facebookmetapixel
Advertisement
राज्य की प्रतिक्रिया और अभिव्यक्ति की सीमाएं testtestभारत का डिफेंस प्रोडक्शन ऑल-टाइम हाई पर, FY26 में15.6% बढ़कर ₹1.78 लाख करोड़ पर पहुंचाHCL Tech के नतीजों की तारीख तय, 13 जुलाई को आएगा रिपोर्ट कार्ड; डिविडेंड पर भी होगा फैसलारिटर्न कहीं और, निवेश कहीं और! क्या सही फंड चुन रहे हैं निवेशक? एक्सपर्ट से समझेंAI के दम पर नई छलांग की तैयारी में Coforge? शेयर में 50% तक तेजी की उम्मीद, एक्सपर्ट्स बुलिशकच्चा तेल सस्ता हो रहा है, फिर पेट्रोल-डीजल क्यों नहीं?20 लाख रुपये से ज्यादा पैकेज वाली नौकरियों में उछाल, ब्रोकरेज ने बताए 4 पसंदीदा IT स्टॉक्सJio IPO का इंतजार खत्म! ₹4 अरब के मेगा IPO की तैयारी तेज, जल्द दाखिल होंगे ड्राफ्ट पेपरसरकार के आदेश के खिलाफ Telegram का पलटवार, Delhi HC पहुंची याचिकाब्राजील में पेट्रोल से 70% सस्ता, भारत में सिर्फ 20%: क्या फ्लेक्स-फ्यूल बनेगा हिट? बता रहे एक्सपर्ट

फरवरी में लाइफ इंश्योरेंस कंपनियों का नया बिजनेस प्रीमियम 18% बढ़ा, LIC ने रिकॉर्ड योगदान दिया

Advertisement

लाइफ इंश्योरेंस काउंसिल के आंकड़ों के अनुसार एलआईसी का नया बिजनेस प्रीमियम (एनबीपी) सालाना आधार पर 24.19 प्रतिशत बढ़कर 19,267.02 करोड़ रुपये हो गया

Last Updated- March 09, 2026 | 10:38 PM IST
Insurance

जीवन बीमा कंपनियों का नया बिजनेस प्रीमियम (एनबीपी) फरवरी में सालाना आधार पर 18 प्रतिशत बढ़कर 35,417.27 करोड़ रुपये हो गया। दरअसल, सरकारी कंपनी जीवन बीमा निगम (एलआईसी) के एनबीपी में जबरदस्त वृद्धि हुई। लिहाजा इससे जीवन बीमा कंपनियों को मजबूत आधार मिला। उधर गैर जीवन बीमा कंपनियों ने प्रीमियम में सालाना करीब 10 प्रतिशत 23,853.77 करोड़ रुपये की वृद्धि दर्ज की।

लाइफ इंश्योरेंस काउंसिल के आंकड़ों के अनुसार एलआईसी का नया बिजनेस प्रीमियम (एनबीपी) सालाना आधार पर 24.19 प्रतिशत बढ़कर 19,267.02 करोड़ रुपये हो गया। हालांकि निजी बीमाकर्ताओं ने इस महीने में सालाना आधार पर 11.60 प्रतिशत के साथ 16,150.25 करोड़ रुपये की वृद्धि दर्ज की। इस महीने के दौरान जीवन बीमाकर्ताओं का व्यक्तिगत प्रीमियम सालाना आधार पर 19.09 प्रतिशत की वृद्धि के साथ 15,761.2 करोड़ रुपये हो गया जबकि समूह व्यवसाय प्रीमियम सालाना आधार पर 29.8 प्रतिशत के साथ 19,656.07 करोड़ रुपये हो गया।

केयरएज रेटिंग्स के एसोसिएट डायरेक्टर (बीएफएसआई) सौरभ भालेराव ने कहा कि सरेंडर वैल्यू मानदंडों के लागू होने के बाद अनुकूल आधार प्रभावों से जीवन बीमा उद्योग में वृद्धि देखी जा रही थी। उन्होंने कहा, ‘उद्योग के लिए विकास सामान्य हो रहा है। इस बीच गैर-जीवन बीमा उद्योग लेखांकन परिवर्तनों के बाद सामान्य विकास पर लौट आया है। यह महीना गैर-जीवन बीमा उद्योग के लिए मिला-जुला रहा है। इसमें कुछ निजी कंपनियों ने अच्छा प्रदर्शन किया है जबकि अन्य निजी व सार्वजनिक क्षेत्र की कंपनियों ने महीने के दौरान प्रीमियम वृद्धि में गिरावट दर्ज की।’

वित्त वर्ष 26 की अप्रैल-फरवरी की अवधि में जीवन बीमा कंपनियों का एनबीपी सालाना आधार पर 14.27 प्रतिशत बढ़कर 3.84 लाख करोड़ रुपये हो गया। हालांकि एलआईसी का एनबीपी सालाना आधार पर 14.43 प्रतिशत की वृद्धि के साथ 2.17 लाख करोड़ रुपये हो गया जबकि निजी बीमा कंपनियों ने 14.06 प्रतिशत की सालाना वृद्धि के साथ 1.67 लाख करोड़ रुपये की वृद्धि दर्ज की थी।

Advertisement
First Published - March 9, 2026 | 10:35 PM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement