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यूरोपीय संघ के समक्ष भारत ने उठाया व्यापार बाधाओं का मुद्दा

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भारत-ईयू व्यापार को बढ़ावा देने के लिए परस्पर भरोसा बढ़ाने और रणनीतिक दिशानिर्देश की जरूरत पर चर्चा

Last Updated- December 20, 2024 | 10:38 PM IST
India-EU trade

वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने यूरोपीय संघ (ईयू) के नए ट्रेड कमिश्नर के साथ पहली वर्चुअल बैठक कर गैर शुल्क बाधाओं का मसला उठाया, जिसकी वजह से दोनों पक्षों के बीच कारोबार प्रभावित हो रहा है। वाणिज्य विभाग ने एक आधिकारिक बयान में कहा कि बैठक के दौरान गोयल ने लंबे समय से लंबित मामलों के समाधान की जरूरत पर भी जोर दिया, जिससे परस्पर भरोसा बढ़े।

बयान में कहा गया है, ‘यूरोपीय संघ के नए यूरोपियन कमीशन के कार्यभार संभालने के बाद दोनों नेताओं के बीच पहली परिचयात्मक बैठक के दौरान भारत-ईयू मुक्त व्यापार समझौता (एफटीए) वार्ताओं, उच्च स्तरीय बातचीत, भारत-ईयू ट्रेड ऐंड टेक्नोलॉजी काउंसिल, अन्य उच्च स्तरीय संपर्कों और व्यापार व निवेश से जुड़े मसलों पर बातचीत हुई है।’

यूरोपीय संसद द्वारा जुलाई में प्रेसिडेंट उर्सुला वॉन डेर लेयेन को दूसरे कार्यकाल के लिए चुना गया और भारत में प्रधानमंत्री मोदी को तीसरा कार्यकाल मिला है। इससे ‘निरंतरता और स्थिरता’ बनी रहेगी और दोनों पक्ष ‘बढ़ती अनिश्चितता और अशांति के बीच संबंधों को गहरा करने का प्रयास करेंगे।’

इसके अलावा बयान में आगे कहा गया है कि जून 2022 से अब तक 9 दौर की गंभीर बातचीत के बाद मुक्त व्यापार समझौता वार्ता में रणनीतिक राजनीतिक दिशानिर्देश की जरूरत है, जिससे वाणिज्यिक रूप से महत्त्वपूर्ण और दोनों पक्षों के लिए लाभदायक समझौता हो सके। दोनों नेताओं ने एक दूसरे की संवेदनशीलता और चिंताओं को समझने के लिए द्विपक्षीय यात्राओं का भी फैसला किया है।

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First Published - December 20, 2024 | 10:38 PM IST

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