइन और फोटो ही बदली है, बाकी खबर एक साझा समाचार स्रोत से बिना किसी बदलाव के प्रकाशित हुई है।)

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