facebookmetapixel
Advertisement
राज्य की प्रतिक्रिया और अभिव्यक्ति की सीमाएं testtestभारत का डिफेंस प्रोडक्शन ऑल-टाइम हाई पर, FY26 में15.6% बढ़कर ₹1.78 लाख करोड़ पर पहुंचाHCL Tech के नतीजों की तारीख तय, 13 जुलाई को आएगा रिपोर्ट कार्ड; डिविडेंड पर भी होगा फैसलारिटर्न कहीं और, निवेश कहीं और! क्या सही फंड चुन रहे हैं निवेशक? एक्सपर्ट से समझेंAI के दम पर नई छलांग की तैयारी में Coforge? शेयर में 50% तक तेजी की उम्मीद, एक्सपर्ट्स बुलिशकच्चा तेल सस्ता हो रहा है, फिर पेट्रोल-डीजल क्यों नहीं?20 लाख रुपये से ज्यादा पैकेज वाली नौकरियों में उछाल, ब्रोकरेज ने बताए 4 पसंदीदा IT स्टॉक्सJio IPO का इंतजार खत्म! ₹4 अरब के मेगा IPO की तैयारी तेज, जल्द दाखिल होंगे ड्राफ्ट पेपरसरकार के आदेश के खिलाफ Telegram का पलटवार, Delhi HC पहुंची याचिकाब्राजील में पेट्रोल से 70% सस्ता, भारत में सिर्फ 20%: क्या फ्लेक्स-फ्यूल बनेगा हिट? बता रहे एक्सपर्ट

आरजी कर अस्पताल मामले में बैठक करने सचिवालय पहुंचे डॉक्टर, सरकार ने बाढ़ का हवाला देकर की लौटने की अपील

Advertisement

प्रदर्शनकारी चिकित्सकों और राज्य सरकार के बीच 48 घंटे के भीतर यह दूसरे दौर की बातचीत होगी। पहले दौर की बातचीत सोमवार को मुख्यमंत्री ममता बनर्जी की उपस्थिति में हुई थी।

Last Updated- September 18, 2024 | 9:56 PM IST
Doctors reached Secretariat to hold meeting in RG Kar Hospital case, government appealed to return citing flood आरजी कर अस्पताल मामले में बैठक करने सचिवालय पहुंचे डॉक्टर, सरकार ने बाढ़ का हवाला देकर की लौटने की अपील

कोलकाता के आरजी कर अस्पताल मुद्दे पर उत्पन्न गतिरोध को हल करने के मद्देनजर आंदोलनकारी चिकित्सकों का एक समूह सरकार के साथ दूसरे दौर की वार्ता करने के लिए बुधवार शाम को पश्चिम बंगाल राज्य सचिवालय ‘नबान्न’ पहुंचा। पुलिस सुरक्षा में करीब 30 चिकित्सकों का प्रतिनिधिमंडल शाम करीब 7:15 बजे मुख्य सचिव मनोज पंत के साथ बैठक के लिए सचिवालय पहुंचा।

बैठक स्थल के लिए रवाना होने से पहले एक आंदोलनकारी डॉक्टर ने कहा, ‘हम चाहते हैं कि अस्पतालों में सुरक्षा के मुद्दे पर ध्यान दिया जाए। मुख्यमंत्री ने कार्य बल के गठन की घोषणा की थी, लेकिन इस पर कोई स्पष्टता नहीं है। हम चाहते हैं कि राज्य सरकार हमारी वैध मांगों को स्वीकार करे।’

इससे पूर्व पश्चिम बंगाल सरकार ने सरकारी आरजी कर अस्पताल में प्रशिक्षु महिला चिकित्सक से बलात्कार के बाद उसकी हत्या के विरोध में प्रदर्शन कर रहे कनिष्ठ चिकित्सकों को एक और दौर की बातचीत के लिए बुधवार को साढ़े छह बजे आमंत्रित किया था।

मुख्य सचिव मनोज पंत ने दोहराया कि सरकार प्रदर्शनकारी चिकित्सकों से राज्य के कुछ हिस्सों में बाढ़ जैसे हालात के मद्देनजर काम पर लौटने की अपील को दोहराती है । उन्होंने कहा, ‘आप जानते हैं कि दक्षिण बंगाल के कई जिलों में बाढ़ जैसी स्थिति है और बड़ा इलाका जलमग्न हो गया है।’

प्रदर्शनकारी चिकित्सकों और राज्य सरकार के बीच 48 घंटे के भीतर यह दूसरे दौर की बातचीत होगी। पहले दौर की बातचीत सोमवार को मुख्यमंत्री ममता बनर्जी की उपस्थिति में हुई थी।

Advertisement
First Published - September 18, 2024 | 9:56 PM IST (बिजनेस स्टैंडर्ड के स्टाफ ने इस रिपोर्ट की हेडलाइन और फोटो ही बदली है, बाकी खबर एक साझा समाचार स्रोत से बिना किसी बदलाव के प्रकाशित हुई है।)

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement