भारत में पिज्जाएक्सप्रेस और चिलीज का परिचालन करने वाला गॉरमेट इन्वेस्टमेंट्स हॉस्पिटैलिटी ग्रुप अगले तीन वर्षों में अपने रेस्टोरेंट की संख्या दोगुनी करने और देश में ऑलिव गार्डन ब्रांड शुरू करने की योजना बना रहा है। सोमवार को कंपनी के मुख्य कार्याधिकारी ने यह जानकारी दी।
एस्टी लॉडर से लेकर हयात होटल्स तक दुनिया भर के बड़े ब्रांड भारत में निवेश कर रहे हैं। उन्हें उम्मीद है कि देश के ज्यादा अमीर ग्राहक लंबे समय तक खर्च करना जारी रखेंगे, भले ही दुनिया भर में महंगाई बढ़ रही हो और आम लोगों की खर्च करने की क्षमता कम हो रही हो। ऑलिव गार्डन की स्थापना वर्ष 1982 में हुई थी और उसे अपने अनलिमिटेड ब्रेडस्टिक्स और सलाद के लिए जाना जाता है। इस इटैलियन चेन के 12 देशों में लगभग 1,000 रेस्टोरेंट हैं। यह अमेरिकी समूह डार्डन रेस्टोरेंट्स का हिस्सा है, जिसके पोर्टफोलियो में लॉन्गहॉर्न स्टीकहाउस और चुइज जैसे ब्रांडों के 2,100 से अधिक रेस्टोरेंट शामिल हैं।
कंपनी के मुख्य कार्याधिकारी रोहन पेवेकर ने रॉयटर्स को बताया, ‘गॉरमेट इन्वेस्टमेंट्स का विजन अगले तीन साल में अलग-अलग फॉर्मेट और कैटेगरी में अपने स्टोरों की संख्या (लगभग 55 से) बढ़ाकर लगभग 100-125 तक पहुंचाना है।’ पेवेकर को उम्मीद है कि विस्तार योजनाओं के तहत अगले तीन वर्षों में ऑलिव गार्डन के भारतीय रेस्टोरेंट की संख्या 10 से अधिक हो जाएगी। उसके बाद बड़े शहरों पर ध्यान केंद्रित करने से इसका तेजी से विस्तार होगा। रॉयटर्स