facebookmetapixel
Advertisement
M&M का EV प्लान! सिर्फ नई कार नहीं, पूरी फैक्ट्री बदल रही कंपनीराज्य की प्रतिक्रिया और अभिव्यक्ति की सीमाएं testtestभारत का डिफेंस प्रोडक्शन ऑल-टाइम हाई पर, FY26 में15.6% बढ़कर ₹1.78 लाख करोड़ पर पहुंचाHCL Tech के नतीजों की तारीख तय, 13 जुलाई को आएगा रिपोर्ट कार्ड; डिविडेंड पर भी होगा फैसलारिटर्न कहीं और, निवेश कहीं और! क्या सही फंड चुन रहे हैं निवेशक? एक्सपर्ट से समझेंAI के दम पर नई छलांग की तैयारी में Coforge? शेयर में 50% तक तेजी की उम्मीद, एक्सपर्ट्स बुलिशकच्चा तेल सस्ता हो रहा है, फिर पेट्रोल-डीजल क्यों नहीं?20 लाख रुपये से ज्यादा पैकेज वाली नौकरियों में उछाल, ब्रोकरेज ने बताए 4 पसंदीदा IT स्टॉक्सJio IPO का इंतजार खत्म! ₹4 अरब के मेगा IPO की तैयारी तेज, जल्द दाखिल होंगे ड्राफ्ट पेपरसरकार के आदेश के खिलाफ Telegram का पलटवार, Delhi HC पहुंची याचिका

कोल माइन खोलने की अनुमति मिलने पर प्रदर्शन बैंक गारंटी में होगा पहला संशोधन

Advertisement
Last Updated- January 14, 2023 | 4:52 PM IST
कोल इंडिया

कोयला मंत्रालय ने बोलीदाताओं पर वित्तीय बोझ को कम करने के लिए यह तय किया है कि नीलाम की गई कोयला खदान को खोलने की अनुमति मिलने पर ‘प्रदर्शन बैंक गारंटी’ (पीबीजी) में पहला संशोधन किया जाएगा।

पीबीजी किसी बोलीकर्ता की तरफ से उधार देने वाले संगठन को दी जाने वाली एक तरह की गारंटी होती है। कोयला मंत्रालय ने एक बयान में कहा कि निविदा दस्तावेज के प्रावधानों के अनुसार सफलतापूर्वक नीलाम की गई प्रत्येक कोयला खदान के लिए पेश किए जाने वाले पीबीजी को साल की शुरुआत में अप्रैल महीने के राष्ट्रीय कोयला सूचकांक (एनसीआई) के आधार पर संशोधित किया जाएगा।

वर्ष 2020 में कोयला खदान की वाणिज्यिक नीलामी शुरू होने के बाद से एनसीआई दोगुना हो गया है लिहाजा पीबीजी संशोधन प्रावधानों में छूट के लिए कोयला उद्योग से मंत्रालय को कई अनुरोध मिले थे।

मंत्रालय के इस कदम से कोयला खदानों के परिचालन के दौरान बोलीदाताओं पर वित्तीय बोझ कम होने की उम्मीद है और वाणिज्यिक कोयला ब्लॉकों की बिक्री में बोली लगाने वालों की भागीदारी भी बढ़ने की संभावना है।

Advertisement
First Published - January 14, 2023 | 4:52 PM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement