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सांसदों को iPhone से मिले चेतावनी वाले संदेश: इस माह अधिकारियों से मिल सकती है Apple की टीम

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एमईआईटीवाई राजीव चंद्रशेखर ने शुक्रवार को कहा था कि Apple को नोटिस का जवाब देना होगा और इसे उसकी वैश्विक साइबर सुरक्षा टीम द्वारा करने की जरूरत है।

Last Updated- November 25, 2023 | 3:16 PM IST
Apple
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विपक्ष के कई सांसदों को उनके आईफोन पर चेतावनी वाले संदेश मिलने के मद्देनजर एप्पल कंपनी को जारी किये गये कारण बताओ नोटिस के सिलसिले में अमेरिका से इसके साइबर सुरक्षा विशेषज्ञों के इस महीने ‘सीईआरटी-इन’ के अधिकारियों से मिलने की संभावना है। पिछले महीने, कई विपक्षी नेताओं ने दावा किया था कि उन्हें Apple से एक चेतावनी वाला संदेश मिला है, जिसमें कहा गया है कि ‘‘राज्य(सरकार) प्रायोजित हमलावर उनके आईफोन में सेंध लगाने की कोशिश कर रहे हैं’’ और सरकार द्वारा कथित हैकिंग की जा रही है।

सीईआरटी-इन कंप्यूटर सुरक्षा से जुड़ी घटनाओं पर प्रतिक्रिया देने के लिए राष्ट्रीय नोडल एजेंसी है। इसने हाल में Apple को कारण बताओ नोटिस जारी किया था। इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी राज्य मंत्री (एमईआईटीवाई) राजीव चंद्रशेखर ने शुक्रवार को कहा था कि Apple को नोटिस का जवाब देना होगा और इसे उसकी वैश्विक साइबर सुरक्षा टीम द्वारा करने की जरूरत है। चंद्रशेखर ने संवादाताओं से कहा, ‘‘उन्हें यहां आकर इन प्रश्नों के उत्तर देने होंगे…।’’

उन्होंने कहा कि ‘भारतीय कंप्यूटर इमरजेंसी रिस्पांस टीम’ या सीईआरटी-इन ने Apple के स्थानीय प्रतिनिधियों से मुलाकात की है लेकिन इस मुद्दे पर जवाब देना उनके अधिकार क्षेत्र से बाहर है।

यह भी पढ़ें : केंद्र ने Cert-In को आरटीआई अधिनियम के दायरे से दी छूट

मंत्री ने कहा, ‘‘यह उनके साइबर सुरक्षा के लोग हैं जिन्हें आना है और सीईआरटी-इन से मिलना है। वे अमेरिका से आएंगे।’’ यह पूछे जाने पर कि क्या एप्पल को जवाब देने की कोई समयसीमा निर्धारित की गई है उन्होंने कहा कि उन्हें तारीखों के बारे में जानकारी नहीं है लेकिन उम्मीद है कि विशेषज्ञों की टीम इसी माह सीईआरटी-इन के अधिकारियों से मुलाकात करेगी।

इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय के एक अधिकारी ने कहा कि एप्पल की साइबर सुरक्षा टीम को अगर वक्त पर वीजा मिल गया तो वह इसी माह आएगी। पिछले माह कई विपक्षी नेताओं ने दावा किया था कि उन्हें एप्पल से एक अलर्ट मिला है, जिसमें उन्हें चेतावनी दी गई है कि ‘‘सरकार-प्रायोजित हैकर उनके आईफ़ोन में सेंध लगाने की कोशिश कर रहे हैं’’ और उन्होंने सोशल मीडिया ‘एक्स’ पर इन संदेशों के कथित स्क्रीनशॉट पोस्ट किए थे।

कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे, पार्टी नेता शशि थरूर, पवन खेड़ा, केसी वेणुगोपाल, सुप्रिया श्रीनेत, टीएस सिंहदेव और भूपिंदर सिंह हुड्डा शामिल हैं, तृणमूल कांग्रेस सांसद महुआ मोइत्रा, माकपा महासचिव सीताराम येचुरी, समाजवादी पार्टी (सपा) प्रमुख अखिलेश यादव आदि को चेतावनी वाले ये संदेश मिले थे।

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First Published - November 25, 2023 | 3:16 PM IST (बिजनेस स्टैंडर्ड के स्टाफ ने इस रिपोर्ट की हेडलाइन और फोटो ही बदली है, बाकी खबर एक साझा समाचार स्रोत से बिना किसी बदलाव के प्रकाशित हुई है।)

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