facebookmetapixel
Advertisement
M&M का EV प्लान! सिर्फ नई कार नहीं, पूरी फैक्ट्री बदल रही कंपनीराज्य की प्रतिक्रिया और अभिव्यक्ति की सीमाएं testtestभारत का डिफेंस प्रोडक्शन ऑल-टाइम हाई पर, FY26 में15.6% बढ़कर ₹1.78 लाख करोड़ पर पहुंचाHCL Tech के नतीजों की तारीख तय, 13 जुलाई को आएगा रिपोर्ट कार्ड; डिविडेंड पर भी होगा फैसलारिटर्न कहीं और, निवेश कहीं और! क्या सही फंड चुन रहे हैं निवेशक? एक्सपर्ट से समझेंAI के दम पर नई छलांग की तैयारी में Coforge? शेयर में 50% तक तेजी की उम्मीद, एक्सपर्ट्स बुलिशकच्चा तेल सस्ता हो रहा है, फिर पेट्रोल-डीजल क्यों नहीं?20 लाख रुपये से ज्यादा पैकेज वाली नौकरियों में उछाल, ब्रोकरेज ने बताए 4 पसंदीदा IT स्टॉक्सJio IPO का इंतजार खत्म! ₹4 अरब के मेगा IPO की तैयारी तेज, जल्द दाखिल होंगे ड्राफ्ट पेपरसरकार के आदेश के खिलाफ Telegram का पलटवार, Delhi HC पहुंची याचिका

ऊर्जा बदलाव पहल पर 2030 तक 75 अरब डॉलर का निवेश करेगा Adani Group

Advertisement

अदाणी ने बुधवार को बयान में कहा कि इस निवेश से 2030 तक 45 गीगावाट नवीकरणीय ऊर्जा क्षमता प्राप्त करने के समूह के दृष्टिकोण को बढ़ावा मिलेगा।

Last Updated- December 06, 2023 | 2:58 PM IST
Adani Group
Representative Image

अदाणी समूह (Adani Group) की योजना 2030 तक समूह की ऊर्जा बदलाव पहल पर 75 अरब अमेरिकी डॉलर का निवेश करने की है। समूह के चेयरमैन गौतम अदाणी ने बुधवार को यह जानकारी दी।

अदाणी ने बुधवार को बयान में कहा कि इस निवेश से 2030 तक 45 गीगावाट नवीकरणीय ऊर्जा क्षमता प्राप्त करने के समूह के दृष्टिकोण को बढ़ावा मिलेगा।

समूह के चेयरमैन ने कहा, ‘‘ हम बड़े पैमाने पर नवीकरणीय ऊर्जा, स्वदेशी पूर्णतः एकीकृत विनिर्माण पारिस्थितिकी तंत्र और हरित हाइड्रोजन समाधान विकसित करने के लिए प्रतिबद्ध हैं। हमारी ऊर्जा बदलाव पहल पर 2030 तक 75 अरब डॉलर का कुल निवेश 2030 तक 45 गीगावॉट नवीकरणीय ऊर्जा क्षमता के हमारे दृष्टिकोण को आगे बढ़ाएगा। यह भारत को कॉर्बन मुक्त करने के मार्ग में एजीईएल की भूमिका को मजबूत करेगा।’’

यह निवेश अदाणी ग्रीन एनर्जी लिमिटेड (एजीईएल) के जरिए किया जाएगा। अमेरिका स्थित मेरकॉम कैपिटल ग्रुप की नवीनतम वार्षिक वैश्विक रिपोर्ट में एजीईएल दूसरे सबसे बड़े वैश्विक सौर पीवी डेवलपर के रूप में उभरा है।

इसका परिचालन वाला नवीकरणीय ऊर्जा पोर्टफोलियो 8.4 गीगावाट है, जो भारत में सबसे अधिक है। यह 12 राज्यों में फैला हुआ है, जो संचयी रूप से 4.1 करोड़ टन से अधिक सीओ2 उत्सर्जन की भरपाई करता है

Advertisement
First Published - December 6, 2023 | 2:58 PM IST (बिजनेस स्टैंडर्ड के स्टाफ ने इस रिपोर्ट की हेडलाइन और फोटो ही बदली है, बाकी खबर एक साझा समाचार स्रोत से बिना किसी बदलाव के प्रकाशित हुई है।)

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement