राष्ट्रीय कंपनी विधि अपील पंचाट (एनसीएलएटी) ने मंगलवार को जयप्रकाश एसोसिएट्स लिमिटेड (जेएएल) की समाधान प्रक्रिया को आगे बढ़ाने की अनुमति दे दी। एनसीएलएटी ने अदाणी एंटरप्राइजेज लिमिटेड द्वारा दी गई 14,543 करोड़ रुपये की योजना पर रोक लगाने से इनकार कर दिया या कंपनी की गैर-सूचीबद्धता के प्रस्ताव में भी दखल नहीं दिया है। साथ ही वेदांता लिमिटेड की अपील पर भी विचार करना स्वीकार किया है।
न्यायमूर्ति अशोक भूषण की अध्यक्षता वाले खंडपीठ ने वेदांता को अंतरिम राहत देने से मना कर दिया, लेकिन ऋणदाताओं की कमेटी (सीओसी) को नोटिस जारी करते हुए एक हफ्ते के भीतर जवाब दाखिल करने को कहा। एनसीएलटी ने साफ किया कि समाधान योजना लागू होना जारी रह सकता है, लेकिन यह अंतिम फैसले पर निर्भर करेगा। खंडपीठ ने कहा, ‘योजना का क्रियान्वयन चलता रहेगा, लेकिन यह इस मामले के नतीजे पर निर्भर होगा।’
वेदांता की ओर से गैर-सूचीबद्धता की प्रक्रिया रोकने की मांग भी खारिज कर दी गई। सीओसी का कहना था कि अगर बाद में अपील पंचाट समाधान को रद्द करता है तब उसके तहत उठाए गए सभी कदम अपने आप पलट जाएंगे। अब इस मामले की अगली सुनवाई 9 अप्रैल को होगी।