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IPL के AI-powered robotic dog के नाम ‘चंपक’ को लेकर विवाद दिल्ली हाईकोर्ट पहुंचा

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अदालत ने पूछा-इंस्टाग्राम पेज साफ दिखाता है कि यह फैन वोट्स के आधार पर चुना गया है, जो पूरी तरह से दर्शकों की पसंद है। बताइए, व्यावसायिक तत्व क्या है?” 

Last Updated- April 30, 2025 | 3:39 PM IST
IPL AI powered robot dog champak

कभी बच्चों की सबसे चर्चित पत्रिका रही ‘चंपक’ (Champak) के प्रकाशकों ने भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) को अदालत में घसीटा है क्योंकि BCCI ने ‘चंपक’ नाम का उपयोग एक नए एआई-चालित रोबोटिक कुत्ते के लिए किया है, जिसे पुरुषों की इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) में प्रदर्शित किया गया था।

यह मामला बुधवार को दिल्ली हाई कोर्ट में सुना गया। न्यायमूर्ति सौरभ बनर्जी ने पत्रिका की अंतरिम निषेधाज्ञा (interim injunction) की याचिका पर नोटिस जारी किया और चार सप्ताह के भीतर लिखित उत्तर दाखिल करने को कहा। अगली सुनवाई की तारीख 9 जुलाई तय की गई है।

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यह रोबोटिक डॉग हाल ही में BCCI द्वारा नोएडा की टेक्नोलॉजी कंपनी wTVision और Omnicam के साथ साझेदारी में पेश किया गया था। इसने मौजूदा IPL सीजन के दौरान अपनी शुरुआत की।

क्या है ‘चंपक’ के प्रकाशकों के वकील का तर्क 

रिपोर्ट के अनुसार, दिल्ली प्रेस पत्र प्रकाशन प्राइवेट लिमिटेड द्वारा संचालित चंपक मैगजीन के वकील ने तर्क दिया कि BCCI ने उनके ट्रेडमार्क नाम का बिना अनुमति के उपयोग किया है। वकील ने कहा कि BCCI द्वारा ‘चंपक’ नाम का अनधिकृत उपयोग रजिस्टर्ड ट्रेडमार्क के उल्लंघन के समान है और यह एक व्यावसायिक सेटिंग में अनुचित लाभ उठाने की श्रेणी में आता है।

जब न्यायाधीश ने पूछा कि इस नाम को व्यावसायिक मुद्दा बनाने वाला तत्व क्या है, तो वकील ने कहा कि इसका मार्केटिंग में उपयोग हो रहा है और इसे सोशल मीडिया पर प्रचारित किया गया है, जिससे आय सृजित करने में मदद मिलती है।

अदालत ने क्या टिप्पणी की

न्यायाधीश ने कहा कि पत्रिका को इस दावे के समर्थन में और ठोस कारण देने होंगे। उन्होंने कहा: “कहां है वह तर्क जिससे यह साबित हो कि कौन-सा व्यावसायिक तत्व इसमें शामिल है? और टूर्नामेंट तो अभी चल रहा है। वे इसका जो भी कारण हो, उपयोग कर रहे हैं, लेकिन इस समय मेरे लिए यह तय करना जल्दबाज़ी होगी। वे AI-जनित डॉग का उपयोग कर रहे हैं, लेकिन इंस्टाग्राम पेज साफ दिखाता है कि यह फैन वोट्स के आधार पर चुना गया है, जो पूरी तरह से दर्शकों की पसंद है। बताइए, व्यावसायिक तत्व क्या है?” यह टिप्पणी Live Law की रिपोर्ट के अनुसार न्यायाधीश ने की।

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First Published - April 30, 2025 | 3:39 PM IST

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