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होर्मुज स्ट्रेट से गुजरने वाले जहाजों पर शुल्क लगाने की तैयारी में ईरान

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ईरान और ओमान मिलकर होर्मुज स्ट्रेट से गुजरने वाले वाणिज्यिक जहाजों के लिए सेवा शुल्क का ढांचा तैयार कर रहे हैं, जिसमें नौवहन सहायता और बचाव सेवाओं के बदले शुल्क लिया जाएगा।

Last Updated- May 14, 2026 | 11:47 AM IST
Strait of Hormuz crisis
Representational Image

ईरान अपने पड़ोसी देश ओमान के साथ मिलकर होर्मुज स्ट्रेट से गुजरने वाले वाणिज्यिक जहाजों के लिए ‘सेवा शुल्क’ लगाने का एक ढांचा तैयार करने में जुट गया है। यह शुल्क जहाज के आकार और माल की मात्रा के आधार पर नौवहन सहायता और बचाव अभियान जैसी सेवाएं प्रदान करने के एवज में लिया जाएगा।

ईरान के उप विदेश मंत्री (कानूनी और अंतरराष्ट्रीय मामलों के मंत्री) काजेम गरीबाबादी ने बुधवार को नई दिल्ली में ये बातें कहीं। गरीबाबादी गुरुवार और शुक्रवार को ब्रिक्स विदेश मंत्रियों की बैठक की तैयारी के तौर पर ब्रिक्स राष्ट्रीय समन्वयकों की बैठक में भाग लेने नई दिल्ली में थे।

ब्रिक्स विदेश मंत्रियों की बैठक में ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अरागची भी भाग लेंगे। वह बुधवार शाम तेहरान से नई दिल्ली के लिए रवाना हुए। रूस के सर्गेई लावरोव सहित अन्य भाग लेने वाले विदेश मंत्री भी बुधवार को नई दिल्ली पहुंच गए।

बुधवार शाम नई दिल्ली स्थित ईरानी दूतावास में ईरान के उप-विदेश मंत्री ने संवाददाताओं से कहा कि युद्ध समाप्त होने और अमेरिका द्वारा ईरानी बंदरगाहों की नाकाबंदी हटाने तथा ईरान की जब्त संपत्तियों को रिहा करने के बाद होर्मुज स्ट्रेट निर्बाध नौवहन के लिए खोल दिया जाएगा। गरीबाबादी ने कहा,‘शांति स्थापित होने के बाद होर्मुज स्ट्रेट की स्थिति पहले से बेहतर होगी और पारदर्शिता भी बढ़ जाएगी।’

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First Published - May 14, 2026 | 11:47 AM IST

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