facebookmetapixel
Advertisement
राज्य की प्रतिक्रिया और अभिव्यक्ति की सीमाएं testtestभारत का डिफेंस प्रोडक्शन ऑल-टाइम हाई पर, FY26 में15.6% बढ़कर ₹1.78 लाख करोड़ पर पहुंचाHCL Tech के नतीजों की तारीख तय, 13 जुलाई को आएगा रिपोर्ट कार्ड; डिविडेंड पर भी होगा फैसलारिटर्न कहीं और, निवेश कहीं और! क्या सही फंड चुन रहे हैं निवेशक? एक्सपर्ट से समझेंAI के दम पर नई छलांग की तैयारी में Coforge? शेयर में 50% तक तेजी की उम्मीद, एक्सपर्ट्स बुलिशकच्चा तेल सस्ता हो रहा है, फिर पेट्रोल-डीजल क्यों नहीं?20 लाख रुपये से ज्यादा पैकेज वाली नौकरियों में उछाल, ब्रोकरेज ने बताए 4 पसंदीदा IT स्टॉक्सJio IPO का इंतजार खत्म! ₹4 अरब के मेगा IPO की तैयारी तेज, जल्द दाखिल होंगे ड्राफ्ट पेपरसरकार के आदेश के खिलाफ Telegram का पलटवार, Delhi HC पहुंची याचिकाब्राजील में पेट्रोल से 70% सस्ता, भारत में सिर्फ 20%: क्या फ्लेक्स-फ्यूल बनेगा हिट? बता रहे एक्सपर्ट

कॉरपोरेट बॉन्ड की यील्ड में वृद्धि जारी

Advertisement

रिजर्व बैंक के नवीनतम आंकड़े के अनुसार बैंकिंग प्रणाली में सोमवार को शुद्ध नकदी में 1.8 लाख करोड़ रुपये की कमी थी।

Last Updated- February 18, 2025 | 11:03 PM IST

रीपो दर में 25 आधार अंक की कटौती के भारतीय रिजर्व बैंक के हालिया फैसले के बावजूद कॉरपोरेट बॉन्ड की यील्ड में वृद्धि कायम है। बाजार के भागीदारों के अनुसार यह वृद्धि बैंकिंग प्रणाली में बीते नौ महीनों से शुद्ध नकदी की कमी रहने के कारण जारी है। हालांकि यील्ड बढ़ाने वाला कारक कॉरपोरेट बॉन्ड की आपूर्ति बढ़ना भी है। दरअसल, कंपनियों ने पूंजी जुटाने के लिए अधिक ऋण पत्र जारी किए और इससे यील्ड पर ऊपर जाने का दबाव बढ़ा।

रिजर्व बैंक के नवीनतम आंकड़े के अनुसार बैंकिंग प्रणाली में सोमवार को शुद्ध नकदी में 1.8 लाख करोड़ रुपये की कमी थी। दूसरी तरफ, सरकारी बॉन्ड की यील्ड व्यापक रूप से इस अवधि में स्थिर रही। इससे कॉरपोरेट बॉन्ड और सरकारी बॉन्ड की यील्ड में अंतर बढ़ा। फरवरी में इन दो तरह के बॉन्डों की यील्ड में अंतर 25 आधार अंक तक बढ़ा जबकि दीर्घावधि बॉन्ड की तुलना में अल्पावधि बॉन्ड की यील्ड कहीं तेजी से बढ़ी। इसके परिणामस्वरूप यील्ड कर्व में व्युत्क्रमण की स्थिति आ गई जिसमें दीर्घावधि यील्ड की तुलना में अल्पावधि यील्ड ज्यादा होती है।

5 वर्षीय एएए रेटेड कॉरपोरेट बॉन्ड की सालाना यील्ड सोमवार को 7.46 फीसदी पर कारोबार कर रही थी जबकि 10 वर्षीय एएए रेटेड कॉरपोरेट यील्ड ने 7.30 फीसदी पर कारोबार किया।

रॉकफोर्ट फिनकैप एलएलपी के संस्थापक व प्रबंधकीय साझेदार वेंकटकृष्णन श्रीनिवासन ने बताया, ‘कॉरपोरेट बॉन्ड की यील्ड विशेष तौर पर एएए रेटेड पीएसयू खंड में इनवर्टेड बनी रही। नियमित रूप से नकदी की कमी से बाजार पर असर पड़ा जबकि निवेशक निरंतर दीर्घावधि के साधनों को पसंद कर रहे हैं।’ 10 वर्षीय सरकारी बॉन्ड की यील्ड मंगलवार को 6.69 फीसदी पर रही जबकि यह सोमवार को सपाट थी।

हालांकि बैंक ऑफ महाराष्ट्र ने सोमवार को 7.70 फीसदी की दर पर 10 वर्षीय इन्फ्रास्ट्रक्चर बॉन्ड जारी करके 1,612 करोड़ रुपये जुटाए थे। बैंक ऑफ इंडिया, पंजाब नैशनल बैंक और भारतीय स्टेट बैंक के निकट भविष्य में बॉन्ड मार्केट से धन जुटाने की उम्मीद के कारण कॉरपोरेट बॉन्ड मार्केट में आपूर्ति बढ़ना तय है। इससे कॉरपोरेट बॉन्ड विशेष तौर पर अल्पावधि खंड के यील्ड पर और दबाव बढ़ने की उम्मीद है।

Advertisement
First Published - February 18, 2025 | 11:03 PM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement