facebookmetapixel
Advertisement
राज्य की प्रतिक्रिया और अभिव्यक्ति की सीमाएं testtestभारत का डिफेंस प्रोडक्शन ऑल-टाइम हाई पर, FY26 में15.6% बढ़कर ₹1.78 लाख करोड़ पर पहुंचाHCL Tech के नतीजों की तारीख तय, 13 जुलाई को आएगा रिपोर्ट कार्ड; डिविडेंड पर भी होगा फैसलारिटर्न कहीं और, निवेश कहीं और! क्या सही फंड चुन रहे हैं निवेशक? एक्सपर्ट से समझेंAI के दम पर नई छलांग की तैयारी में Coforge? शेयर में 50% तक तेजी की उम्मीद, एक्सपर्ट्स बुलिशकच्चा तेल सस्ता हो रहा है, फिर पेट्रोल-डीजल क्यों नहीं?20 लाख रुपये से ज्यादा पैकेज वाली नौकरियों में उछाल, ब्रोकरेज ने बताए 4 पसंदीदा IT स्टॉक्सJio IPO का इंतजार खत्म! ₹4 अरब के मेगा IPO की तैयारी तेज, जल्द दाखिल होंगे ड्राफ्ट पेपरसरकार के आदेश के खिलाफ Telegram का पलटवार, Delhi HC पहुंची याचिकाब्राजील में पेट्रोल से 70% सस्ता, भारत में सिर्फ 20%: क्या फ्लेक्स-फ्यूल बनेगा हिट? बता रहे एक्सपर्ट

ब्रेंट के $65 तक फिसलने का अनुमान, HPCL, BPCL और IOC के शेयरों में बन सकता है 69% तक रिटर्न

Advertisement

अमेरिका-ईरान शांति समझौते की उम्मीदों से कच्चे तेल में नरमी, OMC कंपनियों की कमाई में सुधार के संकेत; HPCL, BPCL और IOC पर BUY रेटिंग बरकरार

Last Updated- June 16, 2026 | 9:47 AM IST
Oil Stocks

Oil Stocks: अमेरिका और ईरान के बीच संभावित शांति समझौते की उम्मीदों के बीच कच्चे तेल की कीमतों में आई तेज गिरावट का फायदा देश की सरकारी तेल मार्केटिंग कंपनियों (OMCs) को मिलने लगा है। पेट्रोल और डीजल की कीमतों में हालिया बढ़ोतरी और कच्चे तेल के नरम पड़ने से कंपनियों की कमाई में सुधार के संकेत दिख रहे हैं। बाजार का मानना है कि अगर पश्चिम एशिया में हालात सामान्य होते हैं तो आने वाले महीनों में तेल कंपनियों की स्थिति और मजबूत हो सकती है।

कच्चे तेल की कीमतों में आई बड़ी नरमी

अप्रैल की शुरुआत में ब्रेंट क्रूड 125 डॉलर प्रति बैरल से ऊपर पहुंच गया था। लेकिन अब यह घटकर करीब 83 डॉलर प्रति बैरल रह गया है। तेल बाजार में आई इस नरमी से सरकारी तेल कंपनियों पर दबाव कम हुआ है। पेट्रोल और डीजल की कीमतों में हुई बढ़ोतरी ने भी कंपनियों की कमाई को सहारा दिया है।

Oil Stocks: घाटे से उबरती दिख रही हैं कंपनियां

युद्ध के दौरान तेल कंपनियों को पेट्रोल और डीजल बेचने पर भारी नुकसान उठाना पड़ा था। लेकिन अब हालात तेजी से बदल रहे हैं। ऑटो फ्यूल कारोबार में कंपनियां लगभग सामान्य मुनाफे के स्तर के करीब पहुंच चुकी हैं। इससे निवेशकों का भरोसा भी बढ़ा है और पिछले एक महीने में OMC शेयरों में अच्छी तेजी देखने को मिली है।

यह पढ़ें: रिलायंस, HPCL, BPCL या L&T? 19 जून से पहले कौन से शेयर बन सकते हैं स्टार, बता रहे एक्सपर्ट

आगे और मिल सकती है राहत

अगर अमेरिका और ईरान के बीच समझौता होता है और होर्मुज जलडमरूमध्य से तेल आपूर्ति पूरी तरह सामान्य हो जाती है तो कच्चे तेल की कीमतों में और गिरावट आ सकती है। इससे तेल कंपनियों की कमाई और बेहतर होने की संभावना है।

Oil Stocks: ब्रोकरेज क्या कह रहा है?

एंटीक स्टॉक ब्रोकिंग की रिपोर्ट के मुताबिक, OMC कंपनियों के लिए हालात अब पहले से बेहतर दिख रहे हैं। ब्रोकरेज का अनुमान है कि अगले कुछ महीनों में ब्रेंट क्रूड 75 डॉलर प्रति बैरल से नीचे जा सकता है। ऐसे में कंपनियां पेट्रोल और डीजल पर 5 रुपये प्रति लीटर से ज्यादा का मुनाफा कमा सकती हैं।

हालांकि रसोई गैस (LPG) कारोबार में कंपनियों पर दबाव बना हुआ है। मार्च से जून के बीच LPG पर अंडर-रिकवरी काफी ऊंचे स्तर पर रही है। हालांकि हाल में सिलेंडर की कीमतों में हुई बढ़ोतरी से इस बोझ में कुछ कमी आने की उम्मीद है।

Oil Stocks: किन शेयरों पर है दांव?

एंटीक स्टॉक ब्रोकिंग ने HPCL, BPCL और IOC पर ‘Buy’ रेटिंग बरकरार रखी है। ब्रोकरेज की पहली पसंद HPCL है। रिपोर्ट में HPCL के लिए 679 रुपये, BPCL के लिए 518 रुपये और IOC के लिए 200 रुपये का टारगेट प्राइस दिया गया है।

कच्चे तेल को लेकर क्या है अनुमान?

रिपोर्ट के मुताबिक, आने वाले महीनों में वैश्विक तेल बाजार में सप्लाई बढ़ सकती है। ईरान, रूस और ओपेक देशों से अतिरिक्त उत्पादन आने की संभावना है, जबकि मांग उतनी तेजी से नहीं बढ़ रही। ऐसे में अगले 6 से 9 महीनों में ब्रेंट क्रूड 65-70 डॉलर प्रति बैरल तक आ सकता है, जो OMC कंपनियों के लिए अच्छी खबर मानी जा रही है।

कंपनी मौजूदा भाव (CMP) रेटिंग टारगेट प्राइस संभावित बढ़त*
हिंदुस्तान पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन (HPCL) 402 रुपये BUY 679 रुपये लगभग 69%
भारत पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन (BPCL) 310 रुपये BUY 518 रुपये लगभग 67%
इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन (IOC) 144 रुपये BUY 200 रुपये लगभग 39%

(डिस्क्लेमर: यहां दी गई राय ब्रोकरेज की है। बिज़नेस स्टैंडर्ड इन विचारों से सहमत होना जरूरी नहीं समझता और निवेश से पहले पाठकों को अपनी समझ से फैसला करने की सलाह देता है।)

Advertisement
First Published - June 16, 2026 | 9:40 AM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement