facebookmetapixel
Advertisement
राज्य की प्रतिक्रिया और अभिव्यक्ति की सीमाएं testtestभारत का डिफेंस प्रोडक्शन ऑल-टाइम हाई पर, FY26 में15.6% बढ़कर ₹1.78 लाख करोड़ पर पहुंचाHCL Tech के नतीजों की तारीख तय, 13 जुलाई को आएगा रिपोर्ट कार्ड; डिविडेंड पर भी होगा फैसलारिटर्न कहीं और, निवेश कहीं और! क्या सही फंड चुन रहे हैं निवेशक? एक्सपर्ट से समझेंAI के दम पर नई छलांग की तैयारी में Coforge? शेयर में 50% तक तेजी की उम्मीद, एक्सपर्ट्स बुलिशकच्चा तेल सस्ता हो रहा है, फिर पेट्रोल-डीजल क्यों नहीं?20 लाख रुपये से ज्यादा पैकेज वाली नौकरियों में उछाल, ब्रोकरेज ने बताए 4 पसंदीदा IT स्टॉक्सJio IPO का इंतजार खत्म! ₹4 अरब के मेगा IPO की तैयारी तेज, जल्द दाखिल होंगे ड्राफ्ट पेपरसरकार के आदेश के खिलाफ Telegram का पलटवार, Delhi HC पहुंची याचिकाब्राजील में पेट्रोल से 70% सस्ता, भारत में सिर्फ 20%: क्या फ्लेक्स-फ्यूल बनेगा हिट? बता रहे एक्सपर्ट

धनलक्ष्मी के स्वतंत्र निदेशक का त्यागपत्र, ‘राइट इश्यू’ को लेकर मतभेद

Advertisement

आरपी समूह के प्रमुख रवींद्रन पिल्लै ने 30 सितंबर को हुई 96वीं सालाना आम बैठक (एजीएम) में कल्याणसुंदरम को हटाने के बारे में विशेष प्रस्ताव जारी किया था।

Last Updated- September 17, 2023 | 10:21 PM IST
Dhanlaxmi Bank independent director resigns; cites factionalism in board

त्रिशूर स्थित निजी ऋणदाता धनलक्ष्मी बैंक के स्वतंत्र निदेशक श्रीधर कल्याणसुंदरम ने 16 सिंतबर को अपने पद से त्यागपत्र दे दिया। उन्होंने त्यागपत्र में बोर्ड के सदस्यों से ‘राइट इश्यू’ को लेकर मतभेद के मुद्दे का उल्लेख किया। उन्होंने आरोप लगाया कि अन्य सदस्यों को ‘बैंकिंग के बारे में पर्याप्त जानकारी का अभाव’ है। उनके इस त्यागपत्र से बैंक में विवादों की सूची और लंबी हो गई है।

आरपी समूह के प्रमुख रवींद्रन पिल्लै ने 30 सितंबर को हुई 96वीं सालाना आम बैठक (एजीएम) में कल्याणसुंदरम को हटाने के बारे में विशेष प्रस्ताव जारी किया था। पिल्लै के पास इस बैंक के 9.99 प्रतिशत शेयर हैं। बैंक और सीईओ जेके श्रीनिवासन ने बिज़नेस स्टैंडर्ड के सवालों के जवाब में कोई उत्तर नहीं दिया।

कल्याणसुंदरम ने लिखा, ‘बोर्ड के सदस्यों ने कई बार मेरे सुझाव मूल्यवान होने के बावजूद जानबूझकर नकारा/टाल दिया/ खारिज कर दिया। बोर्ड के सदस्यों ने प्रबंध निदेशक और मुख्य कार्याधिकारी के आक्रामक व्यवहार का साथ दिया। यह सार्वजनिक रिकार्ड (वर्नाकुलर प्रेस) में भी दर्ज है कि वे साझेदारों और निदेशकों के हितों की कम रक्षा करते थे। उनके अनुसार काम नहीं करने वालों में मैं पहला निदेशक नहीं हूं। कई निदेशक पहले ही त्यागपत्र दे चुके हैं।’

कल्याणसुंदरम ने मुख्य तौर पर बैंक के राइट इश्यू को लेकर ’81 सवाल’ उठाए थे। इन सवालों को हल नहीं किया गया है। उन्होंने कहा, ‘यह मुद्दे आज तक सुलझे नहीं हैं जबकि विभिन्न सूमहों ने कई कानूनी राय दी है और जून/जुलाई के दौरान कई बैठकों का दौर हो चुका है।’

बैंक के राइट इश्यू को मार्च, 2022 को बैंक के बोर्ड ने मंजूरी दी थी। उन्होंने शेयर धारकों के इस आरोप को उठाया कि प्रबंध निदेशक और मुख्य कार्याधिकारी की 2021 में हुई नियुक्ति उचित नहीं थी और उनमें विसंगतियां थीं।

Advertisement
First Published - September 17, 2023 | 10:20 PM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement