अल्फाग्रेप इन्वेस्टमेंट मैनेजमेंट (AlphaGrep Investment Management) अगले महीने अपनी पहली म्युचुअल फंड योजना लाने की तैयारी कर रही है। कंपनी ने अगले तीन से पांच साल में 25,000 से 30,000 करोड़ रुपये की एसेट अंडर मैनेजमेंट (AUM) हासिल करने का लक्ष्य रखा है। कंपनी को हाल ही में भारतीय प्रतिभूति एवं विनिमय बोर्ड (सेबी) से म्युचुअल फंड कारोबार शुरू करने की मंजूरी मिली है। इसके बाद वह भारतीय म्युचुअल फंड उद्योग में औपचारिक रूप से कदम रख रही है।
कंपनी के सीईओ भौतिक अंबानी ने कहा कि उनका पहला न्यू फंड ऑफर (NFO) एक मल्टी एसेट एलोकेशन फंड होगा, जो छह जुलाई को निवेशकों के लिए खुलेगा और 20 जुलाई को बंद होगा। यह फंड शेयरों और शेयरों से जुड़े साधनों में निवेश करेगा। इसके अलावा, यह डेट और मनी मार्केट इंस्ट्रूमेंट्स में भी पैसा लगाएगा। फंड सोने, चांदी और अन्य कमोडिटी ईटीएफ में भी निवेश करेगा।
अंबानी ने कहा, “हम अगले तीन से पांच साल में 25,000-30,000 करोड़ रुपये का AUM हासिल करने का लक्ष्य लेकर चल रहे हैं।” उन्होंने बताया कि कंपनी का ध्यान एडंवास गणितीय मॉडल, कृत्रिम मेधा (AI) और मशीन लर्निंग पर आधारित ‘क्वांटिटेटिव’ इक्विटी तथा हाइब्रिड निवेश रणनीतियों पर रहेगा। मल्टी एसेट एलोकेशन फंड के बाद कंपनी एक ओपन-एंडेड डायनेमिक इक्विटी योजना भी लाने की तैयारी कर रही है, जो लार्ज, मिड और स्मॉल शेयरों में निवेश करेगी।
अंबानी ने कहा, “हम हमेशा ऐसे प्रोडक्ट लाने का प्रयास करेंगे जो निवेशकों को कुछ अलग और खास पेशकश कर सकें।” साल 2010 में मोहित मुत्रेजा और प्रशांत मित्तल द्वारा स्थापित अल्फाग्रेप एक ग्लोबल ‘क्वांटिटेटिव’ ट्रेडिंग और इन्वेस्टमेंट फर्म है। कंपनी के पास 500 से ज्यादा कर्मचारी हैं और उसके ऑफिस करीब आठ देशों में फैले हुए हैं।
(PTI इनपुट के साथ)