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पांच बड़ी सीमेंट कंपनियों की बाजार हिस्सेदारी अगले साल मार्च तक बढ़कर 55% होगी : रिपोर्ट

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रिपोर्ट के मुताबिक, ‘‘इक्रा का अनुमान है कि शीर्ष पांच सीमेंट कंपनियों की बाजार हिस्सेदारी मार्च 2025 तक बढ़कर 55% हो जाएगी जिससे सीमेंट उद्योग में एकीकरण की स्थिति पैदा होगी।

Last Updated- June 13, 2024 | 3:29 PM IST
Cement sector companies q3 results
Representative Image

शीर्ष पांच घरेलू सीमेंट विनिर्माता अधिग्रहण एवं अपने दम पर विस्तार योजनाओं के जरिये मार्च, 2025 तक अपनी बाजार हिस्सेदारी बढ़ाकर 55 प्रतिशत तक पहुंचा सकते हैं। एक रिपोर्ट में यह संभावना जताई गई है। रेटिंग एजेंसी इक्रा ने एक रिपोर्ट में कहा कि अच्छी मांग की संभावनाओं को देखते हुए बड़ी सीमेंट कंपनियां इस समय अपनी क्षमता के विस्तार और बाजार हिस्सेदारी बनाए रखने पर ध्यान दे रही हैं।

रिपोर्ट के मुताबिक, ‘‘इक्रा का अनुमान है कि शीर्ष पांच सीमेंट कंपनियों की बाजार हिस्सेदारी मार्च, 2025 तक बढ़कर 55 प्रतिशत हो जाएगी जिससे सीमेंट उद्योग में एकीकरण की स्थिति पैदा होगी।’’ मार्च, 2015 तक इन कंपनियों की बाजार हिस्सेदारी 45 प्रतिशत थी जो बढ़कर दिसंबर, 2023 तक 54 प्रतिशत पर पहुंच गई।

रिपोर्ट में उम्मीद जताई गई है कि ये कंपनियां मध्यम अवधि में अपने दम पर वृद्धि जारी रखने के साथ ही अपनी क्षमता बढ़ाने के लिए अधिग्रहण के तरीके का भी इस्तेमाल करेंगी।

रिपोर्ट के मुताबिक, अदाणी समूह के हाथों एसीसी और अंबुजा सीमेंट्स के अधिग्रहण को छोड़ दें तो इस क्षेत्र में विलय एवं अधिग्रहण के अन्य सौदे मुख्य रूप से अधिग्रहीत इकाई के पास नकदी प्रवाह की कमी या समूह के वित्तीय दबाव के कारण ही क्रियान्वित किए गए।

सीमेंट विनिर्माता संघ के आंकड़ों के मुताबिक, देश में 541 करोड़ टन सालाना की सीमेंट उत्पादन क्षमता स्थापित है। भारतीय सीमेंट बाजार का नेतृत्व आदित्य बिड़ला समूह की कंपनी अल्ट्राटेक सीमेंट के पास है जिसकी एकीकृत क्षमता 15.27 करोड़ टन प्रति वर्ष है। इसके बाद अदाणी समूह की फर्म अदाणी सीमेंट है, जो अंबुजा सीमेंट और इसकी सहायक कंपनियों एसीसी लिमिटेड का परिचालन करती है। इसकी सालाना क्षमता 7.74 करोड़ टन सीमेंट उत्पादन की है।

इसके अलावा डालमिया भारत, श्री सीमेंट्स और जेके सीमेंट जैसी अन्य बड़ी कंपनियां भी सीमेंट उत्पादन में सक्रिय हैं। इक्रा रेटिंग्स की उपाध्यक्ष और सह-समूह प्रमुख (कॉरपोरेट रेटिंग) अनुपमा रेड्डी ने कहा कि परिचालन आय में स्वस्थ वृद्धि, परिचालन मार्जिन में सुधार की वजह से सीमेंट उत्पादकों का ऋण परिदृश्य स्थिर रहने की संभावना है।

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First Published - June 13, 2024 | 3:29 PM IST (बिजनेस स्टैंडर्ड के स्टाफ ने इस रिपोर्ट की हेडलाइन और फोटो ही बदली है, बाकी खबर एक साझा समाचार स्रोत से बिना किसी बदलाव के प्रकाशित हुई है।)

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