facebookmetapixel
Advertisement
राज्य की प्रतिक्रिया और अभिव्यक्ति की सीमाएं testtestभारत का डिफेंस प्रोडक्शन ऑल-टाइम हाई पर, FY26 में15.6% बढ़कर ₹1.78 लाख करोड़ पर पहुंचाHCL Tech के नतीजों की तारीख तय, 13 जुलाई को आएगा रिपोर्ट कार्ड; डिविडेंड पर भी होगा फैसलारिटर्न कहीं और, निवेश कहीं और! क्या सही फंड चुन रहे हैं निवेशक? एक्सपर्ट से समझेंAI के दम पर नई छलांग की तैयारी में Coforge? शेयर में 50% तक तेजी की उम्मीद, एक्सपर्ट्स बुलिशकच्चा तेल सस्ता हो रहा है, फिर पेट्रोल-डीजल क्यों नहीं?20 लाख रुपये से ज्यादा पैकेज वाली नौकरियों में उछाल, ब्रोकरेज ने बताए 4 पसंदीदा IT स्टॉक्सJio IPO का इंतजार खत्म! ₹4 अरब के मेगा IPO की तैयारी तेज, जल्द दाखिल होंगे ड्राफ्ट पेपरसरकार के आदेश के खिलाफ Telegram का पलटवार, Delhi HC पहुंची याचिकाब्राजील में पेट्रोल से 70% सस्ता, भारत में सिर्फ 20%: क्या फ्लेक्स-फ्यूल बनेगा हिट? बता रहे एक्सपर्ट

बैंक फ्रॉड में बड़ी कार्रवाई: ED ने यूको बैंक के पूर्व CMD सुबोध गोयल की ₹106 करोड़ की संपत्ति कुर्क की

Advertisement

ED ने बैंक धोखाधड़ी और मनी लॉन्ड्रिंग के मामले में यूको बैंक के पूर्व अध्यक्ष सुबोध गोयल की चल-अचल संपत्तियों को कुर्क किया है। इस केस में वह पहले ही गिरफ्तार हो चुके हैं।

Last Updated- July 25, 2025 | 5:56 PM IST
ED
प्रतीकात्मक तस्वीर | फाइल फोटो

प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने शुक्रवार को बताया कि उसने यूको बैंक के पूर्व CMD सुबोध कुमार गोयल और उनके संबंधित लोगों की करीब 106.36 करोड़ रुपये की संपत्तियों को अस्थायी रूप से कुर्क किया है। ये संपत्तियां चल और अचल दोनों तरह की हैं। यह कार्रवाई 9 जुलाई 2025 को एक बड़े बैंक धोखाधड़ी मामले में मनी लॉन्ड्रिंग की जांच के तहत की गई है। इस मामले में गोयल और उनके करीबियों पर गंभीर आरोप हैं।

ED ने 11 जुलाई को कोलकाता की विशेष PMLA कोर्ट में गोयल, उनके परिवार, करीबी सहयोगियों और संबंधित कंपनियों के खिलाफ एक पूरक अभियोजन शिकायत (सप्लीमेंट्री प्रॉसिक्यूशन कंप्लेंट) भी दायर की थी। यह जांच केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) की एक प्राथमिकी से शुरू हुई, जिसमें कॉनकास्ट स्टील एंड पावर लिमिटेड (CSPL) और इसके प्रमोटरों पर बैंकों और वित्तीय संस्थानों के साथ 6,210.72 करोड़ रुपये (ब्याज को छोड़कर) की धोखाधड़ी का आरोप है। कंपनी पर फंड्स का दुरुपयोग, स्टॉक स्टेटमेंट में हेराफेरी और बैलेंस शीट में गड़बड़ी के आरोप हैं।

Also Read: ED ने अनिल अंबानी समूह के 35 से अधिक परिसरों पर छापे मारे, 50 से अधिक कंपनियों की ली तलाशी

गोयल पर अवैध तरीके से लाभ लेने का आरोप

सुबोध कुमार गोयल को 16 मई 2025 को गिरफ्तार किया गया था। उन पर आरोप है कि उन्होंने CSPL को 1,460 करोड़ रुपये से ज्यादा के लोन मंजूर किए, जो बाद में गैर-निष्पादित परिसंपत्ति (NPA) बन गए। इसके बदले में गोयल ने कथित तौर पर नकद, संपत्तियों और अन्य लाभ के रूप में अवैध रिश्वत ली। यह राशि शेल कंपनियों और जटिल लेनदेन के जरिए हासिल की गई। ED के मुताबिक, गोयल के करीबी और चार्टर्ड अकाउंटेंट अनंत कुमार अग्रवाल को 25 जून को गिरफ्तार किया गया। अग्रवाल पर शेल कंपनियों के जरिए अवैध फंड्स को मैनेज करने और मनी लॉन्ड्रिंग में मदद करने का आरोप है।

ED ने इस मामले में अब तक कुल 612.71 करोड़ रुपये की संपत्तियों को कुर्क किया है। जांच के दौरान 22 अप्रैल को गोयल और अन्य संबंधित लोगों के ठिकानों पर छापेमारी की गई, जिसमें अवैध लाभ से जुड़े कई अहम दस्तावेज बरामद हुए। मुख्य आरोपी संजय सूरका, सुबोध कुमार गोयल और अनंत कुमार अग्रवाल इस समय न्यायिक हिरासत में हैं। सूरका को 18 दिसंबर 2024 को गिरफ्तार किया गया था और उनके खिलाफ 15 फरवरी को कोलकाता की सत्र अदालत में शिकायत दर्ज की गई थी। इससे पहले, CSPL और सूरका से जुड़ी करीब 510 करोड़ रुपये की अचल संपत्तियों को दो अलग-अलग कुर्की आदेशों के तहत जब्त किया गया था।

Advertisement
First Published - July 25, 2025 | 5:53 PM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement