facebookmetapixel
Advertisement
राज्य की प्रतिक्रिया और अभिव्यक्ति की सीमाएं testtestभारत का डिफेंस प्रोडक्शन ऑल-टाइम हाई पर, FY26 में15.6% बढ़कर ₹1.78 लाख करोड़ पर पहुंचाHCL Tech के नतीजों की तारीख तय, 13 जुलाई को आएगा रिपोर्ट कार्ड; डिविडेंड पर भी होगा फैसलारिटर्न कहीं और, निवेश कहीं और! क्या सही फंड चुन रहे हैं निवेशक? एक्सपर्ट से समझेंAI के दम पर नई छलांग की तैयारी में Coforge? शेयर में 50% तक तेजी की उम्मीद, एक्सपर्ट्स बुलिशकच्चा तेल सस्ता हो रहा है, फिर पेट्रोल-डीजल क्यों नहीं?20 लाख रुपये से ज्यादा पैकेज वाली नौकरियों में उछाल, ब्रोकरेज ने बताए 4 पसंदीदा IT स्टॉक्सJio IPO का इंतजार खत्म! ₹4 अरब के मेगा IPO की तैयारी तेज, जल्द दाखिल होंगे ड्राफ्ट पेपरसरकार के आदेश के खिलाफ Telegram का पलटवार, Delhi HC पहुंची याचिकाब्राजील में पेट्रोल से 70% सस्ता, भारत में सिर्फ 20%: क्या फ्लेक्स-फ्यूल बनेगा हिट? बता रहे एक्सपर्ट

Karnataka: कर्नाटक लोकायुक्त कार्यालय में 700 से अधिक पद रिक्त, 16,000 मामले हुए लंबित

Advertisement

कर्नाटक के लोकायुक्त न्यायमूर्ति बी एस पाटिल ने शनिवार को यह जानकारी दी

Last Updated- December 17, 2023 | 9:22 AM IST
Karnataka Lokayukta

कर्नाटक लोकायुक्त कार्यालय में उपलोकायुक्त के एक पद समेत कुल 717 पद रिक्त हैं जिसके कारण 16,019 मामले लंबित हो गए हैं। कर्नाटक के लोकायुक्त न्यायमूर्ति बी एस पाटिल ने शनिवार को यह जानकारी दी।

उन्होंने साथ ही कहा कि इस समय मौजूद संसाधनों की मदद से लंबित मामलों का तेजी से निपटारा किए जाने का प्रयास किया जा रहा है।

न्यायमूर्ति पाटिल ने शनिवार को यहां स्थानीय प्रशासन के अधिकारियों से समीक्षा बैठक करने और लोकायुक्त को मिली शिकायतों की स्थिति जानने के बाद पत्रकारों को यह जानकारी दी।

उन्होंने बताया कि उन्होंने उपलोकायुक्त के एक रिक्त पद एवं अन्य सभी 716 रिक्त पदों पर शीघ्र भर्ती के लिए राज्य सरकार को पत्र लिखा है लेकिन इस बारे में अभी कोई कार्रवाई नहीं की गयी है।

उन्होंने बताया कि 716 पदों में 47 पद ‘क’ वर्ग के अधिकारियों के और 43 पद ‘ख’ वर्ग के अधिकारियों के हैं जबकि 532 पद तृतीय श्रेणी के कर्मियों के एवं 94 पद चतुर्थ श्रेणी के कर्मियों के पद रिक्त हैं।

न्यायमूर्ति पाटिल ने बताया कि 5,805 मामले तो राज्य के एक उपलोकायुक्त के समक्ष लंबित हैं जिनका पद ही रिक्त है।

उन्होंने एक सवाल के जवाब में कहा कि अत्यंत सीमित संसाधन होने के बावजूद लंबित मामलों को जल्द से जल्द निपटाने के प्रयास किये जा रहे हैं ताकि आम लोगों को भ्रष्टाचार से निजात मिल सके।

Advertisement
First Published - December 17, 2023 | 9:22 AM IST (बिजनेस स्टैंडर्ड के स्टाफ ने इस रिपोर्ट की हेडलाइन और फोटो ही बदली है, बाकी खबर एक साझा समाचार स्रोत से बिना किसी बदलाव के प्रकाशित हुई है।)

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement