facebookmetapixel
Advertisement
राज्य की प्रतिक्रिया और अभिव्यक्ति की सीमाएं testtestभारत का डिफेंस प्रोडक्शन ऑल-टाइम हाई पर, FY26 में15.6% बढ़कर ₹1.78 लाख करोड़ पर पहुंचाHCL Tech के नतीजों की तारीख तय, 13 जुलाई को आएगा रिपोर्ट कार्ड; डिविडेंड पर भी होगा फैसलारिटर्न कहीं और, निवेश कहीं और! क्या सही फंड चुन रहे हैं निवेशक? एक्सपर्ट से समझेंAI के दम पर नई छलांग की तैयारी में Coforge? शेयर में 50% तक तेजी की उम्मीद, एक्सपर्ट्स बुलिशकच्चा तेल सस्ता हो रहा है, फिर पेट्रोल-डीजल क्यों नहीं?20 लाख रुपये से ज्यादा पैकेज वाली नौकरियों में उछाल, ब्रोकरेज ने बताए 4 पसंदीदा IT स्टॉक्सJio IPO का इंतजार खत्म! ₹4 अरब के मेगा IPO की तैयारी तेज, जल्द दाखिल होंगे ड्राफ्ट पेपरसरकार के आदेश के खिलाफ Telegram का पलटवार, Delhi HC पहुंची याचिकाब्राजील में पेट्रोल से 70% सस्ता, भारत में सिर्फ 20%: क्या फ्लेक्स-फ्यूल बनेगा हिट? बता रहे एक्सपर्ट

Reliance Power का शेयर बाजार खुलते ही 5% चढ़ा, इस वजह से आया उछाल

Advertisement

रिलायंस पावर का शेयर 18 सितंबर को सुबह 9:30 बजे एनएसई (NSE) पर 5 प्रतिशत बढ़कर ₹32.97 पर कारोबार कर रहा था।

Last Updated- September 18, 2024 | 10:28 AM IST
Anil Ambani

RPower Shares: रिलायंस पावर ने 17 सितंबर को अपनी पूर्व सहायक कंपनी विदर्भ इंडस्ट्रीज पावर लिमिटेड (वीआईपीएल) से जुड़े ₹3,872.04 करोड़ के बड़े कर्ज के निपटान की घोषणा की है। इस एलान के बाद कंपनी के शेयरों में बड़ा उछाल देखने को मिला है।

रिलायंस पावर का शेयर 18 सितंबर को सुबह 9:30 बजे एनएसई (NSE) पर 5 प्रतिशत बढ़कर ₹32.97 पर कारोबार कर रहा था। एनएसई के अनुसार, रिलायंस पावर के शेयर की कीमत 28 अगस्त, 2024 को ₹38.11 पर 52-सप्ताह के हाई लेवल पर पहुंच गई।

वहीं, रिलायंस पावर का शेयर 17 सितंबर को बीएसई (BSE) पर हरे निशान में 1 प्रतिशत बढ़कर ₹31.41 पर बंद हुआ था।

एक्सचेंज फाईलिंग के अनुसार, VIPL, जिसने RPower के समेकित राजस्व में मात्र 0.11 प्रतिशत (₹8.73 करोड़) का योगदान दिया और पिछले वित्त वर्ष में ₹3,086.29 करोड़ की नकारात्मक शुद्ध संपत्ति रखी, 19 सितंबर, 2024 से RPower की सहायक कंपनी नहीं रहेगी।

रिलायंस पावर को मिला बड़ा कॉन्ट्रैक्ट

बता दें कि रिलायंस पावर लिमिटेड ने देश के अक्षय ऊर्जा और भंडारण क्षेत्र में बड़ा कदम उठाया है और 500 मेगावॉट/1,000 मेगावॉट प्रति घंटा बैटरी ऊर्जा भंडारण प्रणाली (BESS) के लिए कांट्रैक्ट हासिल किया है।

बिजली उत्पादन कंपनी ने सोमवार को जारी बयान में कहा कि उसने सोलर एनर्जी कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया (एसईसीआई) से ऑर्डर हासिल किया है, जिसने देश की ऊर्जा भंडारण क्षमताओं को बढ़ाने के लिए किए जा रहे अपने प्रयासों के तहत ई-रिवर्स नीलामी (ईआरए) आयोजित की थी।

यह देश में इस तरह के सबसे बड़े कांट्रेक्ट में से एक है जो 1,000 मेगावॉट/2,000 मेगावॉट प्रति घंटे के लिए बीईएसएस की एकल इकाइयों की व्यापक निविदा का हिस्सा है। विज्ञप्ति में कहा गया है कि ये इकाइयां बिल्ड, ऑन और ऑपरेट (बीओओ) मॉडल के तहत परिचालित होंगी और इन्हें मांग के आधार पर इस्तेमाल के लिए तैयार किया गया है।

11 सितंबर को आयोजित इस नीलामी में रिलायंस पावर ने प्रति माह प्रति मेगावॉट 3.819 लाख रुपये के शुल्क की बोली लगाई थी। इस नीलामी की अन्य बोलीदाताओं में अवाडा एनर्जी, एक्मे क्लीनटेक, जेनसोल और इंडिग्रिड शामिल थीं।

Advertisement
First Published - September 18, 2024 | 10:22 AM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement