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ग्लोबल सुस्ती के बीच फ्लेक्सी स्टाफिंग सेक्टर ने जोड़े 1.18 लाख नए रोजगार

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FY26 के दौरान फ्लेक्सी स्टाफिंग उद्योग में रोजगार में सालाना आधार पर हुआ 8% इजाफा। आईटी स्टाफिंग उद्योग में लौटी स्थिरता

Last Updated- June 10, 2026 | 7:15 PM IST
Jobs
प्रतीकात्मक तस्वीर

Flexi Staffing Industry-Employment: वैश्विक आर्थिक सुस्ती और भू-राजनीतिक अनिश्चितताओं के दौर में भी भारत का फ्लेक्सी स्टाफिंग उद्योग रोजगार सृजन का मजबूत इंजन बना हुआ है। इस उद्योग में रोजगार के अवसरों में वित्त वर्ष 2025-26 के दौरान इजाफा हुआ है। हालांकि चौथी तिमाही में बाजार में सतर्क स्थिरता देखने को मिली और रोजगार वृद्धि दर धीमी रही।

फ्लेक्सी स्टाफिंग उद्योग में कितने रोजगार पैदा हुए?

फ्लेक्सी स्टाफिंग उद्योग की अहम संस्था इंडियन स्टाफिंग फेडरेशन (ISF) ने अपनी वार्षिक रिपोर्ट में कहा कि वित्त वर्ष 2025-26 में इस क्षेत्र ने 1.18 लाख नए औपचारिक रोजगार जोड़े और 8 प्रतिशत की सालाना वृद्धि दर्ज की। इससे फ्लेक्सी कार्यबल का आकार बढ़कर 19.1 लाख तक पहुंच गया है।

ISF के अध्यक्ष मनमीत सिंह ने कहा कि वैश्विक आर्थिक चुनौतियों के बावजूद भारत का स्टाफिंग इकोसिस्टम औपचारिक रोजगार सृजन का एक प्रमुख इंजन बना हुआ है। रोजगार में 8% वार्षिक वृद्धि दर्शाती है कि भारत की टैलेंट सप्लाई चेन अब अधिक परिपक्व और मजबूत हो चुकी है।

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आईटी स्टाफिंग उद्योग में लौटी स्थिरता

आईटी स्टाफिंग उद्योग ने वित्त वर्ष 2025-26 के दौरान अच्छा प्रदर्शन किया। ISF के उपाध्यक्ष फरहान आजमी ने कहा कि आईटी स्टाफिंग उद्योग में स्थिरता लौट आई है, जिसका प्रमाण 10.1% की वार्षिक वृद्धि है। नए रोजगार अवसरों में 73% योगदान ग्लोबल कैपेबिलिटी सेंटर्स (GCCs) का रहा। हालांकि व्यापक आर्थिक अनिश्चितताओं के कारण तिमाही वृद्धि 0.2% तक सीमित रही। लेकिन रिटेल, लॉजिस्टिक्स और मैन्युफैक्चरिंग क्षेत्रों में परियोजनाओं के विस्तार के चलते उद्योग की बुनियाद मजबूत बनी हुई है। यह उद्योग मंदी के दौर से उबरकर भारत के डिजिटल भविष्य को गति देने के लिए तैयार है।

चौथी तिमाही में रोजगार वृद्धि धीमी रही

ISF की इस रिपोर्ट के अनुसार वित्त वर्ष 2025-26 की चौथी तिमाही में बाजार में सतर्क स्थिरता देखने को मिली। कई संगठनों ने उत्पादकता बढ़ाने के उद्देश्य से अपनी भर्ती रणनीतियों को पुनर्गठित किया, जिसके चलते पारंपरिक आईटी सेवाओं में अस्थायी कर्मचारियों की मांग में वर्ष के अंत में कुछ कमी देखी गई। कुल स्टाफिंग उद्योग में चौथी तिमाही के दौरान नेट फ्लेक्सी रोजगार में 0.9% की तिमाही वृद्धि दर्ज की गई। जनरल स्टाफिंग में भी इतनी वृद्धि हुई। आईटी स्टाफिंग में यह वृद्धि 0.2% रही। ई-कॉमर्स, क्विक-कॉमर्स और थर्ड-पार्टी लॉजिस्टिक्स (3PL) वेयरहाउसिंग क्षेत्रों में त्योहारों के सीजन के बाद भी मांग बनी रही, जो उद्योग में एक संरचनात्मक बदलाव का संकेत है।

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First Published - June 10, 2026 | 7:15 PM IST

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