प्रमुख विमानन कंपनी इंडिगो ने आज इंटरनैशनल एयर ट्रांसपोर्ट एसोसिएशन (आईएटीए) के महानिदेशक विलियम वाल्श को अपना नया मुख्य कार्याधिकारी (सीईओ) नियुक्त करने की घोषणा की। यह नियुक्ति विमानन कंपनी के परिचालन में एक बड़े व्यवधान के बाद पीटर एल्बर्स के इस्तीफे के करीब तीन सप्ताह बाद हुई है। यह घोषणा ऐसे समय में की गई है जब भारत की सबसे बड़ी विमानन कंपनी अपने परिचालन को स्थिर करने और वैश्विक विस्तार में तेजी लाने पर ध्यान दे रही है।
विली वाल्श के नाम से चर्चित विलियम 31 जुलाई को आईएटीए में अपना कार्यकाल पूरा करने के बाद बतौर सीईओ इंडिगो की कमान संभालेंगे। हालांकि उनकी नियुक्ति नियामकीय मंजूरियों पर निर्भर करेगी, लेकिन उम्मीद की जा रही है कि वह अगस्त के आरंभ में अपना कार्यभार संभाल लेंगे। आईएटीए करीब 300 विमानन कंपनियों का प्रतिनिधि संगठन है जिसकी वैश्विक वाणिज्यिक विमानन यातायात में 80 फीसदी से अधिक हिस्सेदारी है।
वाल्श इससे पहले ब्रिटिश एयरवेज और इंटरनैशनल एयरलाइंस ग्रुप (आईएजी) के मुख्य कार्यकारी के रूप में काम कर चुके हैं। आईएजी एक होल्डिंग कंपनी है जिसके पास एरो लिंगस और आइबेरिया सहित कई विमानन कंपनियों का स्वामित्व है।
इंडिगो के चेयरमैन विक्रम सिंह मेहता ने वाल्श की नियुक्ति का स्वागत किया। उन्होंने कहा कि बड़े पैमाने पर विमानन कंपनी के संचालन और बाजार की जटिलताओं से निपटने में वाल्श के पास व्यापक अनुभव है। यही अनुभव उन्हें लगातार उभरते और बेहद प्रतिस्पर्धी अंतरराष्ट्रीय विमानन परिवेश में इंडिगो की वृद्धि का नेतृत्व करने के लिए उपयुक्त बनाता है।
इंडिगो के प्रबंध निदेशक राहुल भाटिया एल्बर्स के जाने के बाद से ही अंतरिम सीईओ के तौर पर काम कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि यह विमानन कंपनी बदलाव और वृद्धि के एक नए दौर में प्रवेश कर रही है। ऐसे में वाल्श एक वैश्विक दृष्टिकोण और मजबूत परिचालन विशेषज्ञता लेकर आएंगे। भाटिया इस विमानन कंपनी के प्रवर्तक भी हैं।
वाल्श ने अपनी नियुक्ति के बारे में कहा, ‘मुझे इंडिगो का नेतृत्व करने का अवसर मिला है जिससे मुझे काफी खुशी हो रही है। इस विमानन कंपनी की बुनियाद काफी मजबूत, दृष्टिकोण बेहद आकर्षक और प्रतिष्ठा असाधारण है।’ उन्होंने कहा कि विमानन क्षेत्र में तेजी से बदलाव हो रहा है और इंडिगो इस बदलाव के दौर में सबसे आगे रहने के लिए बेहद अच्छी स्थिति में है।’
वाल्श ने कहा, ‘इंडिगो में जो चीज मुझे सबसे ज्यादा आकर्षित करती है, वह है इसके लोग, उनका जुनून, उनकी व्यावसायिकता एवं प्रतिबद्धता। मैं सभी हितधारकों के लिए उत्कृष्टता, नवाचार, सहयोग और सतत मूल्य की संस्कृति तैयार करने के लिए संगठन के सहयोगियों के साथ बेहतर तालमेल की उम्मीद करता हूं।’