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मिड-लेवल हायरिंग पर कंपनियों का फोकस, वेतन 5-10% बढ़ने का अनुमान

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कर्मचारियों का नौकरी छोड़ना कंपनियों के लिए चिंता का प्रमुख विषय बना हुआ है। करीब 55 फीसदी संगठनों ने 10-20 फीसदी कर्मचारियों के नौकरी छोड़ने का अनुमान जताया

Last Updated- April 14, 2026 | 8:23 PM IST
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प्रतीकात्मक तस्वीर | फाइल फोटो

कर्मचारियों के नौकरी छोड़ने की दर में तेजी से जुड़ी चिंताओं के बीच भारतीय कॉरपोरेट जगत में 2026-27 के दौरान भर्ती मुख्य रूप से मझोले स्तर के पदों पर केंद्रित रहने और वेतन वृद्धि पांच से 10 फीसदी रहने का अनुमान है। मंगलवार को एक रिपोर्ट में यह जानकारी दी गई।

मिड-लेवल हायरिंग पर फोकस

कार्यबल भर्ती से जुड़ी कंपनी जीनियस एचआरटेक की यह रिपोर्ट कहती है कि 49 फीसदी कंपनियों ने मझोले स्तर के पेशेवरों की भर्ती पर प्रमुख रूप से ध्यान केंद्रित करने की बात कही है। कुल कार्यबल विस्तार के संदर्भ में 28 फीसदी संगठनों ने 10-15 फीसदी से ज्यादा की भर्ती वृद्धि की योजना जताई, जबकि 43 फीसदी ने शून्य से पांच फीसदी की सीमित बढ़ोतरी का अनुमान व्यक्त किया।

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वेतन 5-10% बढ़ने का अनुमान

वेतन के मोर्चे पर 46 फीसदी कंपनियां पांच से 10 फीसदी वृद्धि की योजना बना रही हैं, जबकि 34 फीसदी कंपनियों ने 10 फीसदी से ज्यादा बढ़ोतरी का संकेत दिया है। नए श्रम कानूनों के लागू होने से 57 फीसदी कंपनियां अपने वेतन ढांचे में बड़े बदलाव की तैयारी कर रही हैं।

रिपोर्ट के मुताबिक, वेतन वृद्धि का सबसे अधिक लाभ मध्यम-वरिष्ठ स्तर के कर्मचारियों (48 फीसदी) को मिलने की संभावना है, जबकि कनिष्ठ एवं वरिष्ठ स्तर का हिस्सा क्रमश: 26 एवं 22 फीसदी रहेगा।

टैलेंट रिटेंशन बनी बड़ी चुनौती

कर्मचारियों का नौकरी छोड़ना कंपनियों के लिए चिंता का प्रमुख विषय बना हुआ है। करीब 55 फीसदी संगठनों ने 10-20 फीसदी कर्मचारियों के नौकरी छोड़ने का अनुमान जताया, जबकि 15 फीसदी कंपनियों ने इस दर के 20 फीसदी से ज्यादा रहने की आशंका जताई। नौकरी छोड़ने के मामले में मध्यम-वरिष्ठ स्तर के कर्मचारी सबसे अधिक प्रभावित वर्ग के रूप में उभरे हैं, जिन्हें 67 फीसदी कंपनियों ने सबसे अधिक संवेदनशील बताया।

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युवा कर्मचारी बदलाव के पीछे अहम कारण

रिपोर्ट कहती है कि खासकर युवा कर्मचारियों में काम का लचीलापन, उद्देश्य और तेज करियर प्रगति जैसी अपेक्षाएं नौकरी छोड़ने की स्थिति को प्रभावित कर रही हैं। रिपोर्ट के मुताबिक, करीब 43 फीसदी संगठनों का मानना है कि कर्मचारियों के नौकरी छोड़ने में नौकरी की सुरक्षा की भूमिका सीमित या मध्यम है जबकि वेतन एवं करियर में बेहतर अवसर जैसे कारक अधिक प्रभावी हैं।

भर्ती रणनीति में डेटा और कौशल पर जोर

जीनियस एचआर के चेयरमैन एवं प्रबंध निदेशक आर पी यादव ने कहा, ”2026-27 की भर्ती रणनीति अधिक सतर्क और डेटा-आधारित होगी, जिसमें मझोले स्तर के कर्मचारी, डिजिटल कौशल और बदलती कारोबारी जरूरतों पर जोर रहेगा। नौकरी छोड़ने की दर में तेजी से कंपनियों को बेहतर योजना और कर्मचारियों को बनाए रखने की रणनीतियों की जरूरत है।”

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First Published - April 14, 2026 | 8:23 PM IST

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