facebookmetapixel
Advertisement
राज्य की प्रतिक्रिया और अभिव्यक्ति की सीमाएं testtestभारत का डिफेंस प्रोडक्शन ऑल-टाइम हाई पर, FY26 में15.6% बढ़कर ₹1.78 लाख करोड़ पर पहुंचाHCL Tech के नतीजों की तारीख तय, 13 जुलाई को आएगा रिपोर्ट कार्ड; डिविडेंड पर भी होगा फैसलारिटर्न कहीं और, निवेश कहीं और! क्या सही फंड चुन रहे हैं निवेशक? एक्सपर्ट से समझेंAI के दम पर नई छलांग की तैयारी में Coforge? शेयर में 50% तक तेजी की उम्मीद, एक्सपर्ट्स बुलिशकच्चा तेल सस्ता हो रहा है, फिर पेट्रोल-डीजल क्यों नहीं?20 लाख रुपये से ज्यादा पैकेज वाली नौकरियों में उछाल, ब्रोकरेज ने बताए 4 पसंदीदा IT स्टॉक्सJio IPO का इंतजार खत्म! ₹4 अरब के मेगा IPO की तैयारी तेज, जल्द दाखिल होंगे ड्राफ्ट पेपरसरकार के आदेश के खिलाफ Telegram का पलटवार, Delhi HC पहुंची याचिकाब्राजील में पेट्रोल से 70% सस्ता, भारत में सिर्फ 20%: क्या फ्लेक्स-फ्यूल बनेगा हिट? बता रहे एक्सपर्ट

आवासीय रियल एस्टेट में निवेश के बड़े अवसर, पूंजी की कमी बनी चुनौती

Advertisement

IVCA कॉन्क्लेव 2025 में विशेषज्ञों ने कहा, रेरा से बाजार हुआ पारदर्शी, लेकिन इक्विटी निवेश अब भी सीमित

Last Updated- February 12, 2025 | 11:16 PM IST

पूंजी की कमी झेल रहे आवासीय रियल एस्टेट क्षेत्र में निवेश के बड़े अवसर हैं। आईवीसीए कॉन्क्लेव 2025 में उद्योग के विशेषज्ञों ने यह जानकारी दी है। ट्राइबेका डेवलपर्स के संस्थापक कल्पेश मेहता ने कहा, ‘अगर आप रियल एस्टेट के किसी अन्य उप-क्षेत्र पर नजर डालें, चाहे वह कार्यालय हो या डेटा सेंटर या खुदरा क्षेत्र, तो इन उप-क्षेत्रों में काफी ज्यादा इक्विटी धन आ रहा है।

आवासीय क्षेत्र में अब भी इक्विटी पूंजी नहीं आ रही है। मुझे लगता है कि अगर कोई निवेश के नजरिये से अवसर को देखे तो अभी कार्यालय-स्तरीय परियोजना या डेटा सेंटर परियोजना में निवेश के मुकाबले आवासीय क्षेत्र में इक्विटी निवेश करने के काफी बेहतर अवसर हैं।’ मेहता का मानना है कि रियल एस्टेट रेगुलेटरीअथॉरिटी (रेरा) ने इस क्षेत्र को काफी ‘साफ’ कर दिया है और इस क्षेत्र में अनूठे अवसर हैं, लेकिन इसका लाभ उठाने वाले पर्याप्त लोग नहीं हैं।

ज्यादा पूंजी वाले आवासीय रियल एस्टेट क्षेत्र की इस उद्योग में सबसे ज्यादा – लगभग 75 से 80 प्रतिशत हिस्सेदारी है जो किसी भी अन्य वाणिज्यिक रियल एस्टेट क्षेत्र की तुलना में अधिक है। पिछले 10 साल के दौरान रियल एस्टेट निवेश की हिस्सेदारी सभी वैकल्पिक पूंजी निवेशों के लगभग 14 प्रतिशत स्तर पर रही है जो 56 अरब डॉलर के बराबर है। भारतीय रियल एस्टेट क्षेत्र में साल 2024 के दौरान जमीन के सौदों की मात्रा में उल्लेखनीय 65 प्रतिशत की वृद्धि देखी गई है।

इससे निवेशकों के जोरदार विश्वास और बाजार के जबरदस्त माहौल का संकेत मिलता है। अरण्य रियल एस्टेट्स फंड एडवाइजर के संस्थापक और मुख्य कार्य अधिकारी शरद मित्तल ने कहा कि पूंजी की कमी ‘विनियमन या पूंजी बाजार के ढांचे के कारण है।’

कोटक रियल एस्टेट फंड के मैनेजिंग पार्टनर सोनू जालान ने कहा, ‘80 प्रतिशत मूल्य सृजन आवासीय क्षेत्र में होता है। वैश्विक स्तर पर हम जिस तरह से देखते हैं, उस लिहाज से यह काफी अनोखा है। एशियाई और खास तौर पर भारतीय, हम ज्यादा संपत्ति रखना पसंद करते हैं।’

Advertisement
First Published - February 12, 2025 | 11:16 PM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement