facebookmetapixel
Advertisement
राज्य की प्रतिक्रिया और अभिव्यक्ति की सीमाएं testtestभारत का डिफेंस प्रोडक्शन ऑल-टाइम हाई पर, FY26 में15.6% बढ़कर ₹1.78 लाख करोड़ पर पहुंचाHCL Tech के नतीजों की तारीख तय, 13 जुलाई को आएगा रिपोर्ट कार्ड; डिविडेंड पर भी होगा फैसलारिटर्न कहीं और, निवेश कहीं और! क्या सही फंड चुन रहे हैं निवेशक? एक्सपर्ट से समझेंAI के दम पर नई छलांग की तैयारी में Coforge? शेयर में 50% तक तेजी की उम्मीद, एक्सपर्ट्स बुलिशकच्चा तेल सस्ता हो रहा है, फिर पेट्रोल-डीजल क्यों नहीं?20 लाख रुपये से ज्यादा पैकेज वाली नौकरियों में उछाल, ब्रोकरेज ने बताए 4 पसंदीदा IT स्टॉक्सJio IPO का इंतजार खत्म! ₹4 अरब के मेगा IPO की तैयारी तेज, जल्द दाखिल होंगे ड्राफ्ट पेपरसरकार के आदेश के खिलाफ Telegram का पलटवार, Delhi HC पहुंची याचिकाब्राजील में पेट्रोल से 70% सस्ता, भारत में सिर्फ 20%: क्या फ्लेक्स-फ्यूल बनेगा हिट? बता रहे एक्सपर्ट

मजबूत तेजी के बाद 5 पैसे की बढ़त पर सिमटा रुपया

Advertisement

फेड चेयरमैन के भाषण से पहले कारोबारियों ने सतर्कता बरतने पर जोर दिया

Last Updated- March 06, 2023 | 8:46 PM IST

सोमवार को शुरुआती कारोबार में शानदार तेजी दर्ज करने के बाद रुपये ने अपनी ज्यादातर बढ़त गंवा दी और अमेरिकी डॉलर के मुकाबले चढ़कर बंद हुआ। डीलरों का कहना है कि कुछ बैंकों द्वारा RBI की तरफ से डॉलर खरीदने से रुपये में बढ़त कुछ हद तक बरकरार रही।

सोमवार को अमेरिकी डॉलर के मुकाबले रुपया 81.92 पर बंद हुआ, जबकि इसका पूर्ववर्ती बंद भाव 81.97 था। इस तरह से सोमवार को इसमें 5 पैसे की हल्की बढ़त दर्ज की गई। शुक्रवार को डॉलर के मुकाबले रुपये में 62 पैसे की तेजी आई थी और मजबूत वै​श्विक निवेश प्रवाह की वजह से वह एक महीने की ऊंचाई पर पहुंच गया था।

सोमवार को शुरुआती कारोबार में, रुपये में अच्छी तेजी आई थी और डॉलर के मुकाबले वह 81.73 की एक महीने की ऊंचाई पर पहुंच गया था, क्योंकि अमेरिकी सरकारी बॉन्डों के प्रतिफल में भारी गिरावट आई।

अमेरिकी बॉन्ड प्रतिफल में गिरावट आने से भारत जैसे उभरते बाजारों में निर्धारित आय वाली परिसंप​त्तियों का आकर्षण बढ़ता है।

डीलरों का कहना है कि मंगलवार को बाजार अवकाश को ध्यान में रखते हुए कारोबारियों ने सोमवार को ही अपने सौदे पूरे करने पर जोर दिया, जिस वजह से भी रुपये में तेजी की रफ्तार धीमी पड़ गई।

इसके अलावा, फेड चेयरमैन जेरोम पॉवेल द्वारा मंगलवार और बुधवार को भाषण दिए जाने से पहले कारोबारी सतर्कता बरतने पर जोर दे रहे हैं। ​शिन्हन बैंक के उपाध्यक्ष (ग्लोबल ट्रेडिंग सेंटर) कुणाल सोधानी ने कहा, ‘चीनी युआन में कमजोरी से भी अमेरिकी/रुपये के बीच उतार-चढ़ाव को बढ़ावा मिला। तकनीकी तौर पर, रुपये के लिए 81.60 को हम महत्वपूर्ण स्तर मान रहे हैं, जहां से इसमें अच्छी तेजी दर्ज की जा सकती है। ’

Advertisement
First Published - March 6, 2023 | 8:46 PM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement