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Operation Sindoor: भारतीय हमलों में कम से कम 100 आतंकी ढेर, जारी है ऑपरेशन- रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह

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Operation Sindoor: संसदीय कार्य मंत्री किरेन रीजीजू ने कहा, "पूरा देश सरकार और सशस्त्र बलों के साथ एकजुट है।"

Last Updated- May 08, 2025 | 2:45 PM IST
रक्षा मंत्री ने बैठक में कहा कि यह एक जारी अभियान है इसीलिए वह सैन्य बलों द्वारा शुरू किए गए ऑपरेशन सिंदूर के तकनीकी विवरण साझा नहीं कर सकते। (Image: PTI)

Operation Sindoor: रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह (Rajnath Singh) ने बृहस्पतिवार को आयोजित सर्वदलीय बैठक में कहा कि पाकिस्तान और पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर (PoJK) में आतंकी ठिकानों पर ‘ऑपरेशन सिंदूर‘ के तहत किए गए भारतीय हमलों में कम से कम 100 आतंकवादी मारे गए। रक्षा मंत्री ने नेताओं को यह भी बताया कि यह एक जारी ऑपरेशन है और अगर भारत के टारगेटेड हमले के मद्देनजर पाकिस्तान हमला करता है तो भारत जवाबी कार्रवाई करेगा।

राजनीतिक सहमति बनाने के लिए बैठक

बैठक के बाद संसदीय कार्य मंत्री किरेन रीजीजू ने संवाददाताओं को बताया कि इस मुद्दे पर व्यापक राजनीतिक सहमति बनाने के लिए यह बैठक बुलाई गई थी। इसमें नेताओं ने परिपक्वता दिखाई और किसी तरह की बहस नहीं हुई। रीजीजू के मुताबिक, नेताओं ने राष्ट्रीय सुरक्षा और सभी भारतीयों की सुरक्षा के मुद्दे पर अपनी चिंताएं भी साझा की, खासकर सीमावर्ती क्षेत्रों में, लेकिन सरकार को पूरा समर्थन देते हुए उन्होंने कहा कि आतंकवाद के खिलाफ इस लड़ाई में राष्ट्र एकजुट है।

पूरा देश सरकार और सशस्त्र बलों के साथ एकजुट

रीजीजू ने कहा, “पूरा देश सरकार और सशस्त्र बलों के साथ एकजुट है।” उनके अनुसार, रक्षा मंत्री ने बैठक में कहा कि “हम सिर्फ सरकार बनाने के लिए राजनीति नहीं करते, बल्कि राष्ट्र निर्माण के लिए भी करते हैं।” उन्होंने कहा, “रक्षा मंत्री ने बैठक में कहा कि यह एक जारी अभियान है इसीलिए वह भारतीय सशस्त्र बलों द्वारा शुरू किए गए ऑपरेशन सिंदूर के तकनीकी विवरण साझा नहीं कर सकते।”

ये भी पढ़ें… Reliance ‘ऑपरेशन सिंदूर’ ट्रेडमार्क की दौड़ में सबसे आगे; एक ही दिन में फाइल हुए 4 अप्लीकेशन

रीजीजू के मुताबिक, यही कारण है कि सशस्त्र बलों के कोई भी अधिकारी सर्वदलीय बैठक में मौजूद नहीं थे, क्योंकि वे अभियान में व्यस्त हैं। उन्होंने कहा कि सभी नेताओं ने एक स्वर में बात की और परिपक्वता दिखाई तथा सरकार और सशस्त्र बलों को पूरा सहयोग देने का वादा किया। उन्होंने कहा, “राजनीतिक नेताओं ने ऑपरेशन सिंदूर के तहत की गई कार्रवाई के लिए सशस्त्र बलों को बधाई भी दी।”

केंद्रीय मंत्री राजनाथ सिंह, अमित शाह, एस जयशंकर, जे पी नड्डा और निर्मला सीतारमण ने सरकार का प्रतिनिधित्व किया, जबकि कांग्रेस से राहुल गांधी और मल्लिकार्जुन खड़गे, तृणमूल कांग्रेस के संदीप बंद्योपाध्याय और डीएमके के टी आर बालू बैठक में प्रमुख विपक्षी नेताओं में शामिल थे। अन्य विपक्षी नेताओं में समाजवादी पार्टी के राम गोपाल यादव, आप के संजय सिंह, शिवसेना (यूबीटी) के संजय राउत, एनसीपी (एसपी) की सुप्रिया सुले, बीजेडी के सस्मित पात्रा और सीपीआई (एम) के जॉन ब्रिटास शामिल थे। जेडी (यू) नेता संजय झा, केंद्रीय मंत्री और एलजेपी (रामविलास) नेता चिराग पासवान और एआईएमआईएम सांसद असदुद्दीन ओवैसी भी बैठक का हिस्सा थे।

पहलगाम हमले के बाद भारत की जवाबी कार्रवाई

भारतीय सशस्त्र बलों ने बीते मंगलवार देर रात पाकिस्तान और पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर (पीओजेके) में नौ आतंकवादी ठिकानों पर मिसाइल हमले किए, जिनमें जैश-ए-मोहम्मद आतंकवादी समूह का प्रमुख गढ़ बहावलपुर भी शामिल है। पहलगाम में 22 अप्रैल को हुए आतंकी हमले के जवाब में की गई इस कार्रवाई को ‘ऑपरेशन सिंदूर’ के नाम से अंजाम दिया गया। पहलगाम हमले में आतंकियों ने 26 भारतीयों की हत्या कर दी थी।

पाकिस्तान का 12वां सबसे बड़ा शहर बहावलपुर कथित तौर पर जैश-ए-मोहम्मद का केंद्र है, जो भारत में कई हमलों के लिए जिम्मेदार आतंकवादी समूह है। यह शहर लाहौर से लगभग 400 किलोमीटर दूर स्थित है, और जामिया मस्जिद सुभान अल्लाह में जैश का संचालन मुख्यालय है, जिसे उस्मान-ओ-अली परिसर के रूप में भी जाना जाता है।

इनपुट: पीटीआई

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First Published - May 8, 2025 | 2:37 PM IST

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