facebookmetapixel
Advertisement
राज्य की प्रतिक्रिया और अभिव्यक्ति की सीमाएं testtestभारत का डिफेंस प्रोडक्शन ऑल-टाइम हाई पर, FY26 में15.6% बढ़कर ₹1.78 लाख करोड़ पर पहुंचाHCL Tech के नतीजों की तारीख तय, 13 जुलाई को आएगा रिपोर्ट कार्ड; डिविडेंड पर भी होगा फैसलारिटर्न कहीं और, निवेश कहीं और! क्या सही फंड चुन रहे हैं निवेशक? एक्सपर्ट से समझेंAI के दम पर नई छलांग की तैयारी में Coforge? शेयर में 50% तक तेजी की उम्मीद, एक्सपर्ट्स बुलिशकच्चा तेल सस्ता हो रहा है, फिर पेट्रोल-डीजल क्यों नहीं?20 लाख रुपये से ज्यादा पैकेज वाली नौकरियों में उछाल, ब्रोकरेज ने बताए 4 पसंदीदा IT स्टॉक्सJio IPO का इंतजार खत्म! ₹4 अरब के मेगा IPO की तैयारी तेज, जल्द दाखिल होंगे ड्राफ्ट पेपरसरकार के आदेश के खिलाफ Telegram का पलटवार, Delhi HC पहुंची याचिकाब्राजील में पेट्रोल से 70% सस्ता, भारत में सिर्फ 20%: क्या फ्लेक्स-फ्यूल बनेगा हिट? बता रहे एक्सपर्ट

म्यूचुअल फंड में फिर लौटा निवेशकों का भरोसा, कमोडिटी ETF को पछाड़ आगे निकले ऐक्टिव इक्विटी फंड

Advertisement

फरवरी से अप्रैल 2026 की अवधि के दौरान ऐक्टिव इक्विटी योजनाओं में करीब 15 लाख खाते या फोलियो जोड़े गए

Last Updated- May 17, 2026 | 10:18 PM IST
Mutual Funds Stocks
प्रतीकात्मक तस्वीर | फाइल फोटो

हाल के महीनों में ऐक्टिव इक्विटी योजनाएं एक बार फिर निवेशकों की पसंद बनकर उभरी हैं। नए फोलियो यानी खाते जोड़ने के मामले में कमोडिटी एक्सचेंज ट्रेडेड फंडों (ईटीएफ) से कुछ समय पीछे रहने के बाद इन्होंने फिर से अपनी बढ़त बना ली है। फरवरी से अप्रैल 2026 की अवधि के दौरान ऐक्टिव इक्विटी योजनाओं में करीब 15 लाख खाते या फोलियो जोड़े गए। इसके विपरीत, इसी अवधि में सोने और चांदी के ईटीएफ में नए फोलियो जोड़ने की गति में भारी गिरावट आई। अकेले अप्रैल में ही कमोडिटी ईटीएफ में लगभग 20,000 खातों की शुद्ध कमी देखी गई।

सितंबर 2025 से फरवरी 2026 के बीच गोल्ड और सिल्वर ईटीएफ में रिकॉर्ड संख्या में नए फोलियो जुड़े थे। इसकी वजह सोने और चांदी की कीमतों में जबरदस्त तेजी के बीच निवेशकों का इन कीमती धातुओं में निवेश के लिए तेजी से आगे आना रहा। इस दौरान कमोडिटी ईटीएफ ने तीन मौकों पर-अक्टूबर 2025, दिसंबर 2025 और जनवरी 2026 – मासिक फोलियो जोड़ने के मामले में ऐक्टिव इक्विटी योजनाओं को पीछे छोड़ दिया। इस रुझान को इक्विटी बाज़ारों में अस्थिरता बढ़ने से भी मदद मिली। लिहाजा, ऐक्टिव इक्विटी फंडों में नए खाते खोलने की गति धीमी पड़ गई थी।

लेकिन हाल के महीनों में इक्विटी योजनाओं में फोलियो जोड़ने की रफ्तार बढ़ी है क्योंकि बाजार में आई गिरावट ने निवेशकों को निवेश के आकर्षक अवसर दिए हैं। नए फोलियो जोड़ने में सबसे ज्यादा हिस्सेदारी फ्लेक्सीकैप, मिडकैप और स्मॉलकैप फंडों की रही।

Advertisement
First Published - May 17, 2026 | 10:18 PM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement