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Practo का अगले साल लाभ में आने का लक्ष्य, IPO लाने की भी योजना

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Practo छोटे शहरों और कस्बों में अपनी उपस्थिति बढ़ाने के साथ ही एआई का इस्तेमाल करेगी

Last Updated- December 03, 2023 | 11:35 PM IST
Practo expects to double revenue

हेल्थकेयर एवं डायग्नोस्टिक्स प्लेटफॉर्म प्रैक्टो की अगले वित्त वर्ष में लाभ की स्थिति में आने और जल्द ही अपना आरंभिक सार्वजनिक निर्गम (आईपीओ) लाने की योजना है।

कंपनी के सह-संस्थापक एवं मुख्य कार्यपालक अधिकारी शशांक एनडी ने यह जानकारी दी। प्रैक्टो छोटे शहरों और कस्बों में अपनी मौजूदगी बढ़ाने के साथ ही आंकड़ों के बेहतर विश्लेषण के लिए कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) का इस्तेमाल करने की तैयारी में है।

शशांक ने पीटीआई-भाषा के साथ बातचीत में कहा कि उनके स्टार्टअप का नकदी प्रवाह पहले से ही सकारात्मक है और अगले वित्त वर्ष में इसे लाभ की स्थिति में लाने की दिशा में बढ़ रहा है।

उन्होंने कहा, “हम इस साल बढ़िया मार्जिन से बढ़ेंगे। हमारी कर-पूर्व आय (एबिटा) में पिछले साल की तुलना में नाटकीय रूप से सुधार हुआ होगा। हम इस साल ‘न नफा-न नुकसान’ के करीब होंगे और अगले साल हम वास्तव में महत्वपूर्ण लाभ कमाने में सक्षम होंगे।”

शशांक ने कहा कि कंपनी प्रैक्टो ब्रांड वाले क्लीनिक के जरिये प्राथमिक और माध्यमिक स्वास्थ्य सेवा में अपनी भौतिक मौजूदगी की भी योजना बना रही है। इसके साथ ही प्रैक्टो की आईपीओ लाने की भी योजना है। उन्होंने कहा, “हम लोगों के बीच जाना चाहेंगे। मैं इसकी कोई तय समयसीमा नहीं बता सकता, लेकिन ऐसा जल्द ही होगा।”

वर्ष 2008 में स्थापित प्रैक्टो अपने डिजिटल मंच पर डॉक्टरों को मरीजों से जोड़ता है और टेलीमेडिसिन जैसी कई सहायक सेवाएं प्रदान करता है। प्रैक्टो की डायग्नोस्टिक और परामर्श सेवाओं से होने वाली आय कुल परिचालन राजस्व का 50 प्रतिशत है। बाकी राजस्व सदस्यता सेवाओं, सॉफ्टवेयर की बिक्री और डॉक्टरों और क्लीनिकों के रखरखाव से आता है। वित्त वर्ष 2022-23 में इसका घाटा आधा होकर 93.68 करोड़ रुपये हो गया।

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First Published - December 3, 2023 | 1:44 PM IST (बिजनेस स्टैंडर्ड के स्टाफ ने इस रिपोर्ट की हेडलाइन और फोटो ही बदली है, बाकी खबर एक साझा समाचार स्रोत से बिना किसी बदलाव के प्रकाशित हुई है।)

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