facebookmetapixel
Advertisement
राज्य की प्रतिक्रिया और अभिव्यक्ति की सीमाएं testtestभारत का डिफेंस प्रोडक्शन ऑल-टाइम हाई पर, FY26 में15.6% बढ़कर ₹1.78 लाख करोड़ पर पहुंचाHCL Tech के नतीजों की तारीख तय, 13 जुलाई को आएगा रिपोर्ट कार्ड; डिविडेंड पर भी होगा फैसलारिटर्न कहीं और, निवेश कहीं और! क्या सही फंड चुन रहे हैं निवेशक? एक्सपर्ट से समझेंAI के दम पर नई छलांग की तैयारी में Coforge? शेयर में 50% तक तेजी की उम्मीद, एक्सपर्ट्स बुलिशकच्चा तेल सस्ता हो रहा है, फिर पेट्रोल-डीजल क्यों नहीं?20 लाख रुपये से ज्यादा पैकेज वाली नौकरियों में उछाल, ब्रोकरेज ने बताए 4 पसंदीदा IT स्टॉक्सJio IPO का इंतजार खत्म! ₹4 अरब के मेगा IPO की तैयारी तेज, जल्द दाखिल होंगे ड्राफ्ट पेपरसरकार के आदेश के खिलाफ Telegram का पलटवार, Delhi HC पहुंची याचिकाब्राजील में पेट्रोल से 70% सस्ता, भारत में सिर्फ 20%: क्या फ्लेक्स-फ्यूल बनेगा हिट? बता रहे एक्सपर्ट

ग्लोबल इमर्जिंग-मार्केट फंडों का पसंदीदा बना HDFC Bank, हासिल की 71% हिस्सेदारी

Advertisement

वर्ष 2023 में मूल कंपनी हाउसिंग डेवलपमेंट फाइनैंस कॉरपोरेशन (HDFC) के साथ विलय के बाद से बैंक का महत्व और बढ़ गया

Last Updated- August 28, 2025 | 11:01 PM IST
HDFC Bank Leadership crisis

स्मार्टकर्मा पर प्रकाशित होने वाले कोपले फंड रिसर्च के विश्लेषक स्टीवन होल्डन के अनुसार एचडीएफसी बैंक ने वैश्विक पोर्टफोलियो में अपनी पहचान इमर्जिंग-मार्केट (ईएम) के सबसे महत्त्वपूर्ण बैंक के रूप में बनाई है। भारत के इस सबसे मूल्यवान ऋणदाता में अब सक्रिय रूप से प्रबंधित सभी ईएम फंडों की 71 प्रतिशत हिस्सेदारी है जो होल्डन के 17 वर्षों के डेटासेट में सबसे अधिक प्रतिनिधित्व है। सिर्फ पिछले छह महीनों में 13 नए फंडों ने पोजीशन शुरू की हैं। केवल एक बाहर निकला है। होल्डन ने कहा, ‘एचडीएफसी बैंक सक्रिय ईएम प्रबंधकों के बीच लंबे समय से ओवरवेट रहा है। हालांकि एमएससीआई ईएम इंडेक्स में शामिल होने के बाद से इस ‘ओवरवेट’ की ताकत घटी है। फिर भी हमारे विश्लेषण में आधे से ज्यादा प्रबंधक बेंचमार्क के मुकाबले इस शेयर पर ‘ओवरवेट’ बने हुए हैं।’

वर्ष 2023 में मूल कंपनी हाउसिंग डेवलपमेंट फाइनैंस कॉरपोरेशन (एचडीएफसी) के साथ विलय के बाद से बैंक का रणनीतिक महत्त्व और बढ़ गया है। इस एकीकरण से एक बड़ी बैलेंस शीट तैयार हुई है, खुदरा पहुंच बढ़ी है और उसकी फंडिंग प्रोफाइल में सुधार हुआ है, जिससे आईसीआईसीआई बैंक, मैक्सिको के बैनोर्टे, इंडोनेशिया के बैंक सेंट्रल एशिया और यहां तक कि चाइना कंस्ट्रक्शन बैंक जैसे प्रतिद्वंद्वियों की तुलना में उसमें ज्यादा मजबूत निवेश हुआ है।

कई ‘एग्रेसिव ग्रोथ’ फंडों के लिए एचडीएफसी बैंक उनकी होल्डिंग का आधार बन गया है। कम से कम चार- फ्लॉसबैक वॉन स्टोर्च, आरबीसी, वैनएक और स्विट्जरलैंड के अमोनिस- के पास 7 प्रतिशत से अ​धिक का आवंटन है, जो बैंक के के प्रति उनकी दिलचस्पी दर्शाता है। एचडीएफसी बैंक में औसत पोर्टफोलियो भार इस समय 1.78 प्रतिशत है जो 2023 के ऊंचे स्तर से थोड़ा नीचे है लेकिन ऐतिहासिक मानदंडों से ऊपर है।

पिछले एक साल में, बैंक का शेयर लगभग 20 प्रतिशत चढ़ा है और उसने एमएससीआई ईएम इंडेक्स से बेहतर प्रदर्शन किया है तथा निफ्टी 50 को भी पीछे छोड़ा है। निफ्टी-50 पिछले एक साल में करीब 1.5 प्रतिशत फिसल गया है।

इस समय 47 विश्लेषकों ने एचडीएफसी बैंक के शेयर पर ‘खरीदें’और 2 ने ‘होल्ड’ रेटिंग दे रखी है। ब्लूमबर्ग ने 12 महीने का कीमत लक्ष्य 1,130 रुपये रखा है जो मौजूदा स्तर से 18 प्रतिशत की वृद्धि बताता है। बीएनपी पारिबा 1,385 रुपये के कीमत लक्ष्य के साथ इस शेयर पर आशा​न्वित है।

एचडीएफसी बैंक ने हाल में हरेक एक शेयर के लिए एक बोनस शेयर दिया है। जेपी मॉर्गन ने इस शेयर पर ‘तटस्थ’ रेटिंग दी है और सितंबर 2026 के लिए 1,050 रुपये का कीमत लक्ष्य तय किया है।

Advertisement
First Published - August 28, 2025 | 10:41 PM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement