facebookmetapixel
Advertisement
राज्य की प्रतिक्रिया और अभिव्यक्ति की सीमाएं testtestभारत का डिफेंस प्रोडक्शन ऑल-टाइम हाई पर, FY26 में15.6% बढ़कर ₹1.78 लाख करोड़ पर पहुंचाHCL Tech के नतीजों की तारीख तय, 13 जुलाई को आएगा रिपोर्ट कार्ड; डिविडेंड पर भी होगा फैसलारिटर्न कहीं और, निवेश कहीं और! क्या सही फंड चुन रहे हैं निवेशक? एक्सपर्ट से समझेंAI के दम पर नई छलांग की तैयारी में Coforge? शेयर में 50% तक तेजी की उम्मीद, एक्सपर्ट्स बुलिशकच्चा तेल सस्ता हो रहा है, फिर पेट्रोल-डीजल क्यों नहीं?20 लाख रुपये से ज्यादा पैकेज वाली नौकरियों में उछाल, ब्रोकरेज ने बताए 4 पसंदीदा IT स्टॉक्सJio IPO का इंतजार खत्म! ₹4 अरब के मेगा IPO की तैयारी तेज, जल्द दाखिल होंगे ड्राफ्ट पेपरसरकार के आदेश के खिलाफ Telegram का पलटवार, Delhi HC पहुंची याचिकाब्राजील में पेट्रोल से 70% सस्ता, भारत में सिर्फ 20%: क्या फ्लेक्स-फ्यूल बनेगा हिट? बता रहे एक्सपर्ट

वारबर्ग पिनकस और कतर इन्वेस्टमेंट अथॉरिटी के बीच चल रही बातचीत

Advertisement

भारतीय रिजर्व बैंक (RBI), भारतीय प्रतिस्पर्धा आयोग और नैशनल हाउसिंग बैंक से मंजूरी मिलने के बाद यह सौदा पूरा होने की उम्मीद है।

Last Updated- June 17, 2024 | 10:42 PM IST
Sequent and Viyash will merge, India's largest animal health services company will be created सीक्वेंट और वियश का होगा विलय, बनेगी भारत की सबसे बड़ी पशु स्वास्थ्य सेवा कंपनी

अमेरिका स्थित अग्रणी वैश्विक वृद्धि निवेशक वारबर्ग पिनकस (Warburg Pincus), श्रीराम हाउसिंग फाइनैंस (एसएचएफएल) के 4,630 करोड़ के अधिग्रहण का जोखिम कम करने के लिए कई निवेशकों के साथ बातचीत कर रही है।

श्रीराम फाइनैंस लिमिटेड (एसएफएल) के निदेशक मंडल ने सोमवार को हाउसिंग-फाइनैंस क्षेत्र की अपनी सहायक कंपनी एसएचएफएल वारबर्ग पिंकस को बेचने की मंजूरी दे दी, ताकि वह अपने मुख्य परिचालन पर ज्यादा ध्यान केंद्रित कर सके और पूंजी में इजाफा कर सके।

सूत्रों ने संकेत दिया कि कतर इन्वेस्टमेंट अथॉरिटी (क्यूआईए) को मैंगो क्रेस्ट इन्वेस्टमेंट (वारबर्ग की सहयोगी कंपनी जो एसएचएफएल में निवेश कर रही है) में निवेश करने या वारबर्ग के साथ हाथ मिलाकर एसएफएल सहायक कंपनी में सीधे निवेश करने के लिए शामिल किया जा सकता है।

उम्मीद है कि वारबर्ग पिनकस अपने कारोबार विस्तार के लिए रकम जुटाने के वास्ते सौदा पूरा होने के बाद एसएचएफएल में लगभग 1,000 करोड़ रुपये का निवेश करेगी।

एक सूत्र ने कहा कि वारबर्ग इस अधिग्रहण का जोखिम कम करने के लिए साझेदारों पर विचार कर सकती है। सूत्र ने संकेत दिया कि वह कई कंपनियों के साथ बातचीत कर सकती है। वारबर्ग और क्यूआईए ने बिजनेस स्टैंडर्ड के सवालों का जवाब नहीं दिया।

संपर्क करने पर श्रीराम समूह के प्रवक्ता ने कहा ‘इसका जवाब तो केवल मैंगो क्रेस्ट इन्वेस्टमेंट के प्रबंधन द्वारा ही दिया जा सकता है।’

उन्होंने कहा ‘इस लेनदेन के लिए आरबीआई से मंजूरी लेने के लिए आवेदन किया गया है। हमें उम्मीद है कि चालू वित्त वर्ष के आखिर तक यह लेनदेन पूरा हो जाएगा।’

भारतीय रिजर्व बैंक (RBI), भारतीय प्रतिस्पर्धा आयोग और नैशनल हाउसिंग बैंक से मंजूरी मिलने के बाद यह सौदा पूरा होने की उम्मीद है। एसएफएल भारत की अग्रणी गैर-बैंकिंग वित्तीय कंपनियों में से एक है, जो भारत में 84 लाख से ज्यादा ग्राहकों को सेवा प्रदान करती है तथा वाणिज्यिक वाहन ऋण, दोपहिया ऋण और सूक्ष्म, लघु और मध्य उद्यमों को वित्तीय सहायता प्रदान करती है।

Advertisement
First Published - June 17, 2024 | 10:14 PM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement