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अंबुजा-एसीसी कार्यालय परिसरों पर बड़ी रकम खर्च करेगी, अहमदाबाद और दिल्ली में नए ऑफिस बनाने की योजना

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कई विश्लेषकों ने इस पूंजीगत व्यय के औचित्य पर सवाल उठाए, जिसमें भूमि खरीद, निर्माण और संबंधित लागत शामिल थी।

Last Updated- August 12, 2024 | 11:28 PM IST
अंबुजा-एसीसी कार्यालय परिसरों पर बड़ी रकम खर्च करेगी, अहमदाबाद और दिल्ली में नए ऑफिस बनाने की योजना Ambuja-ACC will spend huge amount on office complexes, plans to build new offices in Ahmedabad and Delhi

गौतम अदाणी प्रवर्तित अंबुजा सीमेंट्स ने अपने लिए दो कार्यालय बनाने पर करीब 1,000 करोड़ रुपये खर्च करने की योजना बनाई है। इनमें अहमदाबाद में एक सीमेंट हाउस और दूसरा दिल्ली में एक क्षेत्रीय कार्यालय होगा।

अंबुजा सीमेंट्स के मुख्य वित्तीय अधिकारी विनोद बाहेती ने पिछले सप्ताह विश्लेषकों के साथ बातचीत में कहा, ‘हम अहमदाबाद में सीमेंट हाउस का निर्माण कर रहे हैं और इस पर करीब 600-700 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे।’

यह निर्णय पिछले वित्तीय वर्ष में कंपनी द्वारा एसीसी (अंबुजा सीमेंट्स की सहायक कंपनी) का पंजीकृत पता मुंबई से बदलकर अहमदाबाद के शांतिग्राम में अदाणी कॉरपोरेट हाउस करने के बाद लिया गया है। इस संबंध में ज्यादा जानकारी हासिल करने के लिए शुक्रवार को अंबुजा सीमेंट्स को भेजे गए ईमेल का जवाब अभी तक नहीं मिला है।

विश्लेषकों के साथ बातचीत में बाहेती ने कहा, ‘दूसरा दफ्तर क्षेत्रीय कार्यालय के रूप में दिल्ली में होगा और उसकी लागत 500 करोड़ रुपये से कम होगी। इसलिए अहमदाबाद और दिल्ली में बनने वाली दोनों भवनों की लागत करीब 1,000 करोड़ रुपये होगी।’

स्टॉक एक्सचेंज के खुलासे के रूप में इस बातचीत की एक प्रतिलिपि उपलब्ध है। बातचीत में कंपनी के मुख्य कार्यकारी अधिकारी अजय कपूर ने कहा कि कार्यालय भवन से संबंधित पूंजी व्यय का जिक्र एसीसी के बहीखाते में है।

एक विश्लेषक ने नाम नहीं बताने के अनुरोध पर कहा, ‘इतना ज्यादा खर्च और दिल्ली में क्षेत्रीय कार्यालय की जरूरत होना आश्चर्यजनक है।’ यह स्पष्ट नहीं है कि इस आगामी खर्च में भूमि की लागत शामिल है या नहीं।

एसीसी के मुंबई कार्यालय की इमारत (सीमेंट हाउस) धरोहर संपदा है और हाल तक उसका पंजीकृत कार्यालय रही है। समूह के अन्य व्यवसायों के लिए भी दक्षिण मुंबई के इस कार्यालय का इस्तेमाल किया जाएगा या नहीं, इसका अभी पता नहीं चल पाया है।

2020 में कल्पतरु पावर ट्रांसमिशन ने मुंबई में 377 करोड़ रुपये के नए कार्यालय के निर्माण की पूंजीगत व्यय योजना को स्थगित कर दिया था। कई विश्लेषकों ने इस पूंजीगत व्यय के औचित्य पर सवाल उठाए, जिसमें भूमि खरीद, निर्माण और संबंधित लागत शामिल थी।

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First Published - August 12, 2024 | 10:15 PM IST

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