facebookmetapixel
Advertisement
राज्य की प्रतिक्रिया और अभिव्यक्ति की सीमाएं testtestभारत का डिफेंस प्रोडक्शन ऑल-टाइम हाई पर, FY26 में15.6% बढ़कर ₹1.78 लाख करोड़ पर पहुंचाHCL Tech के नतीजों की तारीख तय, 13 जुलाई को आएगा रिपोर्ट कार्ड; डिविडेंड पर भी होगा फैसलारिटर्न कहीं और, निवेश कहीं और! क्या सही फंड चुन रहे हैं निवेशक? एक्सपर्ट से समझेंAI के दम पर नई छलांग की तैयारी में Coforge? शेयर में 50% तक तेजी की उम्मीद, एक्सपर्ट्स बुलिशकच्चा तेल सस्ता हो रहा है, फिर पेट्रोल-डीजल क्यों नहीं?20 लाख रुपये से ज्यादा पैकेज वाली नौकरियों में उछाल, ब्रोकरेज ने बताए 4 पसंदीदा IT स्टॉक्सJio IPO का इंतजार खत्म! ₹4 अरब के मेगा IPO की तैयारी तेज, जल्द दाखिल होंगे ड्राफ्ट पेपरसरकार के आदेश के खिलाफ Telegram का पलटवार, Delhi HC पहुंची याचिकाब्राजील में पेट्रोल से 70% सस्ता, भारत में सिर्फ 20%: क्या फ्लेक्स-फ्यूल बनेगा हिट? बता रहे एक्सपर्ट

Vijay Rally Stampede: तमिलनाडु में एक्टर विजय की रैली में भगदड़, 36 लोगों की मौत, कई घायल

Advertisement

CM स्टालिन ने मृतकों के परिवारों को मुख्यमंत्री राहत कोष से 10 लाख रुपये और गंभीर रूप से घायल लोगों को 1 लाख रुपये की सहायता देने की घोषणा की है

Last Updated- September 28, 2025 | 12:26 AM IST
Vijay Rally Stampede
फोटो क्रेडिट: PTI

तमिलनाडु के करूर में शनिवार को तमिलगा वेट्री कजगम (टीवीके) के प्रमुख और अभिनेता-राजनेता विजय की चुनावी रैली में भगदड़ मचने से बड़ा हादसा हो गया। इस हादसे में कम से कम 36 लोगों की मौत हो गई, जिनमें 8 बच्चे और 16 महिलाएं शामिल हैं। कई लोग घायल हुए हैं, जिनमें से कुछ की हालत गंभीर बताई जा रही है। तमिलनाडु के मुख्यमंत्री एम.के. स्टालिन ने इस घटना पर गहरा दुख जताया और इसे “दिल तोड़ने वाला” बताया।

रैली में भारी भीड़ उमड़ी थी। विजय जब अपने समर्थकों को संबोधित कर रहे थे, तभी भीड़ बेकाबू हो गई। कई लोग, जिनमें बच्चे और पार्टी कार्यकर्ता शामिल थे, बेहोश होकर गिर पड़े। विजय ने मंच से देखा कि हालात बिगड़ रहे हैं। उन्होंने अपना भाषण बीच में रोक दिया और भीड़ को शांत करने की अपील की। उन्होंने मंच से पानी की बोतलें भी फेंकीं और पुलिस से मदद मांगी। इस दौरान एक बच्चे के गायब होने की खबर भी सामने आई।

भीड़ की वजह से एंबुलेंस पहुंची लेट

रैली में हालात इतने खराब हो गए थे कि एंबुलेंस को भीड़ के बीच से घायलों तक पहुंचने में मुश्किल हुई। कई लोगों को पास के अस्पतालों में भर्ती कराया गया। डीएमके के जिला सचिव और पूर्व मंत्री सेंथिल बालाजी को राहत कार्यों की निगरानी के लिए अस्पताल भेजा गया। स्वास्थ्य मंत्री मा. सुब्रमण्यम भी करूर के लिए रवाना हुए। स्टालिन ने सोशल मीडिया पर कहा कि उन्होंने अधिकारियों से घायलों के तुरंत इलाज का इंतजाम करने को कहा है।

हादसे के बाद विजय को अपना भाषण समय से पहले खत्म करना पड़ा। अधिकारियों ने बताया कि भगदड़ के दौरान कम से कम 30 लोग बेहोश होकर गिरे थे, जिन्हें एंबुलेंस से अस्पताल ले जाया गया। फिलहाल, मृतकों और घायलों की संख्या पर आधिकारिक बयान का इंतजार है।

मुख्यमंत्री ने की राहत की घोषणा

मुख्यमंत्री स्टालिन ने तुरंत कार्रवाई करते हुए घायलों के लिए बेहतर इलाज का निर्देश दिया। उन्होंने मृतकों के परिवारों को मुख्यमंत्री राहत कोष से 10 लाख रुपये और गंभीर रूप से घायल लोगों को 1 लाख रुपये की सहायता देने की घोषणा की। स्टालिन ने स्कूल शिक्षा मंत्री और स्वास्थ्य मंत्री को करूर भेजा। साथ ही त्रिची, सलेम और डिंडीगुल के जिला कलेक्टरों को भी राहत कार्यों में मदद के लिए भेजा गया है। साथ ही उन्होंने खुद करूर जाकर पीड़ित परिवारों और घायलों से मिलने की बात कही है।

इस हादसे की जांच के लिए रिटायर्ड हाई कोर्ट जज जस्टिस अरुणा जगदीसन की अध्यक्षता में एक सदस्यीय आयोग गठित किया गया है। यह आयोग हादसे के कारणों की जांच करेगा और सरकार को अपनी रिपोर्ट सौंपेगा।

Advertisement
First Published - September 27, 2025 | 9:41 PM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement