facebookmetapixel
Advertisement
राज्य की प्रतिक्रिया और अभिव्यक्ति की सीमाएं testtestभारत का डिफेंस प्रोडक्शन ऑल-टाइम हाई पर, FY26 में15.6% बढ़कर ₹1.78 लाख करोड़ पर पहुंचाHCL Tech के नतीजों की तारीख तय, 13 जुलाई को आएगा रिपोर्ट कार्ड; डिविडेंड पर भी होगा फैसलारिटर्न कहीं और, निवेश कहीं और! क्या सही फंड चुन रहे हैं निवेशक? एक्सपर्ट से समझेंAI के दम पर नई छलांग की तैयारी में Coforge? शेयर में 50% तक तेजी की उम्मीद, एक्सपर्ट्स बुलिशकच्चा तेल सस्ता हो रहा है, फिर पेट्रोल-डीजल क्यों नहीं?20 लाख रुपये से ज्यादा पैकेज वाली नौकरियों में उछाल, ब्रोकरेज ने बताए 4 पसंदीदा IT स्टॉक्सJio IPO का इंतजार खत्म! ₹4 अरब के मेगा IPO की तैयारी तेज, जल्द दाखिल होंगे ड्राफ्ट पेपरसरकार के आदेश के खिलाफ Telegram का पलटवार, Delhi HC पहुंची याचिकाब्राजील में पेट्रोल से 70% सस्ता, भारत में सिर्फ 20%: क्या फ्लेक्स-फ्यूल बनेगा हिट? बता रहे एक्सपर्ट

अनुभव सरल करने को पोर्टफोलियो में करेंगे GenAI का उपयोग: डेजी चित्तिलापिल्ली

Advertisement

नेटवर्किंग क्षेत्र की दिग्गज सिस्को चेन्नई में अपने नए विनिर्माण संयंत्र से एक अरब डॉलर के राजस्व का लक्ष्य बना रही है।

Last Updated- April 10, 2024 | 10:57 PM IST
अनुभव सरल करने को पोर्टफोलियो में करेंगे Gen AI का उपयोग: डेजी चित्तिलापिल्ली, We will use GenAI across our portfolio to simplify experiences: Cisco Prez
Daisy Chittilapilly, President, Cisco India and SAARC

नेटवर्किंग क्षेत्र की दिग्गज सिस्को चेन्नई में अपने नए विनिर्माण संयंत्र से एक अरब डॉलर के राजस्व का लक्ष्य बना रही है। यह अपने ग्राहकों के लिए और अधिक मूल्य हासिल करने के लिए आर्टिफिशल इंटेलिजेंस (एआई) और जेनरेटिव एआई (जेनएआई) का भी इस्तेमाल कर रही है। सिस्को इंडिया और सार्क की अध्यक्ष डेजी चित्तिलापिल्ली ने आयुष्मान बरुआ के साथ बातचीत में चेन्नई संयंत्र, छोटे और मध्य कारोबारों (एसएमबी) की प्रगति और तकनीकी खर्च की प्रवृत्ति के बारे में चर्चा की। प्रमुख अंश …

चेन्नई में सिस्को के विनिर्माण संयंत्र के संबंध में कोई नई जानकारी। वहां कौन से उत्पाद निर्मित किए जाते हैं?

हमें उम्मीद है कि पहले उत्पाद की शुरुआत जल्द होगी। इस नवीनतम निवेश के साथ सिस्को भारत में ग्राहकों की बढ़ती मांग पूरा करेगी और आने वाले वर्षों में घरेलू उत्पादन और निर्यात में संयुक्त रूप से एक अरब डॉलर से अधिक का लक्ष्य रखेगी। भारत और विश्व स्तर पर संगठनों में तेजी से विकसित हो रही प्रौद्योगिकी जरूरतों को पूरा करने के लिए सिस्को की विनिर्माण इकाई अपनी श्रेणी में बेहतरीन रूटिंग और स्विचिंग उत्पादों की श्रृंखला का निर्माण करेगी।

इन उत्पादों को अगली पीढ़ी की सेवाओं और एप्लिकेशनों की किफायती लागत वाली डिलिवरी के लिए डिजाइन किया जाता है। वे उद्यमों की गतिशील प्रौद्योगिकी मांगों को पूरा कर सकते हैं क्योंकि वे अपने डिजिटलीकरण की राह पर तेजी से बढ़ रहे हैं।

कंपनी भारत में एसएमबी श्रेणी में किस तरह प्रवेश करना चाहती है?

तेजी से विकसित हो रहे कारोबारी परिदृश्य में एसएमबी के ग्राहक पहले से कहीं अधिक डिजिटल क्षमताएं तलाश रहे हैं। आईडीसी की रिपोर्ट में साल 2027 तक भारतीय एसएमबी के मामले में आईटी निवेश और कनेक्टिविटी सेवा बजट में 20 प्रतिशत की वृद्धि का अनुमान लगाया गया है। यह बदलाव इस बात को रेखांकित करता है कि देश भर में एसएमबी किस तरह सक्रिय रूप से अपने कारोबारों को बाजार की रुकावटों के मुकाबले में भविष्य में सुरक्षित करने के लिए प्रौद्योगिकियों को अपना रहे हैं।

सिस्को में हम मानते हैं कि ‘छोटा ही नया बड़ा है।’ हमने एसएमबी की अनूठी और गतिशील जरूरतों के अनुरूप उद्यम-स्तर का पोर्टफोलियो विकसित किया है। हम इंटेलिजेंस समाधानों की श्रृंखला प्रदान करते हैं, जिन्हें तैनात करना, प्रबंधित करना और बड़े स्तर पर बढ़ाना आसान होता है।

हाल ही में आपने नए एआई-वर्धित कार्यालय उपकरण पेश किए हैं। एआई/जेनएआई के संबंध में सिस्को का ध्यान किस बात पर है?

सिस्को में हमने स्वचालन, त्रुटि का पता लगाने, क्षमताओं की अनुशंसा तथा ऑडियो और वीडियो के रियल-टाइम में सुधार और वृद्धि के लिए अपने पूरे पोर्टफोलियो में एक दशक से भी अधिक समय से एआई की बड़े स्तर पर तैनाती की है।

अपने जिम्मेदार एआई सिद्धांतों और ढांचे के मार्गदर्शन से हम डिजाइन द्वारा अंतर्निहित गोपनीयता, सुरक्षा, विश्वास और मानवाधिकारों के सम्मान के साथ प्रौद्योगिकी समाधान का निर्माण कर रहे हैं ताकि हर कोई एआई से जुड़ी दुनिया का लाभ उठा सके। अपने पोर्टफोलियो में हम अनुभवों को सरल बनाने और अपने ग्राहकों के लिए अधिक मूल्य हासिल करने के लिए जेन एआई का उपयोग करेंगे।

शेष 2024 के लिए प्रौद्योगिकी खर्च के संबंध में आपका क्या नजरिया है?

हम प्रौद्योगिकी की मांग में खासा इजाफा देख रहे हैं और यह बात साफ है कि यह क्षेत्र भारत में प्रमुख विकास पथ पर है। गार्टनर के अनुसार अनुमानित प्रौद्योगिकी व्यय वृद्धि 11 प्रतिशत से अधिक है। हमारे ग्राहकों के लिए मुख्य प्राथमिकताएं उद्यम को सुरक्षित करने, बुनियादी ढांचे में बदलाव करने, एप्लिकेशनों की पुनर्कल्पना, पावर हाइब्रिड कार्य और स्थिरता के इर्द-गिर्द घूमती हैं।

Advertisement
First Published - April 10, 2024 | 10:57 PM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement